SMT. ROSHNI THRU. HUSBAND PANKAJ KUMAR v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME LKO. AND 3 OTHERS
HABC/341/2025 · 2025-09-11
Subhash Vidyarthi
body2025
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[ 2025 DAILYLAW 163745 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD LUCKNOW HABEAS CORPUS WRIT PETITION No. - 341 of 2025 Court No. - 13 HON'BLE SUBHASH VIDYARTHI, J.
1. प्रािथनी के िवद्वान अिधवक्ता श्री पंकज कु मार तथा िवद्वान अपर शासकीय अिधवक्ता प्रथम रमेश कु मार िसह को सुना तथा पत्रावली का अवलोकन िकया।
2. श्रीमती रोशनी की तरफ उसके पित श्री पंकज कु मार के माध्यम से प्रस्तुत इस बंदी प्रत्यक्षीकरण िरट यािचका में कहा गया है िक श्रीमती रोशनी को उसके माता व िपता -िवपक्षी संख्या 3 तथा 4 ने अवैध अिभरक्षा में िनरुद्ध कर रखा है।
3. यािचका में कहा गया है िक दोनों पक्ष व्यस्क हैं और उन्होंने िदनांक 14.04.2025 को िववाह कर िलया। पंद्रह िदन पित के साथ रहने के बाद श्रीमती रोशनी िदनांक 29.04.2025 को मायके गई तथा िदनांक 29.07.2025 को उसने पंकज को बताया उसके माता-िपता उसे प्रतािड़त कर रहे हैं।
4. यािचका में कहे गए कथनों से प्रथमदृष्टया यह प्रतीत होता है िक श्रीमती रोशनी अपनी स्वेच्छा से तीन महीनों तक िबना िकसी आपित्त अथवा िबना िकसी बलप्रयोग के अपने माता-िपता के साथ रहती रही।
5. यद्यिप, यािचका में कहे गए कथनों के अनुसार िदनांक 29.07.2025 को श्रीमती रोशनी ने पंकज को यह कहा िक उसको प्रतािड़त िकया जा रहा है, इस संबंध में पुिलस को िशकायत िदनांक 21.08.2025 को दी गई। इससे यह प्रतीत होता है िक प्रताड़ना के संबंध में एक कहानी गढ़ी गई है अन्यथा िदनांक 29.07.2025 के बाद शीघ्रता से कायर्वाही की होती।
6. िवद्वान अपर शासकीय अिधवक्ता ने उनको प्राप्त िलिखत अनुदेशों के आधार पर यह कहा िक िवपक्षी संख्या 3 सतीश कु मार ने िदनांक 30.07.2025 को रोशनी की गुमशुदगी के संबंध में पुिलस को सूचना दी है। िजसके संबंध में मुकदमा अपराध संख्या 449 वषर् 2025 अंतगर्त धारा Versus Counsel for Petitioner(s) : Pankaj Kumar, Ashok Kumar Mishra Counsel for Respondent(s) : G.A. Smt. Roshni Thru. Husband Pankaj Kumar .....Petitioner(s) State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Lko. And 3 Others .....Respondent(s)
87, भारतीय न्याय संिहता अंिकत करके िववेचना की जा रही है।
7. उपरोक्त तथ्यों से यािचकाकतीर् का िवपक्षी संख्या 3 तथा 4 की अवैध अिभरक्षा में िनरुद्ध होना िसद्ध नहीं होता है। यािचका बलहीन है, तदनुसार िनरस्त की जाती है। September 11, 2025 Sumit HABC No. 341 of 2025 2 (Subhash Vidyarthi,J.) Digitally signed by :- SUMIT KAPOOR High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench