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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 39534 (ALL)
HARPREET SINGH v. STATE OF U.P.
BAIL/12239/2025 · 2025-05-18
Gautam Chowdhary
body2025
[ 2025 DAILYLAW 39534 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.
Neutral Citation No. - 2025:AHC:83196
Court No. - 86 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 12239 of 2025 Applicant :- Harpreet Singh Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Najakat Ali Counsel for Opposite Party :- G.A.,Pavan Kishore Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J.
1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत , आववेदक हरप्रप्रीर सससिंह ककी ओर सवे ममु०अ०स० 684/2016, अन्रररर धमारमा 386/ 504/ 506 भमा०दसिं०वव०, रमानमा भभोजप्रीपमुरमा, सजलमा बरवेलप्री मम जममानर पर ममुक्त करनवे हवेरमु प्रस्रमुर वकयमा रयमा हहै।
2. आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा, एवसिं ववदमान अपर शमासककीय असधवक्तमा कभो समुनमा ररमा पतमावलप्री कमा पररशप्रीलन वकयमा।
3. आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा नवे रकर प्रस्रमुर वकयमा वक आववेदक कभो इस प्रकरर मम रलर एवसिं फजर्जी ढसिंर सवे झझूठमा फसिं समायमा रयमा हहै, उसनवे कसरर अपरमाध कमाररर नहहीं वकयमा हहै, आववेदक दमारमा वकसप्री भप्री प्रकमार ककी ममारपप्रीट रमालप्री रललौच नहप्री ककी रयप्री एवसिं न हप्री अवभयभोजन पक्ष कवे वकसप्री भप्री सदस्य कभो चभोट पहहसिंचमायप्री रयप्री हहै। आववेदक कवे ववरूद्ध ऐसमा कभोई समाक्ष्य पतमावलप्री मम उपलब्ध नहहीं हहै। आववेदक कवे ववरूद्ध प्ररम सझूचनमा ररपभोटर मम रसिंरदमारप्री ममासिंरनवे कमा कभोई आरभोप नहहीं लरमायमा रयमा हहै और न हप्री वमादप्री ममुकदममा नवे अपनवे बयमान धमारमा 161 दसिं.प्र.ससिं. मम रसिंरदमारप्री ममासिंरनवे कमा आरभोप लरमायमा हहै। आववेदक दमारमा पप्रीवड़िर कभो कभोई भप्री चभोट नहहीं पहहसिंचमायप्री रयप्री हहै न हप्री वचवकत्सप्रीय ररपभोटर पतमावलप्री मम मलौजझूद हहै। आववेदक वनदर्दोष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम वद० 27.02.2025 सवे कमारमारमार मम वनरुद्ध हहै इससलए आववेदक कभो जममानर पर छभोड़ि वदयमा जमाय।
4. ववदमान अपर शमासककीय असधवक्तमा नवे आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा कवे रकर्दो कमा प्रबल ववरभोध कररवे हहए रकर प्रस्रमुर वकयमा वक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध ससिंजवेय एवसिं रसिंम्भप्रीर प्रकक वर कमा हहै, इससलए आववेदक कभो जममानर पर न छभोड़िमा जमायवे।
5. आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा कवे रकर्दोसिं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलप्री पर उपलब्ध समारवमान रथ्ययों एवसिं पररणस्रवरययों कमा समग्र रूप सवे अवलभोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरयों ककी प्रकक वर और वकसप्री भप्री ठभोस ववरभोधमात्मक समामग्रप्री ककी अनमुपणस्रवर एवसिं उपलब्ध समामग्रप्री सवे छवेड़िछमाड़ि ककी
ससिंभमावनमा न हभोनवे कवे रथ्य कभो दवेखरवे हहए मवेरप्री रमाय मम आववेदक कभो जममानर पर ममुक्त करनवे कमा उपयमुक्त आधमार हहै।
6. अरतः वमाद कवे रमुर दभोष पर वबनमा कभोई वटप्परप्री वकए हहए आववेदक कभो उपरभोक्त ववररर अपरमाध मम ससिंबसिंसधर न्यमायमालय ककी सन्रमुवष्टि पर व्यवक्तरर बसिंध-पत एवसिं असधक धनरमावश कवे दभो स्रमानप्रीय प्रवरभझू प्रस्रमुर करनवे पर वनम्नसलसखर शरर्दोसिं कवे समार जममानर पर छभोड़ि वदयमा जमाय।
1.
आववेदक ववववेचनमा यमा परप्रीक्षर कवे दलौरमान अवभयभोजन समाक्ष्ययों कवे समार छवेड़िछमाड़ि नहहीं करवेरमा।
2. आववेदक अवभयभोजन समावक्षययों व पप्रीवड़िरमा/ वशकमायरकरमार कभो ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं।
3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशयों कमा पमालन करवेरमा, वह परप्रीक्षर कवे दलौरमान वबनमा कभोई अनमावश्यक स्ररन सलए वनयर वरसर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हभोरमा ररमा परप्रीक्षर मम ईममानदमारप्री सवे सहयभोर करवेरमा।
4. आववेदक जममानर पर ररहमा हभोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरसिंतरमा कमा दमुरूपयभोर नहप्री करवेरमा और वकसप्री भप्री अपरमासधक रवरववसध मम सलप्त नहहीं हभोरमा न कभोई अपरमासधक कक त्य करवेरमा।
5. आववेदक प्रत्यक्ष यमा अप्रत्यक्ष रूप सवे ममामलवे कवे रथ्ययों सवे पररवचर वकसप्री भप्री व्यवक्त यमा पमुसलस असधकमाररययों कभो कभोई प्रलभोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हप्री उनसवे कभोई वमायदमा करवेरमा, सजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्ययों कभो उजमारर करनवे सवे ववरर रहनमा पण्डिवेड उपरभोक्त शरर्दोसिं मम सवे वकसप्री कवे उलसिंघन कवे ममामलवे मम , परप्रीक्षर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर वनयममानमुसमार रद्द करनवे कभो स्वरसिंत हहै। Order Date :- 19.5.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad