Research › Search › Judgment

Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 150903 (ALL)

SYED RASHID ALI v. STATE OF U.P. THRU. ADDL. CHIEF SECY. HOME LKO. AND ANOTHER

A482/5600/2025 · 2025-07-15

Subhash Vidyarthi

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:40143 Court No. - 15 Case :- APPLICATION U/S 482 No. - 5600 of 2025 Applicant :- Syed Rashid Ali Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Addl. Chief Secy. Home Lko. And Another Counsel for Applicant :- Manoj Kumar Dubey Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J. 1. पप्रारर्थी कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री मननोज कक मप्रार दकबके, वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा परम शश्री रप्राजकेश कक मप्रार धससिंह एविसिं वविपकश्री ससिंख्यप्रा 2 कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री मनो० नफकीस कनो सकनप्रा तरप्रा पतप्राविलश्री कप्रा अविलनोकन वकयप्रा। 2. धिप्रारप्रा 482 दण्ड पवक्रियप्रा ससिंवहतप्रा कके अन्तररत पस्तकत इस पप्राररनप्रा पत दप्रारप्रा पप्रारर्थी नके परम ससूचनप्रा ररपनोरर ससिंख्यप्रा 169 सन 2019 अन्तररत धिप्रारप्रा 498-A, 323, 504, 506 भप्रा०दसिं०ससिं० और ¾ दहकेज वनषकेधि अधधिवनयम, रप्रानप्रा रप्राजश्रीपकर, जनपद लखनऊ कके अनकक्रिम मम पस्तकत आरनोप पत वदनप्रासिंक 11.08.2019 तरप्रा उक कके आधिप्रार पर वविदप्रान वविचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा उक अपरप्राधि कप्रा ससिंजप्रान धलयप्रा एविसिं पप्रारर्थी कनो वविचप्रारण कके धलए तलब वकयप्रा रयप्रा, कके वनरस्तश्रीकरण ककी पप्राररनप्रा इस आधिप्रार पर ककी रई हहै वक पकक्षों कके मध्य समझझौतप्रा हनो रयप्रा हहै। 3. पकक्षों कके मध्य समझझौतप्रा हनो रयप्रा हहै धजसककी पवत पप्राररनप्रा -पत कके सप्रार ससिंलग्न हहै धजसमम यह कहप्रा रयप्रा हहै वक पप्रारर्थी तरप्रा वविपकश्री ससिंख्यप्रा 1 कके मध्य तलप्राक हनो रयप्रा हहै तरप्रा पप्रारर्थी नके वविपकश्री कनो भरण-पनोषण ककी समस्त धिनरप्रावश अदप्रा कर दश्री हहै। 4. समझझौतप्रा वविचप्रारण दप्रारप्रा वदनप्रासिंक 10.11.2023 कनो सत्यप्रावपत वकयप्रा जप्रा चककप्रा हहै। 5. वविपकश्री ससिंख्यप्रा 2 कके वविदप्रान अधधिविकप्रा नके भश्री समझझौतके कनो स्विश्रीकप्रार करतके हहए पप्राररनप्रा- पत कप्रा समररन वकयप्रा। 6. इस तथ्य कनो ध्यप्रान मम रखतके हहए वक पकक्षों कके बश्रीच वविविप्राद व्यवकरत पकक वत कप्रा हहै और सविर्वोच्च न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा बश्री.एस. जनोशश्री एविसिं अन्य बनप्राम हररयप्राणप्रा रप्राज्य एविसिं अन्य (2003) 4 एससश्रीसश्री 675, वनधखल मचरसिंर बनप्राम सश्रीबश्रीआई एविसिं अन्य (2008) 9 एससश्रीसश्री 677, मननोज शमप्रार बनप्राम रप्राज्य एविसिं अन्य (2008) 16 एससश्रीसश्री 1, जप्रान धससिंह बनप्राम पसिंजप्राब स्रकेशन (2010) 15 एससश्रीसश्री 118 और नररसिंदर धससिंह एविसिं अन्य बनप्राम पसिंजप्राब रप्राज्य एविसिं अन्य (2014) 6 एससश्रीसश्री 466 कके पकरणक्षों मम वनधिप्रारररत अनकपप्रात कके अनकसप्रार, पकरण कके तथ्यक्षों एविसिं पररसस्रवतयक्षों कनो दृवष्टिरत रखतके हहए आपरप्राधधिक कप्रायरविप्राहश्री कनो रद्द करनप्रा उवचत हनोरप्रा क्यक्षोंवक आपरप्राधधिक कप्रायरविप्राहश्री कनो जप्रारश्री रखनप्रा वनरररक हनोरप्रा। 7. तदनकसप्रार, पप्राररनप्रा पत स्विश्रीकप्रार वकयप्रा जप्रातप्रा हहै तरप्रा मप्राननश्रीय उच्चतम न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा वनधिप्रारररत वविधधि व्यविस्रप्रा कके अनकसप्रार ऐसके मप्रामलक्षों मम समझझौतके कके आधिप्रार पर कप्रायरविप्राहश्री वनरस्त ककी जप्रातश्री हहै। परम ससूचनप्रा ररपनोरर ससिंख्यप्रा 169 सन 2019 अन्तररत धिप्रारप्रा 498-A, 323, 504, 506 भप्रा०दसिं०ससिं० और ¾ दहकेज वनषकेधि अधधिवनयम, रप्रानप्रा रप्राजश्रीपकर, जनपद लखनऊ कके अनकक्रिम मम पस्तकत आरनोप पत वदनप्रासिंक 11.08.2019 तरप्रा उक कके आधिप्रार पर वविदप्रान वविचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा उक अपरप्राधि कप्रा ससिंजप्रान धलयप्रा एविसिं पप्रारर्थी कनो वविचप्रारण कके धलए तलब वकयप्रा रयप्रा , तरप्रा उपरनोक आपरप्राधधिक विप्राद ककी ससिंपसूणर कप्रायरविप्राहश्री पप्रारर्थी कके वविरुद्ध वनरस्त ककी जप्रातश्री हहै। [Subhash Vidyarthi,J.] Order Date :- 15.7.2025/Ankit Digitally signed by :- ANKIT SHARMA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench