Research › Search › Judgment

Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 76527 (ALL)

AJAY KUMAR AND 2 OTHERS v. STATE OF U.P.

ABAIL/6937/2024 · 2025-08-13

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:139014 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 438 CR.P.C. No. - 6937 of 2024 Applicant :- Ajay Kumar And 2 Others Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Akhilesh Chandra Shukla Counsel for Opposite Party :- G.A.,Vidhu Prakash Pandey,Virendra Singh Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर अगग्रिम जममानर प्रमाररनमा पत्र आववेदकगर अजय कक ममार, गवजय कक ममार एववं रमाजकक ममार ककी ओर सवे मक०अ०स० 506/2024, अन्रगरर धमारमा 147, 148, 323, 352, 324, 326, 506 भमा.दवं.सवं., रमानमा कगव नगर, जजलमा गमाजजयमाबमाद मम अगग्रिम जममानर पर मकक्त करनवे हवेरक प्रस्रकर गकयमा गयमा हहै। 2. आववेदकगर कवे गवदमान अजधवक्तमा शश्री अजखिलवेश चवंद्र शकक्लमा , पररवमादश्री कवे गवदमान अजधवक्तमा शश्री वश्रीरमद्र जसवंह एववं गवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा शश्री चवंदन जसवंह कको सकनमा ररमा पत्रमावलश्री कमा पररशश्रीलन गकयमा। 3. आववेदकगर कवे गवदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रकर गकयमा गक आववेदकगर गनदर्दोष हह, उन्हम उपरकोक्त धमारमाओवं मम दवेषवश रवंग व परवेशमान करनवे ककी गनयर सवे आजलप्त गकयमा गयमा हहै , उन्हम आशवंकमा हहै गक उन्हम उपरकोक्त वगररर ममामलवे मम गगरफ्रमार गकयमा जमा सकरमा हहै , जबगक उनकवे गवरूद्ध ककोई गवश्वसनश्रीय समाक्ष्य नहहीं हहै। आववेदकगर दमारमा प्रमारगमककी मम दगशरर उपरकोक्त धमारमाओवं कमा अपरमाध कमाररर नहहीं गकयमा गयमा हहै। आववेदक सवं० 1 (अजय कक ममार) कमा गववमाह वमागदनश्री मककदममा कवे समार वषर 2022 मम हहआ रमा। गववमाह कवे पश्वमार सवे हश्री दकोननों पकनों कवे बश्रीच पमाररवमाररक गववमाद रमा, जजसमम वमागदनश्री मककदममा दमारमा आववेदकगर कवे गवरुद्ध अवंरगरर धमारमा 498 ए, 323, भमा०दवं०सवं० व धमारमा 3/4 दहवेज प्रगरषवेध अजधगनयम कवे अन्रगरर प्रमारगमककी पवंजश्रीकक र करमायश्री गयश्री रश्री , जजसमम आववेदकगर व अन्य कवे गवरूद्ध आरकोप पत्र न्यमायमालय मम प्रवेगषर गकयमा गयमा हहै। आरकोप पत्र पर सवंजमान आदवेश कवे गवरूद्ध आववेदकगर दमारमा प्रमाररनमा पत्र अन्रगरर धमारमा 482 द०प्र०सवं० ममाननश्रीय उच्च न्यमायमालय, इलमाहमाबमाद कवे समक सवंणस्रर गकयमा गयमा, जजसमम उच्च न्यमायमालय, इलमाहमाबमाद दमारमा आववेदकगर कवे गवरूद्ध प्रपश्रीड़क कमायरवमाहश्री न करनवे हवेरक आदवेगशर गकयमा गयमा एववं ममामलमा सकलह समझझौरमा हवेरक मध्यस्ररमा कवे न्द्र , उच्च न्यमायमालय, इलमाहमाबमाद भवेजमा गयमा ररमा उभयपक कवे मध्य समझझौरमा हको चककमा हहै। आववेदक सवं० 1 (अजय कक ममार) दमारमा इन्हहीं वहैवमागहक गववमादनों कको लवेकर गववमाह गवच्छवेद यमागचकमा सवं० 1599/23 दमाजखिल गकयमा जको प्रधमान न्यमायमाधश्रीश , पररवमार न्यमायमालय, गमाजजयमाबमाद कवे न्यमायमालय मम गवचमारमाधश्रीन हहै। आववेदकगर कको पपूवर कवे आदवेश गदनमावंक 05.09.2024 कको अवंरररम अगग्रिम जममानर प्रदमान ककी जमा चकककी हहै। आववेदकगर ककी ओर सवे यह भश्री आश्वमासन गदयमा गयमा हहै गक ववे कमानपून ककी प्रगक्रियमा मम सहयकोग करनवे कवे जलए रहैयमार हह और जब भश्री आवश्यकरमा हकोगश्री ववे ईममानदमारश्री सवे न्यमायमालय कवे समक खिकद कको उपलब्ध करमाएवंगवे और उन सभश्री शरर्दोवं कको स्वश्रीकमार करनवे कवे जलए भश्री रहैयमार हह जको न्यमायमालय उस पर अजधरकोगपर करवेगश्री। 4. पररवमादश्री कवे गवदमान अजधवक्तमा एववं गवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा दमारमा यह रकर प्रस्रकर गकयमा गयमा गक आववेदकगर दमारमा कमाररर अपरमाध गवंभश्रीर प्रकक गर कमा हहै ररमा उभयपक कवे मध्य वररममान वमाद कवे सवंबवंध मम ककोई भश्री समझझौरमा नहहीं हहआ हहै एववं आववेदकगर कवे गवरुद्ध पयमारप्त समाक्ष्य कवे आधमार पर पकजलस दमारमा आववेदकगर कवे गवरुद्ध सवंबवंजधर गवचमारर न्यमायमालय मम आरकोपपत्र प्रवेगषर गकयमा जमा चककमा हहै। इसजलए आववेदकगर कको अगग्रिम जममानर पर मकक्त गकयवे जमानवे कमा ककोई औगचत्य प्ररश्रीर नहहीं हकोरमा हहै। अरतः आववेदकगर कमा अगग्रिम जममानर आववेदन पत्र गनरस्र गकयमा जमाय। 5. यह कहमा जमा सकरमा हहै गक Siddharam Satlingappa Mhetre v. State of Maharashtra, (2011) 1 SCC 694, कवे ममामलवे मम ममाननश्रीय उच्चरम न्यमायमालय नवे ममानमा हहै गक अगग्रिम जममानर पर गनररय कररवे समय न्यमायमालय कको आरकोप ककी प्रकक गर और गवंभश्रीररमा, अगभयकक्त कमा पपूवरवकत, अगभयकक्त कवे न्यमाय सवे भमागनवे ककी सवंभमावनमा पर गवचमार करनमा चमागहए ररमा न्यमायमालय कको अगभयकक्त कवे गवरुद्ध उपलब्ध सवंपपूरर समामग्रिश्री कमा समावधमानश्रीपपूवरक मपूल्यमावंकन करनमा चमागहए ररमा अगभयकक्त ककी सटश्रीक भपूगमकमा कको भश्री ध्यमान मम रखिनमा चमागहए। 6. वररममान ममामलवे मम अगग्रिम जममानर सवंबवंधश्री गवजध कवे स्रमागपर जसद्धमावंरनों कको ध्यमान मम रखिरवे हहए और पककमारनों कवे गवदमान अजधवक्तमाओवं कवे करननों , आरकोपनों ककी प्रकक गर , आववेदकगर ककी भपूगमकमा और ममामलवे कवे सभश्री रथ्यनों एववं पररणस्रगरयनों कको ध्यमान मम रखिरवे हहए चपूवंगक सवंबवंजधर गवचमारर न्यमायमालय मम आववेदकगर कवे गवरुद्ध समाक्ष्य पमायवे जमानवे कवे उपरमान्र आरकोपपत्र प्रवेगषर गकयमा जमा चककमा हहै ररमा आववेदकगर कको अगग्रिम जममानर पर अवमकक्त गकयवे जमानवे कमा ककोई उगचर आधमार बनरमा पररलगकर नहहीं हको रहमा हहै , अरतः ममामलवे कवे गकर -दकोष पर गबनमा ककोई गवचमार व्यक्त गकए यह अगग्रिम जममानर आववेदन पत्र स्वश्रीकमार गकए जमानवे यकोग्य नहहीं हहै , रद्नकसमार आववेदक कमा अगग्रिम जममानर आववेदन पत्र अस्वश्रीकमार गकयमा जमारमा हहै। 7. उपरकोक्तमानकसमार वमाद कवे गकर-दकोष पर गटप्परश्री गकयवे बगहैर यह अगग्रिम जममानर प्रमाररनमापत्र गनरस्र गकयमा जमारमा हहै। 8. इस वमाद मम यगद ककोई अवंरररम आदवेश हको, रको उसवे सममाप्त समझमा जमाय। 9. कमायमारलय कको गनदरगशर गकयमा जमारमा हहै गक इस आदवेश ककी एक प्रगरजलगप अगवलम्ब सवंबवंजधर गवचमारर न्यमायमालय कवे भवेजनमा सकगनणश्चर करम। Order Date :- 14.8.2025 Pawan Kumar Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad