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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 146458 (ALL)
JITENDRA SHANKAR DIXIT AND 2 OTHERS v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME DEPTT. LKO. AND ANOTHER
A482/5089/2025 · 2025-07-03
Subhash Vidyarthi
body2025
[ 2025 DAILYLAW 146458 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:37520 Court No. - 15 Case :- APPLICATION U/S 482 No. - 5089 of 2025 Applicant :- Jitendra Shankar Dixit And 2 Others Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Deptt. Lko. And Another Counsel for Applicant :- Atul Kumar Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J.
1. पप्रारर्थीगण कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री अततुल कतु मप्रार तरप्रा वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा परम शश्री रप्राजकेश कतु मप्रार धससिंह कको सतुनप्रा तरप्रा पतप्राविलश्री कप्रा अविलकोकन वकयप्रा।
2. धिप्रारप्रा 482 दसिं०प०ससिं०/528 भप्रारतश्रीय नप्रागररक सतुरकप्रा ससिंवहतप्रा कके अन्तगरत पस्ततुत इस पप्राररनप्रा पत दप्रारप्रा मतुकदमप्रा अपरप्राधि ससिंख्यप्रा 235 सन 2020 अन्तगरत धिप्रारप्रा-452, 427, 504, 323 भप्रा०दसिं०ववि०, रप्रानप्रा- पधलयप्रा कलप्राल,जनपद-लखश्रीमपतुर खश्रीरश्री कके अनतुक्रम मम पस्ततुत आरकोप पत वदनप्रासिंवकत 01.06.2020, धजसकके दप्रारप्रा उपरकोक अपरप्राधि कप्रा ससिंजप्रान धलयप्रा तरप्रा पप्रारर्थीगण कको वविचप्रारण हकेततु तलब वकयप्रा, ककी विवैधितप्रा कको चतुननौतश्री दश्री गयश्री हवै।
3. वविदप्रान अवतररक शप्रासककीय अधधिविकप्रा नके उपरकोक पप्राररनप्रा-पत कप्रा वविरकोधि इस आधिप्रार पर वकयप्रा हवै वक धिप्रारप्रा 528 भप्रारतश्रीय नप्रागररक सतुरकप्रा ससिंवहतप्रा कके असिंतगरत ककेतप्राधधिकप्रार कप्रा उपयकोग करतके हहए न्यप्रायप्रालय पप्रारर्थीगण पर लगप्रायके गयके आरकोपपों ककी सत्यतप्रा कको नहहीं दकेख सकतश्री हवै। न्यप्रायप्रालय कको कके विल यह दकेखनप्रा हवै वक पतप्राविलश्री पर उपलब्धि पपतपों तरप्रा जप्रासिंच मम ससिंकधलत सप्राक्ष्यपों कके आधिप्रार पर पप्रारर्थीगण कके वविरुद्ध परम दृष्टयप्रा अपरप्राधि बनतप्रा हवै यप्रा नहहीं।
4. उपरकोक आदकेश ककी विवैधितप्रा कको चतुननौतश्री इस आधिप्रार पर दश्री गयश्री हवै वक पप्रारर्थीगण कके वविरुद्ध लगप्रायके गयके आरकोप असत्य हह। मप्राननश्रीय सविर्वोच्च
न्यप्रायप्रालय कके वनणरय कम दश्रीय जप्रासिंच ब्ययरको बनप्राम आयरन धससिंह आवद, 2023 एससश्रीसश्री ऑनलप्राइन एससश्री 379 मम अविधिप्राररत हवै वक धिप्रारप्रा 482 दसिं०प०ससिं० कके असिंतगरत शवकयपों कप्रा उपयकोग करतके हहए न्यप्रायप्रालय कको लघतु वविचप्रारण (वमनश्री टटप्रायल) करनके ककी आविश्यकतप्रा नहहीं हवै। इसमम अवभयकोजन / जप्रासिंच एजमसश्री कको आरकोपपों कको सप्रावबत करनके ककी आविश्यकतप्रा नहहीं हवै। दसिं०प०ससिं० ककी धिप्रारप्रा 482 कके असिंतगरत शवकयपों कप्रा उपयकोग करतके समय न्यप्रायप्रालय कके पप्रास बहहत सश्रीवमत अधधिकप्रार ककेत हवै और मप्रात यह वविचप्रार करनके ककी आविश्यकतप्रा हवै वक "क्यप्रा आरकोपश्री कके वविरुद्ध आगके बढ़नके कके धलए ककोई पयप्रारप सप्रामगश्री उपलब्धि हवै , धजसकके धलए आरकोपश्री पर मतुकदमप्रा चलप्रानके ककी आविश्यकतप्रा हवै यप्रा नहहीं"।
5.
यह पप्राररनप्रा-पत इस वनदरश कके सप्रार वनस्तप्राररत वकयप्रा जप्रातप्रा हवै वक यवद पप्रारर्थीगण वविचप्रारण न्यप्रायलय कके समक उपसस्रत हकोकर जमप्रानत पर ररहप्राई हकेततु पप्राररनप्रा पत दकेतप्रा हवै तको उसके मप्राननश्रीय उच्चतम न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा सतमदर कतु मप्रार असिंवतल बनप्राम सश्री.बश्री.आई., (2021) 10 एससश्रीसश्री 773 मम अविधिप्राररत वविधधिक धसद्धप्रासिंतपों कके आलकोक मम शश्रीघ्रतप्रापयविरक वनणर्थीत वकयप्रा जप्रायकेगप्रा।
6. तदनतुसप्रार, पप्राररनप्रा-पत वनस्तप्राररत वकयप्रा जप्रातप्रा हवै। Order Date :- 3.7.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench