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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 66927 (ALL)

AKBAR v. STATE OF U.P.

BAIL/22408/2025 · 2025-07-20

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:117704 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 22408 of 2025 Applicant :- Akbar Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Bharat Singh Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत, आववेदक अकबर ककी ओर सवे ममु०अ०स० 123/2025, अन्रररर धमारमा 331(4)/ 305/ 317(2) बब.एन.एस, रमानमा जमुनमावई जजलमा सम्भल मम जममानर पर ममुक्त करनवे हवेरमु प्रस्रमुर ककयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा एववं कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कको समुनमा ररमा पतमावलब कमा पररशबलन ककयमा। 3. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रमुर ककयमा कक आववेदक कको इस प्रकरर मम रलर एववं फजर्जी ढवंर सवे झझूठमा फवं समायमा रयमा हहै , उसनवे कजरर अपरमाध कमाररर नहहीं ककयमा हहै। प्ररम सझूचनमा ररपकोरर अजमार मम दजर करमायब रयब हहै रत्पश्चमार पमुजलस दमारमा कमथ्यमारकोकपर करकवे आववेदक कको जवेल भवेज कदयमा रयमा। कजरर घरनमा सवे सवंबवंजधर ककोई भब वस्रमु आववेदक कवे पमास सवे बरमामद नहहीं पमायब रयब हहै। उक्त जको भब बरमामदरब आववेदक कवे पमास सवे दशमारयब रयब हहै , वह पझूरररतः फजर्जी एववं बनमावरब हहै। वररममान घरनमा कमा ककोई स्वरवंत समाकब नहहीं हहै। इस प्रकरर मम सह अकभयमुक्त हसबन ककी जममानर , जममानर आववेदन पत सवं. 19926 सन 2025 मम इस न्यमायमालय ककी इसब न्यमायपबठ कवे आदवेश कद . 30.06.2025 दमारमा स्वबकमार ककी जमा चमुककी हहै। पमुनतः उनकमा यह भब करन हहै कक आववेदक ककी ररफ सवे यह आश्वमासन कदयमा रयमा हहै कक वह कमानझून ककी प्रकक्रियमा मम सहयकोर करनवे कवे जलए रहैयमार हहै और जब भब आवश्यकरमा हकोरब वह ईममानदमारब सवे अदमालर कवे समक खमुद कको उपलब्ध करमाएरमा और उन सभब शररवं कको स्वबकमार करनवे कवे जलए भब रहैयमार हहै जको न्यमायमालय उस पर अजधरकोकपर करवेरब। आववेदक कमा ककोई पझूवर आपरमाजधक इकरहमास नहहीं हहै। आववेदक कनदरष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम कद० 03.05.2025 सवे कमारमारमार मम कनरुद्ध हहै इसजलए आववेदक कको जममानर पर छकोड़ कदयमा जमाय। 5. कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा नवे आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर कमा प्रबल कवरकोध कररवे हहए रकर प्रस्रमुर ककयमा कक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध सवंजवेय एववं रवंम्भबर प्रकक कर कमा हहै, इसजलए आववेदक कको जममानर पर न छकोड़मा जमायवे। 6. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकरवं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलब पर उपलब्ध समारवमान रथ्ययों एववं पररणस्रकरययों कमा समग्र रूप सवे अवलकोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरयों ककी प्रकक कर और ककसब भब ठकोस कवरकोधमात्मक समामग्रब ककी अनमुपणस्रकर एववं उपलब्ध समामग्रब सवे छवेड़छमाड़ ककी सवंभमावनमा न हकोनवे कवे रथ्य कको दवेखरवे हहए मवेरब रमाय मम आववेदक कको जममानर पर ममुक्त करनवे कमा उपयमुक्त आधमार हहै। 7. अरतः वमाद कवे रमुर दकोष पर कबनमा ककोई करप्परब ककए हहए आववेदक कको उपरकोक्त वकररर अपरमाध मम सवंबवंजधर न्यमायमालय ककी सन्रमुकष्टि पर व्यकक्तरर बवंध -पत एववं उसब धनरमाकश कवे दको प्रकरभझू प्रस्रमुर करनवे पर कनम्नजलजखर शररवं कवे समार जममानर पर छकोड़ कदयमा जमाय। 1. आववेदक कवववेचनमा यमा परबकर कवे ददौरमान अकभयकोजन समाक्ष्ययों कवे समार छवेड़छमाड़ नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अकभयकोजन समाककययों व पबकड़रमा/ कशकमायरकरमार कको ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशयों कमा पमालन करवेरब, वह परबकर कवे ददौरमान कबनमा ककोई अनमावश्यक स्ररन जलए कनयर करजर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हकोरमा ररमा परबकर मम ईममानदमारब सवे सहयकोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हकोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरवंतरमा कमा दमुरूपयकोर नहब करवेरमा और ककसब भब अपरमाजधक रकरकवजध मम जलप्त नहहीं हकोरमा न ककोई अपरमाजधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक यमा अप्रत्यक रूप सवे ममामलवे कवे रथ्ययों सवे पररकचर ककसब भब व्यकक्त यमा पमुजलस अजधकमाररययों कको ककोई प्रलकोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हब उनसवे ककोई वमायदमा करवेरमा, जजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्ययों कको उजमारर करनवे सवे कवरर रहनमा पण्डिवेडे़। उपरकोक्त शररवं मम सवे ककसब कवे उलवंघन कवे ममामलवे मम , परबकर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर कनयममानमुसमार रद्द करनवे कको स्वरवंत हहै। Order Date :- 21.7.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad