ARUN KUMAR VERMA v. STATE OF U.P. THRU. ADDL. CHIEF/PRIN. SECY. REVENUE LKO. AND 3 OTHERS
WPIL/1108/2025 · 2025-11-12
Subhash Vidyarthi
Public Interest Litigationbody2025
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[ 2025 DAILYLAW 202971 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD LUCKNOW PUBLIC INTEREST LITIGATION (PIL) No. - 1108 of 2025 Court No. - 17 HON'BLE SUBHASH VIDYARTHI, J.
1. यािचकाकतार् के िव्षान अिधव्वा ्शी िविपन कु मार िम्शा, राज्य सरकार के िव्षान अपर मुख्य स्थायी अिधव्वा ्शी पंकज ्शीवास्तव तथा िवप्षी संख्या 4 के िव्षान अिधव्वा ्शी शोभनाथ पाण्डेय को सुना तथा प्ऴावली का अवलोकन िकया।
2. जनिहत में ्ऺस्तुत इस यािचका ्षारा यािचकाकतार् ने िवप्षी संख्या 2- तहसीलदार बीकापुर, जनपद अयोध्या को यािचकाकतार् के ्ऺत्यावेदन िदनांक 18.09.2025 एवं 10.10.2025, जो चकमागर् गाटा नंबर 67 ्षाम तारून, परगना पि्ाम राठ, तहसील बीकापुर जनपद अयोध्या पर से अित्वमण हटाने के संबंध में िदया गया है, के शी्स िनस्तारण का िनदरॏश देने का अनुरोध िकया।
3. िव्षान अपर मुख्य स्थायी अिधव्वा ने उनको ्ऺाप्त अनुदेशों के आधार पर कहा िक अित्वमण हटाने के िलए राज्य के कमर् मौके पर गये थे तथा अित्वमणकािरयों ने मौिखक आ्षासन िदया है िक अित्वमण शी्स हटा िलया जायेगा। अित्वमणकािरयों ने स्थल पर गन्ने की फसल बोयी हुई है तथा उन्होंने अित्वमण हटाने के िलए एक सप्ताह के समय की मांग की थी। यिद अित्वमणकतार् चकमागर् खाली नहीं करते हैं तो बलपूवर्क चकमागर् खाली करा िलया जायेगा।
4. िवप्षी संख्या 4 ने ्ऺितशपथ-प्ऴ ्ऺस्तुत िकया िजसमें यह कथन है िक ्ऺश्नगत चकमागर् के संबंध में चकबन्दी अिधिनयम के अंतगर्त कायर्वाही चली थी तथा इस संबंध में उप संचालक चकबंदी, फै जाबाद ने आदेश िदनांक 10.12.1999 को िनणर्त की थी। उ्व आदेश िनम्न ्ऺकार हैः-
"आज िनगरानी संख्या 197, 313, 212, 657, 632, 196 की प्ऴाविलयां सुनवाई हेतु ्ऺस्तुत हुई। यह सभी िनगरािनयां प्षकारों तथा िववाद िवषय में एक दूसरे से सम्बिन्धत हैं अतः सुिवधा के दृि्िकोण से इनको समेिकत करते हुए इनका िनस्तारण एक ही आदेश ्षारा िकया जाता है। सम्बिन्धत प्षकारों को सुना गया व ्षाम अिभलेखों का अवलोकन िकया गया िवस्तृत आदेश िलखाया गया, तद्नुसार िनगरानी संख्या 197, 212, 632, 196 को अंशतः स्वीकार िकया जाता है, तथा िनगरानी संख्या- 263, 657 एवं 213 को िनरस्त िकया जाता है। अ्षेतर कायर्वाही के उपरांत प्ऴाविलयां सं्षहीत हों।" Versus Counsel for Petitioner(s) : Vipin Kumar Mishra Counsel for Respondent(s) : C.S.C., Mohan Singh Arun Kumar Verma .....Petitioner(s) State Of U.P. Thru. Addl. Chief/Prin. Secy. Revenue Lko. And 3 Others .....Respondent(s)
5.
उप संचालक चकबंदी का उपरो्व आदेश िदनांक 10.12.1999 िजला उप संचालक चकबंदी / िजलािधकारी, फै जाबाद ने आदेश िदनांक 17.01.2000 ्षारा िनरस्त कर िदया। िदनांक 17.01.2000 का आदेश िजलािधकारी के सम्ष कु छ अिधव्वाओं एवं जन ्ऺितिनिधयों ्षारा दैिनक समाचार प्ऴ जनमोचार् के आधार पर लायी गयी जानकारी पर पािरत िकया गया है तथा िकसी भी िनगरानी के आदेश से ्ििथत िकसी ्िि्व ने िजलािधकारी के सम्ष कोई ्ऺाथर्ना-प्ऴ ्ऺस्तुत नहीं िकया था।
6. धारा 48 चकबंदी अिधिनयम के अंतगर्त उप संचालक चकबंदी ्षारा पुनरी्षण में पािरत आदेश में हस्त्षेप करने का िजलािधकारी अथवा िजला उप संचालक चकबंदी को कोई वैधािनक अिधकार ्ऺाप्त नहीं है तथा न्यायालय ्षारा ्ऺश्न पूछे जाने पर भी िवप्षी संख्या 4 के िव्षान अिधव्वा िविध का ऐसा कोई ्ऺावधान नहीं िदखा सके । अतः िजला उप संचालक चकबंदी / िजलािधकारी, फै जाबाद ्षारा पािरत आदेश िदनांक 17.01.2000 ्षे्ऴािधकार िवहीन होने के कारण िविधशून्य है।
7. िवप्षी संख्या 4 ने ्ऺितशपथ-प्ऴ में यह भी कहा है िक िजलािधकारी के आदेश िदनांक 17.01.2000 की वैधता को इस न्यायालय के सम्ष चकबंदी िरट यािचका संख्या 124 सन 2000 के माध्यम से चुनौती दी गयी थी िजसमें पािरत आदेश िदनांक 18.05.2000 के ्षारा उ्व आदेश के ि्वयान्वयन पर रोक लगा दी गयी थी। उ्व यािचका संख्या 124 सन 2000 िदनांक 27.04.2016 को सूचीब्ध हुई िजस ितिथ को यािचकाकतार् के िव्षान अिधव्वा ने कहा िक यािचका उनको अनुदेश ्ऺाप्त न होने के आधार पर िनरस्त कर दी जाय तथा यािचका तद्नुसार, िनरस्त कर दी गयी।
8. उपरो्व से यह स्प्ि होता है िक यािचका संख्या 124 सन 2000 अंगीकृ त करते समय इस न्यायालय ने ्ऺथम दृ्िया यह संतोष ्ि्व िकया था िक आदेश िदनांक 17.01.2000 िविध में संधायर् नहीं है और इस कारण से आदेश के ि्वयान्वयन पर रोक लगायी गयी थी। यािचका मा्ऴ अनुदेशों के अभाव में िनरस्त हुई तथा गुण-दोष के आधार पर िनरस्त नहीं हुई। अतः यािचका में आदेश िदनांक 17.01.2000 की वैधता, िजसपर ्ऺथम दृ्िया ्ऺश्निच्ह लगा था, की पुि्ि नहीं की गयी।
9.
राज्य सरकार के िव्षान अपर मुख्य स्थायी अिधव्वा ने भी कहा िक िजला उप संचालक चकबंदी / िजलािधकारी, फै जाबाद का आदेश िदनांक 17.01.2000 ्षे्ऴािधकार के िबना पािरत िकया गया है तथा उ्व आदेश के आधार पर लंिबत पुनरी्षण भी ्षे्ऴािधकार िवहीन है एवं राज्य सरकार ्षारा ऐसी पिरिस्थित में अित्वमण हटाये जाने पर कोई िविधक पाबंदी नहीं है एवं राज्य सरकार इस संबंध में आवश्यक कायर्वाही सुिनि्ात करेगी।
10. तद्नुसार, यािचका इस िनदरॏश के साथ िनस्तािरत की जाती है िक िवप्षी संख्या 2 - तहसीलदार बीकापुर, जनपद अयोध्या चकमागर् गाटा नंबर 67 ्षाम तारून, परगना पि्ाम राठ, तहसील बीकापुर जनपद अयोध्या पर अित्वमण हटाने की कायर्वाही शी्सतापूवर्क, िविधनुसार करना सुिनि्ात करेंगे। November 12, 2025 Ankit WPIL No. 1108 of 2025 2 (Subhash Vidyarthi,J.) Digitally signed by :- ANKIT SHARMA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench