Research › Search › Judgment

Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 13892 (ALL)

JAI PRAKASH RAM v. STATE OF U.P.

BAIL/3366/2025 · 2025-05-05

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:72700 Court No. - 86 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 3366 of 2025 Applicant :- Jai Prakash Ram Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Shashi Kant Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत , आववेदक जय प्रकमाश रमाम ककी ओर सवे ममु०अ०स० 548/2024, अन्रररर धमारमा 3(5)/ 110/ 115(2)/ 352 बब.एन.एस, रमानमा ककोरवमालब, जजलमा बजलयमा मम जममानर पर ममुक्त करनवे हवेरमु प्रस्रमुर ककयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा एववं कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कको समुनमा ररमा पतमावलब कमा पररशबलन ककयमा। 3. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा नवे रकर प्रस्रमुर ककयमा कक आववेदक कको इस प्रकरर मम रलर एववं फजर्जी ढवंर सवे झझूठमा फवं समायमा रयमा हहै उसनवे कजरर अपरमाध कमाररर नहहीं ककयमा हहै। ररमाकजरर घटनमा मम आववेदक ककी ककोई ममुख्य भझूकमकमा नहहीं हहै। वमादब ममुकदममा दमारमा प्ररम सझूचनमा ररपकोटर मवे ककसब भब ममुणलजममान ककी कवकशष्ट भझूकमकमा दकशरर नहहीं ककी अरतः सभब ममुणलजममाननों ककी ररमाकजरर घटनमा कमाररर करनवे मम समाममान्य भझूकमकमा दशमारयब हहै। इससवे यह स्पष्ट नहहीं हकोरमा कक ररमाकजरर घटनमा मम आयब मजरूब कको चकोट ककसकवे दमारमा आयब। आववेदक कनदर्दोष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम कद० 01.01.2025 सवे कमारमारमार मम कनरुद्ध हहै इसजलए आववेदक कको जममानर पर छकोण्डि कदयमा जमाय। 4. कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा नवे आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दो कमा प्रबल कवरकोध कररवे हहए रकर प्रस्रमुर ककयमा कक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध सवंजवेय एववं रवंम्भबर प्रकक कर कमा हहै, इसजलए आववेदक कको जममानर पर न छकोडमा जमायवे। 5. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा कवे रकर्दोवं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलब पर उपलब्ध समारवमान रथ्यनों एववं पररणस्रकरयनों कमा समग्र रूप सवे अवलकोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरनों ककी प्रकक कर और ककसब भब ठकोस कवरकोधमात्मक समामग्रब ककी अनमुपणस्रकर एववं उपलब्ध समामग्रब सवे छवेडछमाड ककी सवंभमावनमा न हकोनवे कवे रथ्य कको दवेखरवे हहए मवेरब रमाय मम आववेदक कको जममानर पर ममुक्त करनवे कमा उपयमुक्त आधमार हहै। 6. अरतः वमाद कवे रमुर दकोष पर कबनमा ककोई कटप्परब ककए हहए आववेदक कको उपरकोक्त वकररर अपरमाध मम सवंबवंजधर न्यमायमालय ककी सन्रमुकष्ट पर व्यकक्तरर बवंध -पत एववं उसब धनरमाकश कवे दको प्रकरभझू प्रस्रमुर करनवे पर कनम्नजलजखर शरनों कवे समार जममानर पर छकोड कदयमा जमाय। 1. आववेदक कवववेचनमा यमा परबक्षर कवे ददौरमान अकभयकोजन समाक्ष्यनों कवे समार छवेडछमाड नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अकभयकोजन समाकक्षयनों व पबकडरमा / कशकमायरकरमार कको ण्डिरमायवेरमा/धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशनों कमा पमालन करवेरब , वह परबक्षर कवे ददौरमान कबनमा ककोई अनमावश्यक स्ररन जलए कनयर करजर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हकोरमा ररमा परबक्षर मम ईममानदमारब सवे सहयकोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हकोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरवंतरमा कमा दमुरूपयकोर नहहीं करवेरमा और ककसब भब अपरमाजधक रकरकवजध मम जलप्त नहहीं हकोरमा न ककोई अपरमाजधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक्ष यमा अप्रत्यक्ष रूप सवे ममामलवे कवे रथ्यनों सवे पररकचर ककसब भब व्यकक्त यमा पमुजलस अजधकमाररयनों कको ककोई प्रलकोभन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हब उनसवे ककोई वमायदमा करवेरमा , जजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्यनों कको उजमारर करनवे सवे कवरर रहनमा पडवे। उपरकोक्त शरर्दोवं मम सवे ककसब कवे उलवंघन कवे ममामलवे मम , परबक्षर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर कनयममानमुसमार रद्द करनवे कको स्वरवंत हहै। Order Date :- 6.5.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad