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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 138411 (ALL)

ARVIND KISAN v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME DEPTT. GOVT. LKO

BAIL/3846/2025 · 2025-05-06

Subhash Vidyarthi

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:26105 Court No. - 15 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 3846 of 2025 Applicant :- Arvind Kisan Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Deptt. Govt. Lko Counsel for Applicant :- Alok Kumar Mishra,Anjali Pandey Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J. 1. पप्रारर्थी कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री आललोक कक मप्रार वमशप्रा , वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा शश्री अंशकमप्रान विमप्रार्मा तरप्रा वशकप्रायतकतप्रार्मा कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री हररनप्राम धसअंह कलो सकनप्रा तरप्रा पतप्राविलश्री कप्रा अविललोकन वकयप्रा। 2. धिप्रारप्रा 483 भप्रारतश्रीय नप्रागररक सकरकप्रा सअंवहतप्रा (B.N.S.S.) मम पस्तकत इस पप्रारर्मानप्रा-पत दप्रारप्रा पप्रारर्थी नके मककदमप्रा अपरप्राधि सअंख्यप्रा 0475 सन 2024, अन्तगर्मात धिप्रारप्रा 103(1), 80(2), 85, 92, 60(2) बश्री०एन०एस एविअं 3/4 दहकेज पवतषकेधि अधधिवनयम, रप्रानप्रा-वबलगप्राम, धजलप्रा-हरदलोई मम जमप्रानत ककी पप्रारर्मानप्रा ककी हहै। 3. वदनप्राअंक 06.10.2024 कलो पप्रारर्थी दप्रारप्रा स्वियअं हश्री धलखप्राई गई परम ससूचनप्रा ररपलोरर्मा मम कहप्रा गयप्रा हहै वक जब विह अपनश्री पत्नश्री कके सप्रार मलोररसप्राइवकल सके घर सके हरदलोई गयप्रा रप्रा तरप्रा वदनप्राअंक 04.10.2024 हरदलोई सके अपनश्री ससकरप्राल कलो जप्रा रहप्रा रप्रा, रप्रास्तके मम वबलगप्राम हरदलोई मप्रागर्मा पर पश्रीछके सके आ रहके तकेज रफ्तप्रार डम्पर नके लगभग शप्राम 8:30 बजके उसककी मलोररसप्राइवकल मम रक्कर मप्रार दश्री तरप्रा पप्रारर्थी ककी पत्नश्री कके धसर कलो ररौंधितके हहए डम्पर भप्राग गयप्रा। डम्पर कप्रा नअंबर सप्राफ वदखप्राई नहहीं दके रहप्रा रप्रा। पकधलस वि एम्बकलमस कलो ससूचनप्रा दकेनके कके बप्राद आनन -फप्रानन मम सप्रामकदप्रावयक स्विप्रास्थ्य कम द्र वबलगप्राम लप्रायप्रा गयप्रा, जहप्राहाँ डप्राक्रररों नके पप्रारर्थी ककी पत्नश्री कलो ममृत घलोवषत कर वदयप्रा। 4. शवि वविच्छकेदन आख्यप्रा मम धसर कप्रा कक चल कके फर जप्रानप्रा पप्रायप्रा गयप्रा तरप्रा ममृत्यक कप्रा कप्रारण धसर ककी चलोर कके कप्रारण अपघप्रात एविअं रकसप्रावि बतप्रायप्रा गयप्रा। 5. पप्रारर्मानप्रा पत कके सप्रार कक छ समप्राचप्रार पतरों मम छपके समप्राचप्राररों ककी पवतयप्राअं सअंलग्न हहै, धजसकके अनकसप्रार पश्रीवड़ितप्रा ककी ममृत्यक सड़िक दकघर्मारनप्रा मम हहई। पश्रीवड़ितप्रा ममृत्यक कके समय गभर्मावितश्री रश्री। 6. पप्रारर्थी नके वदनप्राअंक 22.10.2024 कलो पकधलस कलो एक पप्रारर्मानप्रा पत दकेकर यह कहप्रा वक उसककी ममृत पत्नश्री कके भप्राई सअंजय कक मप्रार तरप्रा अधखलकेश लप्रालचश्री वकस्म कके व्यवक हह तरप्रा विह पप्रारर्थी ककी पत्नश्री ककी ममृत्यक कके बप्राद उससके धिन ऐअंठनप्रा चप्राहतके हह और इस कप्रारण पप्रारर्थी कके धखलप्राफ फजश्रीर्मा पप्रारर्मानप्रा पत दकेतके रहतके हह। पप्रारर्थी नके वदनप्राअंक 29.10.2024 कलो अपनश्री ममृत पत्नश्री कके वपतप्रा एविअं दलो भप्राइयरों कके वविरुद्ध धिप्रारप्रा 173(4) बश्री०एन०एस०एस कके अन्तगर्मात पप्रारर्मानप्रा पत वदयप्रा हहै। 7. वविविकेचनप्रा कके ददौरप्रान पप्रारर्थी नके परम ससूचनप्रा ररपलोरर्मा कके करनरों ककी पकवष्टि ककी। पप्रारर्थी दप्रारप्रा दहकेज कके धलए अपनश्री बहन कलो पतप्रावड़ित करनप्रा कहप्रा तरप्रा यह कहप्रा वक उसकलो वविश्विप्रास हहै वक पप्रारर्थी दप्रारप्रा उसककी बहन ककी हत्यप्रा कर उसके दकघर्मारनप्रा वदखप्राई गई। 8. पप्रारर्मानप्रा पत कके सप्रार पस्तकत शपर पत मम कहप्रा गयप्रा हहै वक पप्रारर्थी वनदर्दोष हहै। पप्रारर्मानप्रा पत कके पस्तर 21 मम एक अन्य आपरप्राधधिक पकरण धिप्रारप्रा 3/25 आयकधि अवघवनयम कके एक पकरण मम पप्रारर्थी ककी सअंधलप्ततप्रा दशप्रार्माई गई हहै , धजसमम उसकलो जमप्रानत वमल चकककी हहै। 9. वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा तरप्रा वशकप्रायतकतप्रार्मा कके वविदप्रान अधधिविकप्रा नके पप्रारर्मानप्रा पत कप्रा वविरलोधि करतके हहए कहप्रा वक वविविकेचनप्रा मम अपरप्राधि कप्राररत करनके मम पप्रारर्थी ककी सअंधलप्ततप्रा पकप्राश मम आई हहै और वदनप्राअंक 12.03.2025 कलो आरलोप पत पस्तकत वकयप्रा जप्रा चककप्रा हहै। उन्हरोंनके यह भश्री कहप्रा वक सह -अवभयकक विहैभवि उफर्मा धिमरअंद्र कप्रा जमप्रानत पप्रारर्मानप्रा पत सअंख्यप्रा 2092 सनन् 2025 इस न्यप्रायप्रालय मम लअंवबत हहै। 10. उक सह-अवभयकक कके वविरुधि यह तथ्य पकप्राश मम आयप्रा रप्रा वक घरनप्रा मम सअंधलप्त विप्राहन उक सह-अवभयकक विहैभवि डम्पर कप्रा चप्रालक हहै। 11. उपरलोक तथ्यरों कके दृवष्टिगत, जबवक घरप्रा वदनप्राअंक 04.10.2024 कलो शप्राम 8:30 बजके हहई ; पलोस्रमप्रारर्माम कके पश्चप्रात परम ससूचनप्रा ररपलोरर्मा वदनप्राअंक 06.10.2024 कलो पप्रारर्थी नके स्वियअं हश्री धलखप्राई तरप्रा ममृतकप्रा कके भप्राईयरों नके उस स्तर पर कलोई वशकप्रायत नहहीं ककी; पप्रारर्थी नके ममृतकप्रा कके भप्राईयरों कके वविरुद्ध धिन उगप्राहश्री कके पयप्रास मम झसूठके आरलोप लगप्रानके कप्रा करन करतके हहए पकधलस कलो एक पप्रारर्मानप्रा पत वदनप्राअंक 22.10.2024 कलो वदयप्रा रप्रा तरप्रा धिप्रारप्रा 173(4) बश्री०एन०एस०एस कके अंतगर्मात पप्रारर्मानप्रा पत वदनप्राअंक 29.10.2024 कलो वदयप्रा रप्रा; ममृतकप्रा कके भप्राई नके दहकेज कके धलए पतप्रावड़ित करनके तरप्रा पप्रारर्थी दप्रारप्रा उसककी हत्यप्रा वकए जप्रानके कप्रा सअंदकेह व्यक वकयप्रा, वकन्तक मप्रात सअंदकेह कके अवतररक पप्रारर्थी कके वविरुद्ध कलोई सप्रामगश्री नहहीं हहै और विह वदनप्राअंक 21.12.2024 सके जकेल मम वनरुद्ध हहै तरप्रा वविविकेचनप्रा पसूणर्मा हलो चकककी हहै , न्यप्रायप्रालय कप्रा मत हहै वक पप्रारर्थी जमप्रानत पर ररहप्रा वकए जप्रानके कप्रा अधधिकप्रारश्री हहै। 12. तदनकसप्रार, जमप्रानत पप्रारर्मानप्रा-पत स्विश्रीकप्रार वकयप्रा जप्रातप्रा हहै। 13. आविकेदक अरवविन्द वकसप्रान कलो वनम्नधलधखत शतर्दोअं कके अधिश्रीन सअंबअंधधित मधजस्रटकेर/न्यप्रायप्रालय ककी सअंतकवष्टि कके अनकसप्रार एक व्यवकगत बअंधिपत और समप्रान रप्रावश ककी दलो जमप्रानतम पस्तकत करनके पर उपरलोक मप्रामलके मम जमप्रानत पर ररहप्रा वकयप्रा जप्राए: - (i) आविकेदक अवभयलोजन सप्राक्ष्य कके सप्रार छकेड़िछप्राड़ि नहहीं करकेगप्रा; (ii) आविकेदक अवभयलोजन पक कके सप्रावकयरों पर दबप्रावि नहहीं डप्रालकेगप्रा; (iii) आविकेदक वविचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा वनयत ककी गई पत्यकेक वतधर पर उपसस्रत हलोगप्रा। Order Date :- 6.5.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench