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HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD WRIT - A No. - 13757 of 2025 न्यायालय सं०-5 माननीय सौरभ श्याम शमशेरी, न्यायमूित
1. यािचकाकतार् के िवद्वान अिधवक्ता श्री प्रणेश कु मार िमश्रा, प्रितवादी-2, 3 और 4 के अिधवक्ता श्री अिभषेक श्रीवास्तव, प्रितवादी-5, 6 और 7 के अिधवक्ता श्री आदशर् भूषण और प्रितवादी-8 के अिधवक्ता श्री के .के . राव, को सुना गया।
2. यािचकाकतार् के िवद्वान अिधवक्ता ने कु छ देर बहस करने के बाद, िनष्पक्ष रूप से िनवेदन िकया िक यािचकाकतार् की प्राथर्ना संख्या III, अथार्त् अनुशासनात्मक कायर्वाही तो शीघ्रता से िनस्तारण िकये जाने पर िवचार िकया जाए, क्योंिक इस बीच यािचकाकतार् सेवािनवृत्त हो चुका है।
3. प्रितवािदयों के िवद्वान अिधवक्ता ने उिचत रूप से िनवेदन िकया िक यिद अनुशासनात्मक कायर्वाही में उत्तर पहले ही दािखल कर िदया गया है, तो जाँच अिधकारी आज से दस सप्ताह के भीतर यािचकाकतार् के सहयोग से जाँच पूरी करने का पूरा प्रयास करेंगे और जाँच िरपोटर् के आधार पर अनुशासनात्मक प्रािधकारी उसके बाद चार सप्ताह के भीतर िविधनुसार अनुशासनात्मक कायर्वाही पूणर् कर लेंगे।
4. यािचकाकतार् के िवद्वान अिधवक्ता को कोई आपित्त नहीं है, यिद प्रितवािदयों के िवद्वान अिधवक्ता द्वारा िदए गए उपरोक्त आश्वासन को ध्यान में रखते हुए इस िरट यािचका का िनस्तारण कर िदया जाए।
5. उपयुर्क्त पिरिस्थितयों मेंव उपरोक्त प्रस्तुितयों के साथ-साथ प्रितवािदयों के िवद्वान अिधवक्ता द्वारा िदए गए आश्वासन को ध्यान में रखते हुए, इस िरट यािचका को िनस्तािरत िकया जाता है िक, जैसा िक ऊपर उल्लेख िकया गया है, अनुशासनात्मक जांच का िनस्तारण उपरोक्त उल्लेिखत समयबद्ध तरीके से िकया जायेगा। (सौरभ श्याम शमशेरी, न्यायमूित) िनणर्य िदनांक- 15.09.2025 अवधेश Versus Counsel for Petitioner(s) : Pranesh Kumar Mishra Counsel for Respondent(s) : Abhishek Srivastava, Adarsh Bhushan, C.S.C., K.K.Rao Ravender Singh .....Petitioner(s) State Of U.P. And 7 Others .....Respondent(s) Digitally signed by :- AWADESH KUMAR High Court of Judicature at Allahabad