Research › Search › Judgment

Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 139545 (ALL)

RICKY @ MUKESH v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME LKO. AND ANOTHER

BAIL/4109/2025 · 2025-05-16

Subhash Vidyarthi

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:28791 Court No. - 15 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 4109 of 2025 Applicant :- Ricky @ Mukesh Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Lko. And Another Counsel for Applicant :- Aakil Khan,Mohd. Zishan Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J. 1. पप्रारर्थी कके अधधिवकप्रा नके एक पपूरक शपर पत्र पस्ततुत ककयप्रा, धजिसके अकभिलकेख पर धलयप्रा जिप्राए। 2. पप्रारर्थी कके कवदप्रान अधधिवकप्रा शश्री आककल खप्रान तरप्रा कवदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिवकप्रा शश्री आललोक कतु मप्रार कतवप्रारश्री कलो सतुनप्रा तरप्रा पत्रप्रावलश्री कप्रा अवललोकन ककयप्रा। 3. धिप्रारप्रा 483 भिप्रारतश्रीय नप्रागररक सतुरकप्रा ससंकहितप्रा (B.N.S.S.) मम पस्ततुत इस पप्राररनप्रा-पत्र दप्रारप्रा पप्रारर्थी नके मतुकदमप्रा अपरप्राधि ससंख्यप्रा 627 सन 2024, अन्तगरत धिप्रारप्रा 64 बश्री०एन०एस, रप्रानप्रा-पश्री०जिश्री०आई, धजिलप्रा-लखनऊ मम जिमप्रानत ककी पप्राररनप्रा ककी हिहै। 4. कदनप्रासंक 07.09.2024 कलो पप्रारर्थी तरप्रा एक अन्य अकभियतुक अवनश्रीश कके कवरुद्ध धलखप्राई गई परम सपूचनप्रा ररपलोरर मम कशकप्रायतकतप्रार नके कहिप्रा कक वहि कदनप्रासंक 01.09.2024 कलो अपनश्री 31 वरर्थीय पत्नश्री कके सप्रार लखनऊ आयप्रा। कदनप्रासंक 04.09.2024 कलो स्महैक पश्रीनके ककी तलब हिलोनके पर उसककी मतुलप्राकप्रात सहि-अकभियतुक अवनश्रीश सके हिहई, धजिसनके उन्हिम स्महैक उपलब्धि करप्राई तरप्रा उसकके बप्राद एक मकप्रान मम जिप्रा कर सभिश्री ललोगगों नके स्महैक पश्री। अवनश्रीश नके कशकप्रायतकतप्रार कलो कफिर स्महैक लकेनके भिकेजि कदयप्रा तरप्रा उसकके पश्रीछके उसककी पत्नश्री सके बलप्रात्कप्रार ककयप्रा। कदनप्रासंक 06.09.2024 कलो पतुननः कशकप्रायतकतप्रार अपनश्री पत्नश्री कके सप्रार स्महैक पश्री रहिप्रा रप्रा, जिहिप्राहाँ पर पप्रारर्थी आयप्रा और उसनके सप्रार बहैठ कर स्महैक पश्री तरप्रा इसकके बप्राद उसककी पत्नश्री कके सप्रार पप्रास कके पकेडगों कके पप्रास गलत कप्राम ककयप्रा। 5. पप्राररनप्रा पत्र कके सप्रार पस्ततुत शपर पत्र मम कहिप्रा गयप्रा हिहै कक पप्रारर्थी एक 22 वरर्थीय कनदर्दोर नव-यतुवक हिहै, धजिसकप्रा कलोई आपरप्राधधिक इकतहिप्रास नहिहीं हिहै। 6. सहि-अकभियतुक अवनश्रीश कतु मप्रार धससंहि उफिर छलोरपू कलो जिमप्रानत पप्राररनप्रा पत्र ससंख्यप्रा 11985 सनन् 2024 मम पप्राररत आदकेश कदनप्रासंक 18.11.2024 दप्रारप्रा जिमप्रानत दश्री जिप्रा चतुककी हिहै। 7. एक पपूरक शपर पत्र कके मप्राध्यम सके दलो अन्य आपरप्राधधिक पकरणगों मम पप्रारर्थी ककी ससंधलप्ततप्रा दशप्रारई गई हिहै , धजिन दलोनगों मम उसकलो जिमप्रानत पर ररहिप्रा ककए जिप्रानके कप्रा आदकेश हिलो चतुकप्रा हिहै। 8. कवदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिवकप्रा नके पप्राररनप्रा पत्र कप्रा कवरलोधि करतके हिहए कहिप्रा कक कववकेचनप्रा कके ददौरप्रान आरलोपगों ककी पतुकष्टि हिहई हिहै तरप्रा कदनप्रासंक 19.02.2024 कलो आरलोप पत्र पस्ततुत ककयप्रा जिप्रा चतुकप्रा हिहै। 9. उपरलोक तथ्यगों कके दृकष्टिगत , जिबकक जिबकक समप्रान आरलोपगों वप्रालके सहि - अकभियतुक कलो जिमप्रानत दश्री जिप्रा चतुककी हिहै और वहि कदनप्रासंक 08.09.2024 सके जिकेल मम कनरुद्ध हिहै तरप्रा कववकेचनप्रा पपूणर हिलो चतुककी हिहै , न्यप्रायप्रालय कप्रा मत हिहै कक पप्रारर्थी भिश्री जिमप्रानत पर ररहिप्रा ककए जिप्रानके कप्रा अधधिकप्रारश्री हिहै। 10. तदनतुसप्रार, जिमप्रानत पप्राररनप्रा-पत्र स्वश्रीकप्रार ककयप्रा जिप्रातप्रा हिहै। 11. आवकेदक ररककी@मतुकके श कलो कनम्नधलधखत शतर्दोसं कके अधिश्रीन ससंबसंधधित मधजिस्रटकेर/न्यप्रायप्रालय ककी ससंततुकष्टि कके अनतुसप्रार एक व्यककगत बसंधिपत्र और समप्रान रप्राकश ककी दलो जिमप्रानतम पस्ततुत करनके पर उपरलोक मप्रामलके मम जिमप्रानत पर ररहिप्रा ककयप्रा जिप्राए: - (i) आवकेदक अकभियलोजिन सप्राक्ष्य कके सप्रार छकेडछप्राड नहिहीं करकेगप्रा; (ii) आवकेदक अकभियलोजिन पक कके सप्राककयगों पर दबप्राव नहिहीं डप्रालकेगप्रा; (iii) आवकेदक कवचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा कनयत ककी गई पत्यकेक कतधर पर उपसस्रत हिलोगप्रा। Order Date :- 16.5.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench