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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 97889 (ALL)
NASEEM v. State of UP
BAIL/34697/2024 · 2025-02-26
Subhash Vidyarthi
body2025
[ 2025 DAILYLAW 97889 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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Neutral Citation No. - 2025:AHC:27090 Court No. - 84 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 34697 of 2024 Applicant :- Naseem Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Prashant Singh Kachhwaha Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J.
1. आववेदक कवे ववदद्वान अधधिवकद्वा शश्री प्रशद्वाशांत धसशांह कछवद्वाहद्वा एवशां रद्वाज्य ककी तरफ सवे ववदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा शश्री आर.कवे . शश्रीवद्वास्तव कको ससुनद्वा तथद्वा पतद्वावलश्री कद्वा अवलकोकन वकयद्वा।
2. ववदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा ककी तरफ सवे आज प्रवत शपथपत प्रस्तसुत वकयद्वा गयद्वा, धजसवे पतद्वावलश्री पर रखद्वा जद्वाए।
3. वतरमद्वान दद्वाणणण्डिक प्रककीरर जमद्वानत प्रद्वाथरनद्वा पत आववेदक ककी ओर सवे मसु०अ०सशां० 150 सनन् 2024, अशांतगरत धिद्वारद्वा 109 भद्वारतश्रीय न्यद्वाय सशांवहतद्वा एवशां धिद्वारद्वा 3/25 आयसुधि अधधिवनयम, थद्वानद्वा हथगद्वागाँव, धजलद्वा फतवेहपसुर मम जमद्वानत पर मसुक करनवे हवेतसु प्रस्तसुत वकयद्वा गयद्वा हहै।
4. वदनद्वाशांक 05.08.2024 कको थद्वानद्वाध्यक्ष दद्वारद्वा प्रथम ससूचनद्वा ररपकोरर आववेदक एवशां एक अन्य व्यवक एहसद्वान कवे ववरुद्ध यह कहतवे हहए धलखद्वाई गयश्री वक जब वद्वाहन चवेवकशां ग कवे ददौरद्वान एक मकोररसद्वाइवकल कको रुकनवे कद्वा इशद्वारद्वा वकयद्वा गयद्वा , तको उस पर सवद्वार अवभयसुकगर नवे भद्वागनवे कद्वा प्रयद्वास वकयद्वा तथद्वा पसुधलस पद्वारर्टी कवे ऊपर जद्वानलवेवद्वा हमलद्वा करतवे हहए दकोनन व्यवकयन नवे एक-एक फद्वायर तमशांचवे सवे वकयद्वा। पसुधलस दद्वारद्वा चलद्वाई गयश्री गकोधलयन सवे दकोनन अवभयसुकगर कवे पहैर मम घद्वाव हहआ तथद्वा उन्हम वगरफ्तद्वार कर धलयद्वा गयद्वा।
5. प्रद्वाथरनद्वापत कवे सद्वाथ प्रस्तसुत शपथपत मम कहद्वा गयद्वा हहै वक आववेदक वनदर्दोष हहै तथद्वा उसकद्वा ककोई आपरद्वाधधिक इवतहद्वास नहहीं हहै।
6. पसूरक शपथपत कवे मद्वाध्यम सवे 22 अन्य आपरद्वाधधिक प्रकररन मम आववेदक ककी सशांधलप्ततद्वा दशद्वारयश्री गयश्री हहै, धजन सभश्री मम उसकको जमद्वानत प्रद्वाप्त हको चसुककी हहै।
7. सह-अवभयसुक एहसद्वान ककी जमद्वानत प्रद्वाथरनद्वापत सशांख्यद्वा -33455/2024 मम आदवेश वदनद्वाशांवकत 30.09.2024 दद्वारद्वा जमद्वानत पर ररहद्वा करनवे कद्वा आदवेश पद्वाररत हको चसुकद्वा हहै।
8. ववदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा दद्वारद्वा आववेदक कवे जमद्वानत प्रद्वाथरनद्वापत कद्वा ववरकोधि वकयद्वा गयद्वा।
9. उपरकोक पररणस्थवतयन कको दृवष्टिगत रखतवे हहए यह प्रतश्रीत हकोतद्वा हहै वक यद्यवप प्रथम
ससूचनद्वा ररपकोरर कवे अनसुसद्वार अवभयसुकगर नवे पसुधलस पद्वारर्टी पर फद्वायर वकयद्वा , वकन्तसु वकसश्री पसुधलस वद्वालवे कको ककोई चकोर नहहीं पहहशांचश्री तथद्वा दकोनन अवभयसुकगर कको हश्री गकोलश्री ककी चकोरम आयश्री हह। सह-अवभयसुक एहसद्वान कको पहलवे हश्री जमद्वानत प्रद्वाप्त हको चसुककी हहै तथद्वा आववेदक कद्वा प्रकरर वकसश्री भश्री प्रकद्वार सवे एहसद्वान कवे प्रकरर सवे वभन्न नहहीं हहै तथद्वा वह वदनद्वाशांक 05.08.2024 सवे कद्वारद्वागद्वार मम वनरुद्ध हहै। न्यद्वायद्वालय कद्वा मत हहै वक आववेदक जमद्वानत पर मसुक वकयवे जद्वानवे कद्वा अधधिकद्वारश्री हहै।
10.
तद्नसुसद्वार आववेदक कद्वा जमद्वानत प्रद्वाथरनद्वापत स्वश्रीकद्वार वकयद्वा जद्वातद्वा हहै।
11. आववेदक नसश्रीम कको वनम्नधलधखत शतर्दोशां कवे अधिश्रीन सशांबशांधधित मधजस्रटवेर/न्यद्वायद्वालय ककी सशांतसुवष्टि कवे अनसुसद्वार एक व्यवकगत बशांधिपत और समद्वान रद्वावश ककी दको जमद्वानतम प्रस्तसुत करनवे पर उपरकोक मद्वामलवे मम जमद्वानत पर ररहद्वा वकयद्वा जद्वाए: - (i). आववेदक परश्रीक्षर न्यद्वायद्वालय दद्वारद्वा वनधिद्वारररत वतधथ पर उपणस्थत रहवेगद्वा। (ii). आववेदक अवभयकोजन सद्वाक्ष्य कवे सद्वाथ छवेड़छद्वाड़ नहहीं करवेगद्वा। (iii). आववेदक अवभयकोजन पक्ष कवे गवद्वाहन पर दबद्वाव नहहीं ण्डिद्वालवेगद्वा।
12. उपरकोक शतर्दोशां मम सवे वकसश्री कवे उलशांघन कवे मद्वामलवे मम , परश्रीक्षर न्यद्वायद्वालय आववेदक ककी जमद्वानत वनयमद्वानसुसद्वार रद्द करनवे कको स्वतशांत हहै। Order Date :- 27.2.2025 Pawan Kumar Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad