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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 147611 (ALL)

PRINCE DUBEY @ ASHUTOSH AND 4 OTHERS v. STATE OF U.P. THRU. ADDL. CHIEF SECY. HOME DEPTT. U.P. LKO. AND ANOTHER

A482/5220/2025 · 2025-07-03

Subhash Vidyarthi

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:37528 Court No. - 15 Case :- APPLICATION U/S 482 No. - 5220 of 2025 Applicant :- Prince Dubey @ Ashutosh And 4 Others Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Addl. Chief Secy. Home Deptt. U.P. Lko. And Another Counsel for Applicant :- Ankush Pandey Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J. 1. पप्रारर्थीगण कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री अंकक श पप्राअंडकेय, वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा शश्री अभय कक मप्रार धसअंह एविअं वविपकश्री सअंख्यप्रा 2 कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री आवदित्य विमप्रार कको सकनप्रा तरप्रा पतप्राविलश्री कप्रा अविलकोकन वकयप्रा। 2. धिप्रारप्रा 482 दिण्ड पवक्रियप्रा सअंवहतप्रा कके अन्तगरत पस्तकत इस पप्राररनप्रा पत दप्रारप्रा पप्रारर्थीगण नके परम ससूचनप्रा ररपकोरर सअंख्यप्रा 115 सन 2021, अन्तगरत धिप्रारप्रा 323, 504, 506, 307, 34 भप्रा०दिअं०सअं०, रप्रानप्रा चप्राअंदिप्रा , जनपदि सकल्तप्रानपकर कके अनकक्रिम मम पस्तकत आरकोप पत वदिनप्राअंक 05.06.2021 तरप्रा उक कके आधिप्रार पर आपरप्राधधिक विप्रादि सअंख्यप्रा 8496 सन 2021 मम वविदप्रान अपर मकख्य न्यप्रावयक मधजस्रटकेर-17, सकल्तप्रानपकर दप्रारप्रा पप्राररत आदिकेश वदिनप्राअंक 07.12.2021 धजससके उक अपरप्राधि कप्रा सअंजप्रान धलयप्रा एविअं पप्रारर्थीगण कको वविचप्रारण कके धलए तलब वकयप्रा गयप्रा , कके वनरस्तश्रीकरण ककी पप्राररनप्रा इस आधिप्रार पर ककी गई हहै वक पकक्षों कके मध्य वदिनप्राअंक 15.06.2025 कको समझझौतप्रा हको गयप्रा हहै। 3. पप्रारर्थी सअंख्यप्रा 1 सके 5 तरप्रा वविपकश्री सअंख्यप्रा 2 कके दप्रारप्रा वनष्पप्रावदित मसूल सकलहनप्रामप्रा पप्राररनप्रा-पत कके सप्रार सअंलग्न हहै धजसमम यह कहप्रा गयप्रा हहै वक दिकोनक्षों पकक्षों कके मध्य अब वकसश्री भश्री पकप्रार ककी दिकरवभसअंधधि नहहीं हहै और दिकोनक्षों पक स्विस्रवचत्त मन वि बगहैर वकसश्री जकोर दिबप्रावि कके इस सकलहनप्रामम कको स्विकेच्छप्रा सके वनष्पप्रावदित कर रहके हह और उनकके मध्य अब वकसश्री पकप्रार कप्रा ककोई वविविप्रादि शकेष नहहीं रह गयप्रा हहै। 4. वविपकश्री सअंख्यप्रा 2 नके एक पवतशपर-पत पस्तकत करकके पप्राररनप्रा -पत कप्रा समररन वकयप्रा हहै। 5. पप्रारर्थीगण दप्रारप्रा कधरत रूप सके वकयप्रा गयप्रा अपरप्राधि वनजश्री पकक वत कप्रा हहै और इसकप्रा समप्राज पर ककोई व्यप्रापक पभप्रावि नहहीं पतश्रीत हकोतप्रा हहै। 6. तदिनकसप्रार, पप्राररनप्रा पत स्विश्रीकप्रार वकयप्रा जप्रातप्रा हहै। परम ससूचनप्रा ररपकोरर सअंख्यप्रा 115 सन 2021, अन्तगरत धिप्रारप्रा 323, 504, 506, 307, 34 भप्रा०दिअं०सअं०, रप्रानप्रा चप्राअंदिप्रा, जनपदि सकल्तप्रानपकर कके अनकक्रिम मम पस्तकत आरकोप पत वदिनप्राअंक 05.06.2021 तरप्रा उक कके आधिप्रार पर आपरप्राधधिक विप्रादि सअंख्यप्रा 8496 सन 2021 मम वविदप्रान अपर मकख्य न्यप्रावयक मधजस्रटकेर- 17, सकल्तप्रानपकर दप्रारप्रा पप्राररत आदिकेश वदिनप्राअंक 07.12.2021 धजससके उक अपरप्राधि कप्रा सअंजप्रान धलयप्रा एविअं पप्रारर्थीगण कको वविचप्रारण कके धलए तलब वकयप्रा गयप्रा, तरप्रा उपरकोक आपरप्राधधिक विप्रादि ककी सअंपसूणर कप्रायरविप्राहश्री पप्रारर्थीगण कके वविरुद वनरस्त ककी जप्रातश्री हहै। Order Date :- 3.7.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench