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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 73068 (ALL)

RAHUL TAYAL v. STATE OF U.P. AND ANOTHER

ABAIL/6631/2024 · 2025-07-08

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:109333 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 438 CR.P.C. No. - 6631 of 2024 Applicant :- Rahul Tayal Opposite Party :- State of U.P. and Another Counsel for Applicant :- Akash Sharma,Dharmendra Kumar Tripathi Counsel for Opposite Party :- G.A.,Rahul Mishra,Sanjay Mishra Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. आववेदक कवे ववदद्वान अधधिवकद्वा ककी तरफ सवे आज प्रत्ययत्तर शपथपत्र प्रस्तयत वकयद्वा गयद्वा, धजसवे पत्रद्वावलली पर रखद्वा जद्वाए। 2. वतरमद्वान दद्वाणणण्डिक प्रककीरर अवग्रिम जमद्वानत प्रद्वाथरनद्वा पत्र आववेदक रद्वाहहल त्यद्वागली ककी ओर सवे मय०अ०स० 1021/2023, अन्तगरत धिद्वारद्वा 420, 467, 468, 471 भद्वा.दद.सद., थद्वानद्वा खयजद्वार नगर, धजलद्वा बयलददशहर मम अवग्रिम जमद्वानत पर मयक करनवे हवेतय प्रस्तयत वकयद्वा गयद्वा हहै। 3. आववेदक कवे ववदद्वान अधधिवकद्वा एवद ववदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा शली चददन धसदह कको सयनद्वा तथद्वा पत्रद्वावलली कद्वा पररशलीलन वकयद्वा। 4. आववेदक कवे ववदद्वान अधधिवकद्वा नवे तकर प्रस्तयत वकयद्वा वक आववेदक वनदर्दोष हहै , उसवे उपरकोक धिद्वारद्वाओद मम दवेषवश तदग व परवेशद्वान करनवे ककी वनयत सवे आधलप वकयद्वा गयद्वा हहै, उसवे आशदकद्वा हहै वक उसवे उपरकोक ववररत मद्वामलवे मम वगरफ्तद्वार वकयद्वा जद्वा सकतद्वा हहै, जबवक उसकवे ववरूद्ध ककोई ववश्वसनलीय सद्वाक्ष्य नहहीं हहै। आववेदक दद्वारद्वा प्रद्वाथवमककी मम दवशरत उपरकोक धिद्वारद्वाओद कद्वा अपरद्वाधि कद्वाररत नहहीं वकयद्वा गयद्वा हहै। आववेदक कको रदधजशन वतरमद्वान वद्वाद मम वमथ्यद्वारकोवपत वकयद्वा गयद्वा हहै। वतरमद्वान वद्वाद धसववल प्रकक वत कद्वा हहै। आववेदक कद्वा ककोई पपूवर आपरद्वाधधिक इवतहद्वास नहहीं हहै। आववेदक कद्वा नद्वाम उक वववद्वावदत भपूवम मम बततौर भपूवमधिर अदवकत थद्वा , वकन्तय आववेदक कको रदधजशन वतरमद्वान वद्वाद मम वमथ्यद्वारकोवपत कर वदयद्वा गयद्वा हहै। प्रश्नगत वद्वाद मम ककोई स्वतदत्र सद्वाकली नहहीं हहै। आववेदक ककी ओर सवे यह भली आश्वद्वासन वदयद्वा गयद्वा हहै वक वह कद्वानपून ककी प्रवक्रियद्वा मम सहयकोग करनवे कवे धलए तहैयद्वार हहै और जब भली आवश्यकतद्वा हकोगली वह ईमद्वानदद्वारली सवे न्यद्वायद्वालय कवे समक खयद कको उपलब्धि करद्वाएगद्वा और उन सभली शतर्दोद कको स्वलीकद्वार करनवे कवे धलए भली तहैयद्वार हहै जको न्यद्वायद्वालय उस पर अधधिरकोवपत करवेगली। 5. ववदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा दद्वारद्वा यह तकर प्रस्तयत वकयद्वा गयद्वा वक अवभययक दद्वारद्वा कद्वाररत अपरद्वाधि गदभलीर प्रकक वत कद्वा हहै तथद्वा आववेदक कवे दद्वारद्वा भपूवम सदख्यद्वा 303 वम० रकबद्वा 0.1260 हवे0 मम सवे 1122 वगरगज भपूवम णस्थत अन्दर चयदगली मयरद्वारली नगर, परगनद्वा व तहसलील खयजद्वार, धजलद्वा बयलन्दशहर कको अपनली जमलीन बतद्वाकर उक भपूवम कको फजर्जी तरलीकवे सवे अपनवे नद्वाम चढढ़़वद्वाकर नकोटरली इकरद्वारनद्वामद्वा कवे आधिद्वार पर मनकोज सहैनली, इकरद्वार, इमरद्वान व अशरफ सवे एक करकोड़ रूपयवे हड़प धलयवे हह। आववेदक दद्वारद्वा नकोटरली आपसली इकरद्वारनद्वामद्वा वदनद्वादक 19.05.2022 कको 50 लद्वाख रूपयवे ककी धिनरद्वावश नगद व 50 लद्वाख रूपयवे ककी धिनरद्वावश ककी सददद्वायगली खद्वातवे मम करद्वायवे जद्वानवे कवे उपरद्वान्त वकयद्वा जद्वानद्वा कहद्वा गयद्वा हहै और आववेदक नकोटवेरली इकरद्वारनद्वामद्वा ककी वतधथ कको उक भपूवम कद्वा सदक्रिमरलीय भपूवमधिर नहहीं थद्वा, बणलक उद्धरर खततौनली फसलली वषर 1428-1433 (1-जयलद्वाई, 2020 सवे 30-जपून, 2026) कवे अनयसद्वार उक भपूवम कद्वा सदक्रिमरलीय भपूवमधिर सयनलील कय मद्वार बद्वाधिवद्वा थवे और आववेदक दद्वारद्वा उक नकोटवेरली आपसली इकरद्वारनद्वामद्वा वदनद्वादक 19.05.2022 वकयवे जद्वानवे कवे उपरद्वान्त रद्वाजस्व अवभलवेखखों मम अपनद्वा नद्वाम दजर करद्वानवे हवेतय उपरकोक आरकोवपत धिद्वारद्वाओद कद्वा अपरद्वाधि कद्वाररत वकयद्वा गयद्वा। प्रश्नगत वद्वाद मम आववेदक कवे ववरूद्ध आरकोप पत्र प्रवेवषत वकयद्वा जद्वा चयकद्वा हहै। इसधलए आववेदक कको अवग्रिम जमद्वानत पर मयक वकयवे जद्वानवे कद्वा ककोई औवचत्य प्रतलीत नहहीं हकोतद्वा हहै। अततः अवभययक कद्वा अवग्रिम जमद्वानत आववेदन पत्र वनरस्त वकयद्वा जद्वाय। 6. यह कहद्वा जद्वा सकतद्वा हहै वक Siddharam Satlingappa Mhetre v. State of Maharashtra, (2011) 1 SCC 694, कवे मद्वामलवे मम मद्वाननलीय उच्चतम न्यद्वायद्वालय नवे मद्वानद्वा हहै वक अवग्रिम जमद्वानत पर वनररय करतवे समय न्यद्वायद्वालय कको आरकोप ककी प्रकक वत और गदभलीरतद्वा, अवभययक कद्वा पपूवरवकत्त, अवभययक कवे न्यद्वाय सवे भद्वागनवे ककी सदभद्वावनद्वा पर ववचद्वार करनद्वा चद्वावहए तथद्वा न्यद्वायद्वालय कको अवभययक कवे ववरुद्ध उपलब्धि सदपपूरर सद्वामग्रिली कद्वा सद्वावधिद्वानलीपपूवरक मपूलयद्वादकन करनद्वा चद्वावहए तथद्वा अवभययक ककी सटलीक भपूवमकद्वा कको भली ध्यद्वान मम रखनद्वा चद्वावहए। 7. वतरमद्वान मद्वामलवे मम अवग्रिम जमद्वानत सदबदधिली ववधधि कवे स्थद्वावपत धसद्धद्वादतखों कको ध्यद्वान मम रखतवे हहए और पककद्वारखों कवे ववदद्वान अधधिवकद्वाओद कवे कथनखों , आरकोपखों ककी प्रकक वत, आववेदक ककी भपूवमकद्वा और मद्वामलवे कवे सभली तथ्यखों एवद पररणस्थवतयखों कको ध्यद्वान मम रखतवे हहए, यह प्रतलीत हकोतद्वा हहै वक इकरद्वारनद्वामद्वा ककी उक वतधथ तक वववद्वावदत सदक्रिमरलीय भपूवम कद्वा स्वद्वामली न हकोनवे कवे बद्वावजपूद आववेदक दद्वारद्वा उक भपूवम कद्वा इकरद्वारनद्वाम वकयद्वा गयद्वा , धजससवे प्रथमदृष्टयद्वा आववेदक कवे ववरुद्ध उक आरकोवपत धिद्वारद्वाओद कद्वा अपरद्वाधि बनतद्वा प्रतलीत हकोतद्वा हहै, अततः तथद्वा मद्वामलवे कवे गयर- दकोष पर वबनद्वा ककोई ववचद्वार व्यक वकए यह अवग्रिम जमद्वानत आववेदन पत्र स्वलीकद्वार वकए जद्वानवे यकोग्य नहहीं हहै, तद्नयसद्वार आववेदक कद्वा अवग्रिम जमद्वानत आववेदन पत्र अस्वलीकद्वार वकयद्वा जद्वातद्वा हहै। 8. उपरकोकद्वानयसद्वार वद्वाद कवे गयर-दकोष पर वटप्परली वकयवे बगहैर यह अवग्रिम जमद्वानत प्रद्वाथरनद्वापत्र वनरस्त वकयद्वा जद्वातद्वा हहै। 9. इस वद्वाद मम यवद ककोई अदतररम आदवेश हको, तको वह स्वततः समद्वाप समझद्वा जद्वाए। 10. कद्वायद्वारलय कको वनदरवशत वकयद्वा जद्वातद्वा हहै वक इस आदवेश ककी एक प्रवतधलवप अववलम्ब सदबदधधित ववचद्वारर न्यद्वायद्वालय कवे भवेजनद्वा सयवनणश्चत करम। Order Date :- 9.7.2025 Pawan Kumar Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad