Research › Search › Judgment

Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 56023 (ALL)

SUNDER LAL v. STATE OF U.P.

BAIL/44639/2023 · 2025-07-09

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:110719 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 44639 of 2023 Applicant :- Sunder Lal Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- G.S. Chauhan Counsel for Opposite Party :- Ashvani Tripathi,G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत्र आववेदक ककी ओर सवे ममु०अ०ससं० 774 वरर 2020, अन्रररर धमारमा 302, 120-B भमा०दसं०वव०, रमानमा बनमा दवेवव , जजलमा अलवरढ़ मम जममानर पर ममुक्त करनवे हवेरमु प्रस्रमुर वकयमा रयमा हहै। 2. आववेदक ककी ओर सवे उपणस्रर ववदमान अजधवक्तमा शव ममो० कलवम , पररवमादव कवे ववदमान अजधवक्तमा शव अश्वनव वत्रपमाठव ककी ररफ सवे ववदमान अजधवक्तमा शव दमुररश वमशमा एवसं ववदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कमो समुनमा ररमा पत्रमावलव कमा पररशवलन वकयमा। 3. यह आववेदक कमा वदरवय जममानर प्रमाररनमापत्र हहै। आववेदक कमा प्ररम दमाणणण्डिक जममानर प्रमाररनमापत्र ससं० 41632/2022, आदवेश वदनमासंवकर 06.01.2023 कमो वनरस्र वकयमा जमा चमुकमा हहै। 4. आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रमुर वकयमा वक आववेदक कमो इस प्रकरर मम रलर एवसं फजर्जी ढसंर सवे झझूठमा फसं समायमा रयमा हहै , उसनवे कजरर अपरमाध कमाररर नहहीं वकयमा हहै। यहमाह उलवेखनवय रथ्य हहै वक आववेदक ववरर पमासंच वररसं सवे कमारमारमार मम वनरुद्ध हहै ररमा प्रश्नरर प्रकरर मम कमु ल सत्रह रवमाह हह, सत्र परवक्षर मम रथ्य कवे छह समाक्षवरर कमा परवक्षर करमायमा जमा चमुकमा हहै, इस स्रर पर अवभयमोजन समाक्षवरर कमो प्रभमाववर वकयवे जमानवे ककी अब कमोई ससंभमावनमा पररलवक्षर नहहीं हमो रहव हहै ररमा उनकमा यह भव करन हहै वक इस वमाद सवे ससंबसंजधर सत्र परवक्षर कवे वनस्रमारर ककी शवघ्र ससंभमावनमा नजर नहहीं आ रहव हहै। आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा नवे अपनवे रकर कवे समररन मम Indrani Pratim Mukerjea Vs. Central Bureau of Investigation and Another passed in Special Leave to Appeal (Crl.) No. 1627 of 2022 to submit that prolonged incarceration of a person as an under trial is against his fundamental rights under Article 21 of the Constitution of India. मम ममाननवय उच्चरम न्यमायमालय दमारमा प्रवरपमावदर ववजध-व्यवस्रमा ककी ओर न्यमायमालय कमा ध्यमान आकक ष्ट वकयमा। इसजलए आववेदक कमो जममानर पर छमोड़ वदयमा जमाय। पमुननः उनकमा यह भव करन हहै वक आववेदक ककी ररफ सवे यह आश्वमासन वदयमा रयमा हहै वक वह कमानझून ककी प्रवक्रियमा मम सहयमोर करनवे कवे जलए रहैयमार हहै और जब भव आवश्यकरमा हमोरव वह ईममानदमारव सवे अदमालर कवे समक्ष खमुद कमो उपलब्ध करमाएरमा और उन सभव शररसं कमो स्ववकमार करनवे कवे जलए भव रहैयमार हहै जमो न्यमायमालय उस पर अजधरमोवपर करवेरव। आववेदक वनदरर हहै ररमा वह इस प्रकरर मम वद० 28.12.2020 सवे कमारमारमार मम वनरुद्ध हहै। इसजलए आववेदक कमो जममानर पर छमोड़ वदयमा जमाय। 5. पररवमादव कवे ववदमान अजधवक्तमा एवसं ववदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा दमारमा आववेदक कवे जममानर कमा प्रबल ववरमोध वकयमा रयमा। 6. आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा कवे रकरसं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पत्रमावलव पर उपलब्ध समारवमान रथ्ययों एवसं पररणस्रवरययों कमा समग्र रूप सवे अवलमोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरयों ककी प्रकक वर और वकसव भव ठमोस ववरमोधमात्मक समामग्रव ककी अनमुपणस्रवर एवसं उपलब्ध समामग्रव सवे छवेड़छमाड़ ककी ससंभमावनमा न हमोनवे कवे रथ्य कमो दवेखरवे हहए मवेरव रमाय मम आववेदक कमो जममानर पर ममुक्त करनवे कमा उपयमुक्त आधमार हहै। 7. अरनः वमाद कवे रमुर-दमोर पर वबनमा कमोई वटिप्परव वकए हहए आववेदक समुन्दर लमाल कमो उपरमोक्त ववररर अपरमाध मम ससंबसंजधर न्यमायमालय ककी ससंरमुवष्ट पर व्यवक्तरर बसंध-पत्र एवसं उसव धनरमावश कवे कमोई भव दमो प्रवरभझू प्रस्रमुर करनवे पर वनम्नजलजखर शररसं कवे समार जममानर पर छमोड़ वदयमा जमाय। 1. आववेदक ववववेचनमा यमा परवक्षर कवे ददौरमान अवभयमोजन समाक्ष्ययों कवे समार छवेड़छमाड़ नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अवभयमोजन समावक्षययों व पववड़रमा/ वशकमायरकरमार कमो ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशयों कमा पमालन करवेरमा, वह परवक्षर कवे ददौरमान वबनमा कमोई अनमावश्यक स्ररन जलए वनयर वरजर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हमोरमा ररमा परवक्षर मम ईममानदमारव सवे सहयमोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हमोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरसंत्ररमा कमा दमुरूपयमोर नहव करवेरमा और वकसव भव अपरमाजधक रवरववजध मम जलप्त नहहीं हमोरमा न कमोई अपरमाजधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक्ष यमा अप्रत्यक्ष रूप सवे ममामलवे कवे रथ्ययों सवे पररवचर वकसव भव व्यवक्त यमा पमुजलस अजधकमाररययों कमो कमोई प्रलमोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हव उनसवे कमोई वमायदमा करवेरमा, जजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्ययों कमो उजमारर करनवे सवे ववरर रहनमा पण्डिवेडे़। उपरमोक्त शररसं मम सवे वकसव कवे उलसंघन कवे ममामलवे मम, ववचमारर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर वनयममानमुसमार रद्द करनवे कमो स्वरसंत्र हहै ररमा ससंबसंजधर ववचमारर न्यमायमालय कमो यह भव वनदरवशर वकयमा जमारमा हहै वक ममामलवे सवे ससंबसंजधर सत्र परवक्षर कमा वनस्रमारर शवघ्ररमा कवे आधमार पर यरमाशवघ्र करनमा समुवनणश्चर वकयमा जमाए। Order Date :- 10.7.2025 Pawan Kumar Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad