Research › Search › Judgment
Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 156873 (ALL)
RAM KHELAWAN v. STATE OF U.P. THRU. SECY. HOME DEPTT. LKO.
/7419/2025 · 2025-08-13
Subhash Vidyarthi
body2025
[ 2025 DAILYLAW 156873 (ALL) · dailylaw.ai ]
[ 2025 DAILYLAW 156873 (ALL) · dailylaw.ai ]
Judgment text
Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.
Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:47485 Court No. - 13 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 7419 of 2025 Applicant :- Ram Khelawan Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Secy. Home Deptt. Lko. Counsel for Applicant :- Pawan Kumar Pandey Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J.
1. पप्रारर्थी कके अधधिवकप्रा नके एक पपूरक शपर पत्र पस्ततुत ककयप्रा, धजिसके अकभिलकेख पर धलयप्रा जिप्रातप्रा हहै।
2. पप्रारर्थी कके कवदप्रान अधधिवकप्रा शश्री पवन कतु मप्रार पप्रापांडकेय तरप्रा कवदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिवकप्रा शश्री मनश्रीष कवक्रम धसपांह चचौहप्रान कको सतुनप्रा तरप्रा पत्रप्रावलश्री कप्रा अवलकोकन ककयप्रा।
3. धिप्रारप्रा 439 दपां०प०सपां०/483 भिप्रारतश्रीय नप्रागररक सतुरकप्रा सपांकहतप्रा (B.N.S.S.) मम पस्ततुत इस पप्राररनप्रा-पत्र दप्रारप्रा पप्रारर्थी नके मतुकदमप्रा अपरप्राधि सपांख्यप्रा 0116 सन 2025, अन्तगरत धिप्रारप्रा 118(2), 352, 351(3) बश्री०एन०एस, रप्रानप्रा हररयप्रावप्रापां, धजिलप्रा-हरदकोई मम जिमप्रानत ककी पप्राररनप्रा ककी हहै।
4. उपरकोक पकरण पप्रारर्थी ककी पत्नश्री दप्रारप्रा कदनप्रापांक 18/06/2025 कको धलखप्राई गई परम सपूचनप्रा ररपकोरर कके आधिप्रार पर सपांसस्रत हहआ हहै, धजिसमम उसनके कहप्रा कक जिब कशकप्रायतकतर्थी एक पडकोसश्री कके घर गई रश्री , पश्रीछके सके पप्रारर्थी भिश्री वहप्रापां पहहपांच गयप्रा और गप्रालश्री-गलचौजि करनके लगप्रा तरप्रा मनप्रा करनके पर , पप्रारर्थी नके कशकप्रायतकतप्रार ककी नप्राक अपनके दप्रापांत सके कप्रार लश्री, धजिससके नप्राक करकर अलग हको गई।
5. पप्राररनप्रा पत्र कके सप्रार पस्ततुत शपर पत्र मम कहप्रा गयप्रा हहै कक पप्रारर्थी कनदर्दोष हहै और उसकप्रा ककोई आपरप्राधधिक इकतहप्रास नहहीं हहै।
6. एक पपूरक शपर पत्र कके मप्राध्यम सके पश्रीकडतप्रा कप्रा चकोर पपत्र सपांलग्न ककयप्रा गयप्रा हहै, धजिसमम नप्राक कप्रा एक कहस्सप्रा कर कर अलग हको जिप्रानके कप्रा धजिक्र हहै
तरप्रा कप्रान कके पश्रीछके भिश्री कप्रार लकेनके सके सपूजिन रश्री।
7. कवदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिवकप्रा नके पश्रीकडतप्रा कको प्लप्रासस्रक सजिररश्री कवभिप्राग मम सपांदकभिरत ककयप्रा गयप्रा।
8. चश्मदश्रीद गवप्राहहों नके कववकेचक कको बतप्रायप्रा कक कशकप्रायतकतर्थी कबनप्रा अपनके पकत कको बतप्राए पडकोसश्री कके घर चलश्री गई रश्री , धजिस कप्रारण पप्रारर्थी नके गतुस्सके मम आकर अपनश्री पत्नश्री ककी नप्राक दप्रापांत सके कप्रार लश्री।
9. कवदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिवकप्रा नके पप्राररनप्रा पत्र कप्रा कवरकोधि करतके हहए कहप्रा कक कववकेचनप्रा मम आरकोपहों ककी पतुकष्टि हहई हहै और आरकोप पत्र पस्ततुत ककयप्रा जिप्रा चतुकप्रा हहै।
10.
उपरकोक तथ्यहों कको दृकष्टिगत रखतके हहए , जिबकक घरनप्रा पकत -पत्नश्री कके झगडके सके अचप्रानक हश्री कप्राररत हको गई तरप्रा घरनप्रा मम ककसश्री हधरयप्रार कप्रा पयकोग नहहीं ककयप्रा गयप्रा हहै; पप्रारर्थी कप्रा ककोई आपरप्राधधिक इकतहप्रास नहहीं हहै और वह कदनप्रापांक 19/06/2025 सके जिकेल मम हहै, जिबकक कववकेचनप्रा पपूणर हको चतुककी हहै , न्यप्रायप्रालय कप्रा मत हहै कक पप्रारर्थी जिमप्रानत पर ररहप्रा ककए जिप्रानके कप्रा अधधिकप्रारश्री हहै।
11. तदनतुसप्रार, जिमप्रानत पप्राररनप्रा-पत्र स्वश्रीकप्रार ककयप्रा जिप्रातप्रा हहै।
12. आवकेदक कको कनम्नधलधखत शतर्दोपां कके अधिश्रीन सपांबपांधधित मधजिस्रटकेर/न्यप्रायप्रालय ककी सपांततुकष्टि कके अनतुसप्रार एक व्यककगत बपांधिपत्र और समप्रान रप्राकश ककी दको जिमप्रानतम पस्ततुत करनके पर उपरकोक मप्रामलके मम जिमप्रानत पर ररहप्रा ककयप्रा जिप्राए: - (i) आवकेदक अकभियकोजिन सप्राक्ष्य कके सप्रार छकेडछप्राड नहहीं करकेगप्रा; (ii) आवकेदक अकभियकोजिन पक कके सप्राककयहों पर दबप्राव नहहीं डप्रालकेगप्रा; (iii) आवकेदक कवचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा कनयत ककी गई पत्यकेक कतधर पर उपसस्रत हकोगप्रा। Order Date :- 13.8.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench