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HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 33561 of 2025 Court No. - 65 HON'BLE DR. GAUTAM CHOWDHARY, J.
1. सूची पुनरीिक्षत वतर्मान दािण्डक प्रकीणर् जमानत प्राथर्ना पत्र, आवेदक की ओर से मु०अ०सं० 211/2025 अन्तगर्त धारा 115(2)/ 352/ 351(3)/ 127(2)/ 308(5)/ 69 बी.एन.एस., थाना फू लपुर, िजला प्रयागराज में जमानत पर मुक्त करने हेतु प्रस्तुत िकया गया है।
2. आवेदक के िवद्वान अिधवक्ता, पिरवादी के िवद्वान अिधवक्ता एवं िवद्वान अपर शासकीय अिधवक्ता को सुना तथा पत्रावली का पिरशीलन िकया।
3. पिरवादी के िवद्वान अिधवक्ता (सी.पी. पाण्डेय) द्वारा अपना वकालतनामा दािखल िकया गया उसे पत्रावली पर रखा जाए।
4. आवेदक के िवद्वान अिधवक्ता ने तकर् प्रस्तुत िकया िक आवेदक को इस प्रकरण में गलत एवं फजीर् ढंग से झूठा फं साया गया है, उसने किथत अपराध कािरत नहीं िकया है। घटना िदनांक 16.05.2025 समय करीब 11:30 बजे की बतायी जाती है जबिक थाना पर सूचना िदनांक 25.05.2025 को समय रात के 09:22 बजे दी जाती है। घटना के िदनांक से लगभग 9 िदन िवलम्ब से सूचना थाने पर दी जाती है, िवलम्ब का कोई स्पष्टीकरण प्रथम सूचना िरपोटर् में दजर् नहीं है। मेिडकल िववरण से भी कोई भी सेक्सुअल एसाल्ट के संके त नहीं है। मेिडकल िववरण से यह भी जानकारी प्राप्त होती है िक शुकाणु Sperm का कोई भी अवशेष ना ही कपड़ों पर ना ही गुप्त अंग पर प्राप्त है। घटना पूणर् रूप से गलत है, जबिक घटना की सत्यता यह है िक िजस िदन की घटना बताई जाती है उस िदन पीिडता का मोबाइल सी०डी०आर० अन्यत्र का है। िजसकी दूरी घटना स्थल से लगभग 700 िकलो मीटर है । इससे यह स्पष्ट होता है िक घटना पूणर् रूप से असत्य कपोल किल्पत है तथा घटना स्थल से पीिड़ता के मोबाइल लोके शन की दूरी सूरत की है जो िक 700 िक०मी० दूर हैं। प्रथम सूचना िरपोटर् के मुतािबक पीिडता का बयान अन्यत्र है एवं 180 एवं 183 बी.एन.एस.एस.
में भी अन्य बयान िदया जाता है तीनो के कथन में घोर िवरोधाभास है। पुनः उनका कथन है िक आवेदक की ओर से यह आश्वासन िदया गया है िक वह कानून की प्रिक्रया में सहयोग करने के िलए तैयार है और जब भी आवश्यकता होगी वह ईमानदारी से अदालत के समक्ष खुद को उपलब्ध कराएगा और उन सभी शतों को स्वीकार करने के िलए भी Versus Counsel for Applicant(s) : Arvind Kumar Verma, Mahesh Sharma Counsel for Opposite Party(s) : G.A. Satish Kumar .....Applicant(s) State of U.P. and Another .....Opposite Party(s)
तैयार है जो न्यायालय उस पर अिधरोिपत करेगी। आवेदक िनदोर्ष है तथा वह इस प्रकरण में िद० 25.05.2025 से कारागार में िनरुद्ध है इसिलए आवेदक को जमानत पर छोड़ िदया जाय।
5. िवद्वान अपर शासकीय अिधवक्ता ने आवेदक के िवद्वान अिधवक्ता के तकोर् का प्रबल िवरोध करते हुए तकर् प्रस्तुत िकया िक आवेदक द्वारा कािरत अपराध संज्ञेय एवं गंम्भीर प्रकृ ित का है, इसिलए आवेदक को जमानत पर न छोड़ा जाये।
6. आवेदक के िवद्वान अिधवक्ता के तकोर्ं के पिरप्रेक्ष्य प्रश्नगत प्रकरण में पत्रावली पर उपलब्ध सारवान तथ्यों एवं पिरिस्थितयों का समग्र रूप से अवलोकन करने के बाद, सबूतों की प्रकृ ित और िकसी भी ठोस िवरोधात्मक सामग्री की अनुपिस्थित एवं उपलब्ध सामग्री से छेड़छाड़ की संभावना न होने के तथ्य को देखते हुए मेरी राय में आवेदक को जमानत पर मुक्त करने का उपयुक्त आधार है।
7. अतः वाद के गुण दोष पर िबना कोई िटप्पणी िकए हुए आवेदक को उपरोक्त विणत अपराध में संबंिधत न्यायालय की सन्तुिष्ट पर व्यिक्तगत बंध-पत्र एवं अिधक धनरािश के दो स्थानीय प्रितभू प्रस्तुत करने पर िनम्निलिखत शतोर्ं के साथ जमानत पर छोड़ िदया जाय। आवेदक िववेचना या परीक्षण के दौरान अिभयोजन साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ नहीं करेगा।
1. आवेदक अिभयोजन सािक्षयों व पीिड़ता/ िशकायतकतार् को डरायेगा/धमकायेगा नहीं।
1. आवेदक न्यायालय के आदेशों का पालन करेगा, वह परीक्षण के दौरान िबना कोई अनावश्यक स्थगन िलए िनयत ितिथ पर न्यायालय में उपिस्थत होगा तथा परीक्षण में ईमानदारी से सहयोग करेगा।
1. आवेदक जमानत पर िरहा होने के बाद जमानत की स्वतंत्रता का दुरूपयोग नही करेगा और िकसी भी अपरािधक गितिविध में िलप्त नहीं होगा न कोई अपरािधक कृ त्य करेगा।
1.
आवेदक प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से मामले के तथ्यों से पिरिचत िकसी भी व्यिक्त या पुिलस अिधकािरयों को कोई प्रलोभन या धमकी नहीं देगा न ही उनसे कोई वायदा करेगा, िजसके कारण उन्हें न्यायालय में तथ्यों को उजागर करने से िवरत रहना पडे़।
1. उपरोक्त शतोर्ं में से िकसी के उल्लंघन के मामले में, परीक्षण न्यायालय आवेदक की जमानत िनयमानुसार रद्द करने को स्वतंत्र है। October 10, 2025 S.Mishra BAIL No. 33561 of 2025 2 (Dr. Gautam Chowdhary,J.) Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad