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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 130445 (ALL)
SHYAMU RAJ @ VIRENDRA v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME LKO.
BAIL/2586/2025 · 2025-03-27
Subhash Vidyarthi
body2025
[ 2025 DAILYLAW 130445 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:17715 Court No. - 15 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 2586 of 2025 Applicant :- Shyamu Raj @ Virendra Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Lko. Counsel for Applicant :- Rahul Agnihotri,Uday Kumar Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J.
1. पप्रारर्थी कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री रप्राहहल अवग्निहहोतश्री तरप्रा वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा शश्री अंशशुमप्रान विमप्रार्मा कहो सशुनप्रा तरप्रा पतप्राविलश्री कप्रा अविलहोकन वकयप्रा।
2. धिप्रारप्रा 439 दअं०प०सअं०/483 भप्रारतश्रीय नप्रागररक सशुरकप्रा सअंवहतप्रा (B.N.S.S.) मम पस्तशुत इस पप्रारर्मानप्रा-पत दप्रारप्रा पप्रारर्थी नके मशुकदमप्रा अपरप्राधि सअंख्यप्रा 461 सन 2024, अन्तगर्मात धिप्रारप्रा 80(2),85 बश्री०एन०एस एविअं 3/4 दहकेज पवतषकेधि अधधिवनयम, रप्रानप्रा-धिधौरहरप्रा,धजलप्रा-खश्रीरश्री मम जमप्रानत ककी पप्रारर्मानप्रा ककी हहै।
3. वदनप्रानाँक 02.10.2024 कहो पप्रारर्थी, उसकके मप्रातप्रा-वपतप्रा तरप्रा दहो भप्राइययों कके वविरुद्ध धलखप्राई गई परम ससूचनप्रा ररपहोरर्मा मम कहप्रा गयप्रा हहै वक वशकप्रायतकतप्रार्मा नके अपनश्री पशुतश्री कप्रा वविविप्राह पप्रारर्थी कके सप्रार लगभग चप्रार विषर्मा पसूविर्मा वकयप्रा रप्रा। दहकेज़ ककी मप्रानाँग कके कप्रारण सभश्री अवभयशुकगण वशकप्रायतकतप्रार्मा ककी पशुतश्री कहो पतप्रावड़ित करतके रके तरप्रा वदनप्राअंक 28.09.2024 कहो वदन मम तश्रीन बजके उसके ससूचनप्रा वमलश्री ककी उसककी पशुतश्री कहो अवभयशुकगण नके मप्रारकर आम कके पकेड़ि सके लरकप्रा दश्री हहै।
4. पअंचप्रायतनप्रामके कके सभश्री गविप्राहयों नके कहप्रा वक पश्रीवडड़ितप्रा नके फप्राअंसश्री लगप्राकर आत्महत्यप्रा ककी हहै।
5. शवि वविच्छकेदन आख्यप्रा मम पश्रीवडड़ितप्रा कके गलके कके चप्रारयों ओर लरकनके कप्रा वनशप्रान पप्रायप्रा गयप्रा, धजसमम गलके कके दप्रावहनश्री तरफ 3 सके.मश्री. ककी खप्रालश्री जगह भश्री रश्री तरप्रा ममृत्यशु कप्रा कप्रारण लरकनके कके कप्रारण दम घशुरनप्रा बतप्रायप्रा गयप्रा हहै।
6. पप्रारर्मानप्रा पत कके सप्रार पस्तशुत शपर पत मम कहप्रा गयप्रा हहै वक पप्रारर्थी वनदर्दोष हहै तरप्रा उसकप्रा कहोई पसूविर्मा आपरप्राधधिक इवतहप्रास नहहीं हहै।
7. वविविकेचनप्रा कके दधौरप्रान पप्रारर्थी कके भप्राइययों कके वविरुद्ध लगप्राए गए आरहोपयों ककी पशुवष्टि नहहीं हहई हहै तरप्रा मप्रात पप्रारर्थी एविअं उसकके मप्रातप्रा -वपतप्रा कके वविरुद्ध आरहोप पत पस्तशुत हहआ हहै। उसकके वपतप्रा कहो सत न्यप्रायप्रालय सके तरप्रा उसककी मप्रातप्रा कहो इस न्यप्रायप्रालय सके जमप्रानत वमल चशुककी हहै।
8. वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा नके पप्रारर्मानप्रा पत कप्रा वविरहोधि करतके हहए कहप्रा वक वविविकेचनप्रा मम पप्रारर्थी कके वविरुद्ध आरहोपयों ककी पशुवष्टि हहई हहै और वदनप्राअंक 13.12.2024 कहो
आरहोप पत पस्तशुत वकयप्रा जप्रा चशुकप्रा हहै।
9.
उपरहोक तथ्ययों कके दृवष्टिगत , जबवक परम ससूचनप्रा ररपहोरर्मा मम सभश्री अवभयशुकगण कके वविरुद्ध एक समप्रान पकमृ वत कके आरहोप लगप्राए गए हह तरप्रा पप्रारर्थी कके वविरुद्ध कहोई वविशकेष करन नहहीं वकयप्रा गयप्रा हहै; दहो व्यवकययों कके वविरुद्ध आरहोपयों ककी पशुवष्टि वविविकेचनप्रा कके दधौरप्रान नहहीं हहई हहै तरप्रा अन्य दहो सह -अवभयशुक कहो जमप्रानत वमल चशुककी हहै तरप्रा पप्रारर्थी कप्रा कहोई आपरप्राधधिक इवतहप्रास नहहीं हहै एविअं विह वदनप्राअंक 04.10.2024 सके जकेल मम वनरुद्ध हहै , न्यप्रायप्रालय कप्रा मत हहै वक पप्रारर्थी जमप्रानत पर ररहप्रा वकए जप्रानके कप्रा अधधिकप्रारश्री हहै।
10. तदनशुसप्रार, जमप्रानत पप्रारर्मानप्रा-पत स्विश्रीकप्रार वकयप्रा जप्रातप्रा हहै।
11. आविकेदक श्यप्रामसू रप्राज @ विश्रीरमद्र कहो वनम्नधलधखत शतर्दोअं कके अधिश्रीन सअंबअंधधित मधजस्रटकेर/न्यप्रायप्रालय ककी सअंतशुवष्टि कके अनशुसप्रार एक व्यवकगत बअंधिपत और समप्रान रप्रावश ककी दहो जमप्रानतम पस्तशुत करनके पर उपरहोक मप्रामलके मम जमप्रानत पर ररहप्रा वकयप्रा जप्राए: - (i) आविकेदक अवभयहोजन सप्राक्ष्य कके सप्रार छकेड़िछप्राड़ि नहहीं करकेगप्रा; (ii) आविकेदक अवभयहोजन पक कके सप्रावकययों पर दबप्रावि नहहीं डप्रालकेगप्रा; (iii) आविकेदक वविचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा वनयत ककी गई पत्यकेक वतधर पर उपसस्रत हहोगप्रा। Order Date :- 27.3.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench