DEEPAK SINGH v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME LKO AND 4 OTHERS
A227/6695/2025 · 2025-11-21
Subhash Vidyarthi
body2025
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[ 2025 DAILYLAW 199426 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD LUCKNOW MATTERS UNDER ARTICLE 227 No. - 6695 of 2025 Court No. - 17 HON'BLE SUBHASH VIDYARTHI, J.
1. यािचकाकतार् की िव्षान अिधव्वा ्शीमती नूतन ठाकु र तथा उ्तर ्ऺदेश लोक सेवा न्यायािधकरण के िव्षान अिधव्वा ्शी िशखर आनंद की तरफ से उपिस्थत अिधव्वा ्शी रजत राज नारायण को सुना व प्ऴावली का अवलोकन िकया।
2. भारतीय संिवधान के अनुच्छेद 227 के अंतगर्त ्ऺस्तुत इस यािचका ्षारा यािचकाकतार् ने उ्तर ्ऺदेश लोक सेवा न्यायािधकरण को वाद संख्या 2410 वषर् 2022 को दो माह के भीतर िनस्तारण करने हेतु िनदरॏश देने का अनुरोध िकया है। उपरो्व वाद यािचकाकतार् ने लघु दण्ड आदेश के िवरु्ध ्ऺस्तुत िकया है।
3. यह तथ्य सवर्िविदत है िक सभी न्यायालय एवं न्यायािधकरण कायर् के अत्यिधक बोझ से जूझ रहे हैं। उ्तर ्ऺदेश लोक सेवा न्यायािधकरण एक लंबे समय तक सदस्यों की िरि्वयों के साथ काम करता रहा है तथा न्यायािधकरण पुराने वादों का अत्यिधक बोझ है। ऐसी पिरिस्थित में वषर् 2022 में लघु दण्ड के िवरु्ध ्ऺस्तुत िकए गए वाद पर शी्स िनस्तारण हेतु िनदरॏश देने का इस स्तर पर कोई औिचत्य नहीं है।
4. तदनुसार, यािचका िनरस्त की जाती है।
5. यािचकाकतार् न्यायािधकरण के सम्ष समुिचत ्ऺाथर्ना-प्ऴ देकर शी्स सुनवाई का अनुरोध कर सकते हैं तथा न्यायािधकरण वादों के िस्थित देखते हुए यािचकाकतार् के अनुरोध पर सहानुभूितपूवर्क िवचार करेगा। November 21, 2025 Sumit Versus Counsel for Petitioner(s) : Deepak Kumar, Nutan Thakur Counsel for Respondent(s) : C.S.C., Shikhar Anand (Subhash Vidyarthi,J.) Deepak Singh .....Petitioner(s) State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Lko And 4 Others .....Respondent(s) Digitally signed by :- SUMIT KAPOOR High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench