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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 36591 (ALL)

SURESH v. STATE OF U.P.

BAIL/11010/2025 · 2025-08-04

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:132071 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 11010 of 2025 Applicant :- Suresh Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Amit Kumar Singh Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत, आववेदक ससुरवेश ककी ओर सवे मसु०अ०स० 216/2024, अन्रररर धमारमा 305(ए)/ 331(4)/ 317(2) बब.एन.एस, रमानमा खमारमा, जजलमा फरवेहपसुर मम जममानर पर मसुक्त करनवे हवेरसु प्रस्रसुर ककयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा, पररवमादब कवे कवदमान अजधवक्तमा एववं कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कको ससुनमा ररमा पतमावलब कमा पररशबलन ककयमा। 3. पररवमादब कवे कवदमान अजधवक्तमा नवे प्रकरशपर पत दमाजखल ककयमा उसवे पतमावलब पर रखमा जमाए। 4. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रसुर ककयमा कक आववेदक कको इस प्रकरर मम रलर एववं फजर्जी ढवंर सवे झझूठमा फवं समायमा रयमा हहै , उसनवे कजरर अपरमाध कमाररर नहहीं ककयमा हहै। प्ररम सझूचनमा ररपकोरर अजमार मम दजर करमायब रयब हहै। ररमाकजरर घरनमा कमा ककोई स्वरवंत जनसमाकब नहहीं हहै। आववेदक नवे प्ररम सझूचनमा मम उकल्लिजखर ककसब भब समाममान ककी ककोई चकोरब नहब ककी और न हब आववेदक कमा कजरर घरनमा सवे ककोई सम्बन्ध हहै। आववेदक कमा नमाम रलर ररबकवे सवे प्रकमाश मम लमायमा रयमा और उनकवे कवरूद्ध ककोई अपरमाध नहहीं बनरमा हहै। आववेदक कवे कब्जवे सवे ककोई बरमामदरब नहहीं हहई हहै , कजरर बरमामदरब फजर्जी हहै। कजरर घरनमा कमा ककोई स्वरवंत जनसमाकब नहहीं हहै। पसुननः उनकमा करन हहै कक आववेदक ककी ओर सवे यह आश्वमासन कदयमा रयमा हहै कक वह कमानझून ककी प्रकक्रियमा मम सहयकोर करनवे कवे जलए रहैयमार हहै और जब भब आवश्यकरमा हकोरब वह ईममानदमारब सवे अदमालर कवे समक खसुद कको उपलब्ध करमाएरमा और उन सभब शरतों कको स्वबकमार करनवे कवे जलए भब रहैयमार हहै जको न्यमायमालय उस पर अजधरकोकपर करवेरब। आववेदक कनदर्दोष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम कद० 30.08.2024 सवे कमारमारमार मम कनरुद्ध हहै इसजलए आववेदक कको जममानर पर छकोड़ कदयमा जमाय। 5. कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा नवे आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दो कमा प्रबल कवरकोध कररवे हहए रकर प्रस्रसुर ककयमा कक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध सवंजवेय एववं रवंम्भबर प्रकक कर कमा हहै, इसजलए आववेदक कको जममानर पर न छकोड़मा जमायवे। 6. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दोवं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलब पर उपलब्ध समारवमान रथ्यतों एववं पररणस्रकरयतों कमा समग्र रूप सवे अवलकोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरतों ककी प्रकक कर और ककसब भब ठकोस कवरकोधमात्मक समामग्रब ककी अनसुपणस्रकर एववं उपलब्ध समामग्रब सवे छवेड़छमाड़ ककी सवंभमावनमा न हकोनवे कवे रथ्य कको दवेखरवे हहए मवेरब रमाय मम आववेदक कको जममानर पर मसुक्त करनवे कमा उपयसुक्त आधमार हहै। 7. अरनः वमाद कवे रसुर दकोष पर कबनमा ककोई करप्परब ककए हहए आववेदक कको उपरकोक्त वकररर अपरमाध मम सवंबवंजधर न्यमायमालय ककी सन्रसुकष्टि पर व्यकक्तरर बवंध -पत एववं उसब धनरमाकश कवे दको प्रकरभझू प्रस्रसुर करनवे पर कनम्नजलजखर शरर्दोवं कवे समार जममानर पर छकोड़ कदयमा जमाय। 1. आववेदक कवववेचनमा यमा परबकर कवे ददौरमान अकभयकोजन समाक्ष्यतों कवे समार छवेड़छमाड़ नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अकभयकोजन समाककयतों व पबकड़रमा/ कशकमायरकरमार कको ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशतों कमा पमालन करवेरब, वह परबकर कवे ददौरमान कबनमा ककोई अनमावश्यक स्ररन जलए कनयर करजर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हकोरमा ररमा परबकर मम ईममानदमारब सवे सहयकोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हकोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरवंतरमा कमा दसुरूपयकोर नहब करवेरमा और ककसब भब अपरमाजधक रकरकवजध मम जलप्त नहहीं हकोरमा न ककोई अपरमाजधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक यमा अप्रत्यक रूप सवे ममामलवे कवे रथ्यतों सवे पररकचर ककसब भब व्यकक्त यमा पसुजलस अजधकमाररयतों कको ककोई प्रलकोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हब उनसवे ककोई वमायदमा करवेरमा, जजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्यतों कको उजमारर करनवे सवे कवरर रहनमा पण्डिवेडे़। 8. उपरकोक्त शरर्दोवं मम सवे ककसब कवे उल्लिवंघन कवे ममामलवे मम , परबकर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर कनयममानसुसमार रद्द करनवे कको स्वरवंत हहै। Order Date :- 5.8.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad