Research › Search › Judgment

Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 81880 (ALL)

RAJ KUMAR YADAV v. STATE OF U.P.

BAIL/26913/2025 · 2025-08-05

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:132713 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 26913 of 2025 Applicant :- Raj Kumar Yadav Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Deepak Kumar Singh Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत, आववेदक रमाज कक ममार यमादव ककी ओर सवे मक०अ०स० 46/2018, अन्रररर धमारमा 406/ 409/ 420/ 467/ 468/ 471 भमा.दद.सद., रमानमा फरह, जजलमा मरकरमा मम जममानर पर मकक्त करनवे हवेरक प्रस्रकर ककयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा एवद कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कको सकनमा ररमा पतमावलली कमा पररशलीलन ककयमा। 3. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रकर ककयमा कक आववेदक कको इस प्रकरर मम रलर एवद फजर्जी ढदर सवे झझूठमा फद समायमा रयमा हहै , उसनवे कजरर अपरमाध कमाररर नहहीं ककयमा हहै। इस प्रकरर मम सह अकभयकक्त कवश्वनमार प्ररमाप जसदह ककी जममानर , जममानर आववेदन पत सद. 26652 सन 2025 मम इस न्यमायमालय ककी इसली न्यमायपलीठ कवे आदवेश कद . 04.08.2025 दमारमा स्वलीकमार ककी जमा चकककी हहै एवद सह अकभयकक्त धमरन्द्र कक ममार शममार ककी जममानर , जममानर आववेदन पत सद. 38808 सन 2024 मम इस न्यमायमालय ककी इसली न्यमायपलीठ कवे आदवेश कद . 01.05.2025 दमारमा स्वलीकमार ककी जमा चकककी हहै आववेदक कमा कवे स भली उक्त सहअकभयकक्तक्तों कवे सममान हहै, इसजलए आववेदक भली सह अकभयकक्तक्तों सवे सममानरमा कवे आधमार पर जममानर पमानवे कमा अजधकमारली हहै। पकननः उनकमा करन हहै कक आववेदक ककी ओर सवे यह आश्वमासन कदयमा रयमा हहै कक वह कमानझून ककी प्रकक्रियमा मम सहयकोर करनवे कवे जलए रहैयमार हहै और जब भली आवश्यकरमा हकोरली वह ईममानदमारली सवे अदमालर कवे समक्ष खकद कको उपलब्ध करमाएरमा और उन सभली शरक्तों कको स्वलीकमार करनवे कवे जलए भली रहैयमार हहै जको न्यमायमालय उस पर अजधरकोकपर करवेरली। आववेदक कनदर्दोष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम कद० 24.10.2022 सवे कमारमारमार मम कनरुद्ध हहै इसजलए आववेदक कको जममानर पर छकोड़ कदयमा जमाय। 4. कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा नवे आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दो कमा प्रबल कवरकोध कररवे हहए रकर प्रस्रकर ककयमा कक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध सदजवेय एवद रदम्भलीर प्रकक कर कमा हहै, इसजलए आववेदक कको जममानर पर न छकोड़मा जमायवे। 5. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दोद कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलली पर उपलब्ध समारवमान रथ्यक्तों एवद पररणस्रकरयक्तों कमा समग्र रूप सवे अवलकोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरक्तों ककी प्रकक कर और ककसली भली ठकोस कवरकोधमात्मक समामग्रली ककी अनकपणस्रकर एवद उपलब्ध समामग्रली सवे छवेड़छमाड़ ककी सदभमावनमा न हकोनवे कवे रथ्य कको दवेखरवे हहए मवेरली रमाय मम आववेदक कको जममानर पर मकक्त करनवे कमा उपयकक्त आधमार हहै। 6. अरनः वमाद कवे रकर दकोष पर कबनमा ककोई कटिप्परली ककए हहए आववेदक कको उपरकोक्त वकररर अपरमाध मम सदबदजधर न्यमायमालय ककी सन्रककष्टि पर व्यकक्तरर बदध -पत एवद उसली धनरमाकश कवे दको प्रकरभझू प्रस्रकर करनवे पर कनम्नजलजखर शरर्दोद कवे समार जममानर पर छकोड़ कदयमा जमाय। 1. आववेदक कवववेचनमा यमा परलीक्षर कवे ददौरमान अकभयकोजन समाक्ष्यक्तों कवे समार छवेड़छमाड़ नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अकभयकोजन समाकक्षयक्तों व पलीकड़रमा/ कशकमायरकरमार कको ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशक्तों कमा पमालन करवेरली, वह परलीक्षर कवे ददौरमान कबनमा ककोई अनमावश्यक स्ररन जलए कनयर करजर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हकोरमा ररमा परलीक्षर मम ईममानदमारली सवे सहयकोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हकोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरदतरमा कमा दकरूपयकोर नहली करवेरमा और ककसली भली अपरमाजधक रकरकवजध मम जलप्त नहहीं हकोरमा न ककोई अपरमाजधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक्ष यमा अप्रत्यक्ष रूप सवे ममामलवे कवे रथ्यक्तों सवे पररकचर ककसली भली व्यकक्त यमा पकजलस अजधकमाररयक्तों कको ककोई प्रलकोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हली उनसवे ककोई वमायदमा करवेरमा, जजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्यक्तों कको उजमारर करनवे सवे कवरर रहनमा पण्डिवेडे़। उपरकोक्त शरर्दोद मम सवे ककसली कवे उलदघन कवे ममामलवे मम , परलीक्षर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर कनयममानकसमार रद्द करनवे कको स्वरदत हहै। Order Date :- 6.8.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad