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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 40883 (ALL)

CHHUNNU @ RAVI SHANKAR YADAV v. STATE OF U.P.

BAIL/12443/2025 · 2025-05-07

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:75076 Court No. - 86 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 12443 of 2025 Applicant :- Chhunnu @ Ravi Shankar Yadav Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Manish Dev,Manish Kumar Singh Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत, आववेदक चचुनन्नू उरर रववशशंकर यमादव ककी ओर सवे मचु०अ०स० 148/2024, अन्रररर धमारमा 3(5), 115(2), 127(2), 140(1), 351(3), 352 बब.एन.एस, रमानमा ककोरवमालब जजलमा रमाजबपचुर मम जममानर पर मचुक्त करनवे हवेरचु प्रस्रचुर वकयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा, पररवमादब कवे ववदमान अजधवक्तमा एवशं ववदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कको सचुनमा ररमा पतमावलब कमा पररशबलन वकयमा। 3. आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा नवे पन्नूरकशपर पत दमाजखिल वकयमा , उसवे पतमावलब पर रखिमा जमाए। 4. आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रचुर वकयमा वक आववेदक कको इस प्रकरर मम रलर एवशं रजर्जी ढशंर सवे झन्नूठमा रशं समायमा रयमा हहै , उसनवे कजरर अपरमाध कमाररर नहहीं वकयमा हहै। प्ररम सन्नूचनमा ररपकोरर मम वकसब कमा नमाम परमा और हहजलयमा यमा पहचमान नहहीं आयब हहै , उसवे सशंदवेह कवे आधमार पर पचुजलस नवे रसमायमा हहै। वह कमारकी समय सवे अपनब बहन कवे घर मम रहकर मजदन्नूरब कर रहमा हहै। वमादब मचुकदममा कवे भमाई कमा शव खिन्नून सवे सनमा हहआ पडमा रमा और चकोर कवे कई वनशमान शरबर पर रवे परन्रचु चकोर पहहशंचमानवे कमा ककोई ण्डिशंण्डिमा चमाकन्नू रलवमार , रडसमा आवद कमा न वमलनमा पन्नूरवे ममामलवे कको सशंवदग्ध बनमारमा हहै। बयमान एवशं प्ररम सन्नूचनमा ररपकोरर कवे मचुरमावबक ररमाकजरर घरनमा कमा षण्डियशंत रकोन दमारमा बनमायमा रयमा परन्रचु पचुजलस दमारमा उस ररमाकजरर रकोन ककी ककोई बरमामदरब नहहीं करमायब रयब। आववेदक वनदर्दोष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम वद० 28.07.2024 सवे कमारमारमार मम वनरुद्ध हहै इसजलए आववेदक कको जममानर पर छकोड वदयमा जमाय। 5. पररवमादब कवे ववदमान अजधवक्तमा एवशं ववदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा नवे आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दो कमा प्रबल ववरकोध कररवे हहए रकर प्रस्रचुर वकयमा वक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध सशंजवेय एवशं रशंम्भबर प्रकक वर कमा हहै, इसजलए आववेदक कको जममानर पर न छकोडमा जमायवे। 6. आववेदक कवे ववदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दोशं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलब पर उपलब्ध समारवमान रथ्ययों एवशं पररणस्रवरययों कमा समग्र रूप सवे अवलकोकन करनवे कवे बमाद , सबन्नूरयों ककी प्रकक वर और वकसब भब ठकोस ववरकोधमात्मक समामग्रब ककी अनचुपणस्रवर एवशं उपलब्ध समामग्रब सवे छवेडछमाड ककी सशंभमावनमा न हकोनवे कवे रथ्य कको दवेखिरवे हहए मवेरब रमाय मम आववेदक कको जममानर पर मचुक्त करनवे कमा उपयचुक्त आधमार हहै। 7. अरतः वमाद कवे रचुर दकोष पर वबनमा ककोई वरप्परब वकए हहए आववेदक कको उपरकोक्त ववररर अपरमाध मम सशंबशंजधर न्यमायमालय ककी सन्रचुवष्टि पर व्यवक्तरर बशंध -पत एवशं उसब धनरमावश कवे दको प्रवरभन्नू प्रस्रचुर करनवे पर वनम्नजलजखिर शरर्दोशं कवे समार जममानर पर छकोड वदयमा जमाय। 1. आववेदक ववववेचनमा यमा परबक्षर कवे ददौरमान अवभयकोजन समाक्ष्ययों कवे समार छवेडछमाड नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अवभयकोजन समावक्षययों व पबवडरमा/ वशकमायरकरमार कको ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशयों कमा पमालन करवेरब, वह परबक्षर कवे ददौरमान वबनमा ककोई अनमावश्यक स्ररन जलए वनयर वरजर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हकोरमा ररमा परबक्षर मम ईममानदमारब सवे सहयकोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हकोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरशंतरमा कमा दचुरूपयकोर नहब करवेरमा और वकसब भब अपरमाजधक रवरववजध मम जलप्त नहहीं हकोरमा न ककोई अपरमाजधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक्ष यमा अप्रत्यक्ष रूप सवे ममामलवे कवे रथ्ययों सवे पररवचर वकसब भब व्यवक्त यमा पचुजलस अजधकमाररययों कको ककोई प्रलकोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हब उनसवे ककोई वमायदमा करवेरमा, जजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्ययों कको उजमारर करनवे सवे ववरर रहनमा पण्डिवेडे़। उपरकोक्त शरर्दोशं मम सवे वकसब कवे उलशंघन कवे ममामलवे मम , परबक्षर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर वनयममानचुसमार रद्द करनवे कको स्वरशंत हहै। Order Date :- 8.5.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad