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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 69053 (ALL)
ASHISH PARJAPATI v. STATE OF U.P.
NABAIL/5513/2025 · 2025-07-10
Gautam Chowdhary
body2025
[ 2025 DAILYLAW 69053 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.
Neutral Citation No. - 2025:AHC:111206 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC. ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 482 BNSS No. - 5513 of 2025 Applicant :- Ashish Parjapati Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Mohammad Waseem Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J.
1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर अगग्रिम जममानर प्रमाररनमा पत्र आववेदक आशशीष प्रजमापगर ककी ओर सवे ममु०अ०स० 14/2020, अन्रररर धमारमा 498-ए, 323, 504, 506, 354, 376/511 भमा०ददं०गव० एवदं धमारमा 3/4 ण्डिशी.पशी. एक्ट, रमानमा मगहिलमा रमानमा, जजलमा वमारमारसशी मम अगग्रिम जममानर पर ममुक्त करनवे हिवेरमु प्रस्रमुर गकयमा रयमा हिहै।
2. आववेदक कवे गवदमान अजधवक्तमा एवदं गवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा चदंदन जसदंहि कको समुनमा ररमा पत्रमावलशी कमा पररशशीलन गकयमा।
3. आववेदक कवे गवदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रमुर गकयमा गक आववेदक गनदर्दोष हिहै , उसवे उपरकोक्त धमारमाओदं मम दवेषवश रदंर व परवेशमान करनवे ककी गनयर सवे आजलप गकयमा रयमा हिहै, उसवे आशदंकमा हिहै गक उसवे उपरकोक्त वगररर ममामलवे मम गररफ्रमार गकयमा जमा सकरमा हिहै, जबगक उसकवे गवरूद्ध ककोई गवश्वसनशीय समाक्ष्य नहिहीं हिहै। आववेदक दमारमा ऐसमा ककोई भशी कक त्य कमाररर नहिहीं गकयमा रयमा हिहै , जहैसमागक प्रमारगमककी मम उलवेजखिर हिहै। आववेदक दवेवर हिहै एवदं प्रमारगमककी मम घटनमा ककी गरजर एवदं समय कमा उलवेखि नहिहीं गकयमा रयमा हिहै। आववेदक दमारमा पशीगड़िरमा सवे कभशी भशी दहिवेज ककी ममामाँर नहिहीं ककी रयशी, न हिशी उसकवे समार ककोई रलर कक त्य कमाररर गकयमा रयमा हिहै। अगग्रिम उनकवे दमारमा यहि करन गकयमा रयमा हिहै गक प्रश्नरर वमाद मम आववेदक कवे गवरुद्ध पमाररर प्रसदंजमान/रलबशी आदवेश कवे गवरुद्ध आववेदक कवे दमारमा एक प्रमाररनमापत्र अदंरररर धमारमा 482 ददं०प्र०सदं० सदं० 24016/2024 दमाजखिल गकयमा रयमा, उक्त
प्रमाररनमापत्र कको आदवेश गदनमादंगकर 02.08.2024 कवे दमारमा गनम्न गनदरशशों कवे समार गनस्रमाररर गकयमा रयमा "5. In view of aforesaid, it is directed that in case applicants move an application for discharge before the trial court concerned within a period of three weeks from today, the same shall be considered and decided expeditiously in accordance with law by the court concerned.
It is further directed that for a period of three weeks from today and in case such an application for discharge is filed within the aforesaid period, till the disposal of discharge application, no coercive action shall be taken against the applicants, provided the applicants cooperate in early disposal of discharge application." उनकमा यहि भशी करन हिहै गक आववेदक कवे गवरूद्ध अभशी रक ककोई भशी बमाध्यकमारशी प्रगक्रियमा नहिहीं अपनमाई रयशी हिहै एवदं आववेदक ककी ओर सवे यहि भशी आश्वमासन गदयमा रयमा हिहै गक वहि कमाननून ककी प्रगक्रियमा मम सहियकोर करनवे कवे जलए रहैयमार हिहै और जब भशी आवश्यकरमा हिकोरशी वहि ईममानदमारशी सवे न्यमायमालय कवे समक्ष खिमुद कको उपलब्ध करमाएरमा और उन सभशी शरर्दोदं कको स्वशीकमार करनवे कवे जलए भशी रहैयमार हिहै जको न्यमायमालय उस पर अजधरकोगपर करवेरशी।
4. गवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा दमारमा यहि रकर प्रस्रमुर गकयमा रयमा गक अगभयमुक्त दमारमा कमाररर अपरमाध रदंभशीर प्रकक गर कमा हिहै ररमा आववेदक कवे गवरुद्ध पयमारप समाक्ष्य कवे आधमार पर पमुजलस दमारमा आववेदक कवे गवरुद्ध सदंबदंजधर गवचमारर न्यमायमालय मम आरकोपपत्र प्रवेगषर गकयमा रयमा हिहै। इसजलए आववेदक कको अगग्रिम जममानर पर ममुक्त गकयवे जमानवे कमा ककोई औगचत्य प्ररशीर नहिहीं हिकोरमा हिहै। अरत अगभयमुक्त कमा अगग्रिम जममानर आववेदन पत्र गनरस्र गकयमा जमाय।
5. यहि कहिमा जमा सकरमा हिहै गक Siddharam Satlingappa Mhetre v. State of Maharashtra, (2011) 1 SCC 694, कवे ममामलवे मम ममाननशीय उच्चरम न्यमायमालय नवे ममानमा हिहै गक अगग्रिम जममानर पर गनररय कररवे समय न्यमायमालय कको आरकोप ककी प्रकक गर और रदंभशीररमा, अगभयमुक्त कमा पनूवरवकत, अगभयमुक्त कवे न्यमाय सवे भमारनवे ककी सदंभमावनमा पर गवचमार करनमा चमागहिए ररमा न्यमायमालय कको अगभयमुक्त कवे गवरुद्ध उपलब्ध सदंपनूरर समामग्रिशी कमा समावधमानशीपनूवरक मनूल्यमादंकन करनमा चमागहिए ररमा अगभयमुक्त ककी सटशीक भनूगमकमा कको भशी ध्यमान मम रखिनमा चमागहिए।
6.
वररममान ममामलवे मम अगग्रिम जममानर सदंबदंधशी गवजध कवे स्रमागपर जसद्धमादंरशों कको ध्यमान मम रखिरवे हिहए और पक्षकमारशों कवे गवदमान अजधवक्तमाओदं कवे करनशों , आरकोपशों ककी प्रकक गर, आववेदक ककी भनूगमकमा और ममामलवे कवे सभशी रथ्यशों एवदं पररणस्रगरयशों कको ध्यमान मम रखिरवे हिहए चनूदंगक सदंबदंजधर गवचमारर न्यमायमालय मम आववेदक कवे गवरुद्ध समाक्ष्य पमायवे जमानवे कवे उपरमान्र आरकोपपत्र प्रवेगषर गकयमा जमा चमुकमा हिहै ररमा अगग्रिम जममानर पर अवममुक्त गकयवे जमानवे कमा ककोई औगचत्य पररलगक्षर नहिहीं हिकोरमा हिहै , अरत ममामलवे कवे रमुर-दकोष पर गबनमा ककोई गवचमार व्यक्त गकए यहि अगग्रिम जममानर आववेदन पत्र स्वशीकमार गकए जमानवे यकोग्य नहिहीं हिहै , रद्नमुसमार आववेदक कमा अगग्रिम जममानर आववेदन पत्र अस्वशीकमार गकयमा जमारमा हिहै।
7. उपरकोक्तमानमुसमार वमाद कवे रमुर-दकोष पर गटप्परशी गकयवे बरहैर यहि अगग्रिम जममानर प्रमाररनमापत्र गनरस्र गकयमा जमारमा हिहै।
8. इस वमाद मम यगद ककोई अदंरररम आदवेश हिको, रको वहि स्वरत सममाप समझमा जमाए।
9. कमायमारलय कको गनदरगशर गकयमा जमारमा हिहै गक इस आदवेश ककी प्रगरजलगप सदंबदंजधर गवचमारर न्यमायमालय कको अगवलम्ब प्रवेगषर करम। Order Date :- 11.7.2025 Pawan Kumar Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad