Bare ActsThe MP Land Revenue Code 1959

Section 253

Amendment status not verified — confirm the current text below against the official source.

उपबन्धों के उल्लंघन के हलये दण्ड – (1) इस संहहता में अन्यथा उपबहन्धत के हसवाय, कोई व्यहि जो इस अध्याय के या इस अध्याय के अधीन बनाये गये हनयमों के उपबन्धों के उल्लंघन में कायड करेगा, या जो ककन्हीं हनयमों या वाहजब-उल-अजड में दजड की गई ककसी रूकढ़ का उल्लंघन करेगा या उनका अनुपालन नहीं करेगा या हनस्तार पत्रक में की गई ककसी प्रहवहष्ट को भंग करेगा, पचास हजार रूपये से अनहधक ऐसी शाहस्त का दायी होगा जैसी कक उपखंड अहधकारी, ऐसे व्यहि को सुनवाई का अवसर देने के पिात्, उहचत समझे, तथा उपखंड अहधकारी ककसी भी ऐसी इमारती लकड़ी, वन उपज 130 या ककसी अन्य उपज के अहधग्रहण का भी आदेश दे सकेगा हजसका कक ऐसे व्यहि ने राज्य सरकार की भूहमयों में से लेकर उपयोग कर हलया हो या हजसे कक उसने वहां से हटा हलया हो । (2) जहां उपधारा (1) के अधीन दण्डनीय कोई उल्लंघन, भंग या अनुपालन ग्राम सभा द्वारा ककया गया हो, वहां ग्राम सभा का प्रत्येक पदाहधकारी उस उपधारा के अधीन तब तक दायी होगा जब तक कक वह यह साहबत न कर दें कक वह उल्लंघन, भंग या अनुपालन उसकी जानकारी के हबना हुआ था या यह कक उसने ऐेसे उल्लंघन, भंग या अनुपालन को रोकने के हलये समस्त सभयक् तत्परता बरती थी । (3) जहां उपखंड अहधकारी इस धारा के अधीन शाहस्त अहधरोहपत करते हुए कोई आदेश पाररत करता है, वहां वह यह हनदेश दे सकेगा कक सभपूणड शाहस्त या उसके ककसी भाग का उपयोजन ऐसे उपायों के, जो कक ऐसे उल्लंघन भंग या अनुपालन के कारण जनता को होने वाली हाहन या िहत को रोकने के हलये आवश्यक हों, खचड की पूर्तत के हलये ककया जा सकेगा ।

Section 253 – The MP Land Revenue Code 1959 | DailyLaw.ai