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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 159442 (ALL)

LALLAN v. STATE OF U.P. THRU. DISTRICT FOREST OFFICER BAHRAICH

BAIL/7953/2025 · 2025-08-26

Subhash Vidyarthi

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD LUCKNOW CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 7953 of 2025 Court No. - 13 HON'BLE SUBHASH VIDYARTHI, J. 1. प्राथीर् के िवद्वान अिधवक्ता श्री मनोज कु मार ितवारी तथा िवद्वान अपर शासकीय अिधवक्ता श्री मयंक िसन्हा को सुना तथा पत्रावली का अवलोकन िकया। 2. धारा 439 दं०प्र०सं०/483 भारतीय नागिरक सुरक्षा संिहता (B.N.S.S.) में प्रस्तुत इस प्राथर्ना-पत्र द्वारा प्राथीर् ने रेन्ज वाद संख्या 05 सन 2025, अन्तगर्त धारा 09/51(1C), 27/51(1C), 29/51(1C), 31/51(1C), 39/51(1C), 48A/51(1C), 49B/51(1C) वन्यजीव संरक्षण अिधिनयम, 1972 एवं भारतीय वन अिधिनयम की धारा 26, रेन्ज-ककरहा, िजला-बहराइच, में जमानत की प्राथर्ना की है। 3. िदनांक 15.07.2025 को प्राथीर् सिहत दो व्यिक्तयों के िवरुद्ध िलखाए गए रेंज के स में यह कहा गया है िक प्राथीर् से पाँच प्रितबंिधत कछु ए बरामद हुए। 4. प्राथर्ना पत्र के साथ प्रस्तुत शपथ पत्र में कहा गया है िक प्राथीर् िनदोर्ष है और उसका कोई पूवर् आपरािधक इितहास नहीं है। 5. लगाए गए आरोप अिधकतम सात वषर् से कारावास से दंडनीय है। 6. िवद्वान अपर शासकीय अिधवक्ता ने प्राथर्ना पत्र का िवरोध करते हुए कहा िक प्राथीर् के कब्जे से प्रितबंिधत वन्य जीव बरामद हुए हैं। 7. उपरोक्त तथ्यों के दृिष्टगत, जबिक प्राथीर् का कोई पूवर् आपरािधक इितहास नहीं है; वह िदनांक 15.07.2025 से अिभरक्षा में है एवं किथत आरोप अिधकतम सात वषर् के कारावास सं दंडनीय है, न्यायालय का मत है िक प्राथीर् जमानत पर िरहा िकए जाने का अिधकारी है। Versus Counsel for Applicant(s) : Manoj Kumari Tiwari Counsel for Opposite Party(s) : G.A. Lallan .....Applicant(s) State Of U.P. Thru. District Forest Officer Bahraich .....Opposite Party(s) 8. तदनुसार, जमानत प्राथर्ना-पत्र स्वीकार िकया जाता है। 9. आवेदक को िनम्निलिखत शतोर्ं के अधीन संबंिधत मिजस्ट्रेट/न्यायालय की संतुिष्ट के अनुसार एक व्यिक्तगत बंधपत्र और समान रािश की दो जमानतें प्रस्तुत करने पर उपरोक्त मामले में जमानत पर िरहा िकया जाए: - (i) आवेदक अिभयोजन साक्ष्य के साथ छेड़छाड़ नहीं करेगा; (ii) आवेदक अिभयोजन पक्ष के सािक्षयों पर दबाव नहीं डालेगा; (iii) आवेदक िवचारण न्यायालय द्वारा िनयत की गई प्रत्येक ितिथ पर उपिस्थत होगा। August 26, 2025 Himanshu BAIL No. 7953 of 2025 2 (Subhash Vidyarthi,J.) Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench