Research › Search › Judgment
Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 129767 (ALL)
TAUSEEF AHMAD v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. (HOME) LKO.
BAIL/2480/2025 · 2025-03-25
Subhash Vidyarthi
body2025
[ 2025 DAILYLAW 129767 (ALL) · dailylaw.ai ]
[ 2025 DAILYLAW 129767 (ALL) · dailylaw.ai ]
Judgment text
Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.
Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:17095 Court No. - 15 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 2480 of 2025 Applicant :- Tauseef Ahmad Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Prin. Secy. (Home) Lko. Counsel for Applicant :- Mohd. Islam Khan,Syed Jafar Husain Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J.
1. पप्रारर्थी कके वविदप्रान अधधिविकप्रा शश्री ममोहम्मद इस्लप्राम खप्रान तरप्रा वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा शश्री अमरश्रीष विमप्रार्मा कमो ससुनप्रा तरप्रा पतप्राविलश्री कप्रा अविलमोकन वकयप्रा।
2. धिप्रारप्रा 439 ददं०प०सदं०/483 भप्रारतश्रीय नप्रागररक ससुरकप्रा सदंवहतप्रा (B.N.S.S.) मम पस्तसुत इस पप्रारर्मानप्रा-पत दप्रारप्रा पप्रारर्थी नके मसुकदमप्रा अपरप्राधि सदंख्यप्रा 544 सन 2024, अन्तगर्मात धिप्रारप्रा 69 बश्री०एन०एस, रप्रानप्रा कमोतविप्रालश्री रुददौलश्री , धजिलप्रा अयमोध्यप्रा मम जिमप्रानत ककी पप्रारर्मानप्रा ककी हहै।
3. वदनप्रानाँक 19.12.2024 कमो धलखप्राई गई परम ससूचनप्रा ररपमोरर्मा मम वशकप्रायतकतर्थी नके कहप्रा वक पप्रारर्थी उसकके सप्रार शप्रादश्री करनके कके धलए बप्रात करतप्रा रप्रा और सनन् 2021 मम सऊदश्री अरब चलप्रा गयप्रा तरप्रा विहप्रानाँ सके भश्री उससके बप्रात करतप्रा रप्रा। वदनप्रानाँक 09.10.2024 कमो विप्रापस घर आनके कके बप्राद पप्रारर्थी नके एक वकरप्राए कप्रा कमरप्रा धलयप्रा , जिहप्रानाँ पर वशकप्रायतकतर्थी कके सप्रार कई बप्रार शप्रारश्रीररक सदंबदंधि बनप्राए , वकन्तसु उसकके बप्राद शप्रादश्री करनके सके इदंकप्रार कर वदयप्रा।
4. धिप्रारप्रा 180 बश्री०एन०एस०एस० कके अदंतगर्मात अदंवकत अपनके बयप्रान मम वशकप्रायतकतर्थी नके अपनश्री आयसु 28 विषर्मा बतप्राई तरप्रा उसनके कहप्रा वक विह पप्रारर्थी कमो चप्रार विषरदं सके जिप्रानतश्री हहै। विह पप्रारर्थी कके सप्रार चप्रार मप्राह तक वकरप्राए कके कमरके मम रहश्री तरप्रा अनकेककों बप्रार शप्रारश्रीररक सदंबदंधि बनप्राए, इसकके बप्राद पप्रारर्थी नके वशकप्रायतकतर्थी सके शप्रादश्री करनके सके इदंकप्रार कर वदयप्रा।
5. वविविकेचक नके कसु छ पडमोधसयकों कके बयप्रान अदंवकत वकए, धजिन सभश्री नके कहप्रा वक एक मवहलप्रा वकरप्राए कके कमरके मम रहतश्री रश्री तरप्रा एक पसुरुष अक्सर उससके वमलनके आयप्रा करतप्रा रप्रा।
6. वशकप्रायतकतर्थी कके वचवकत्सककीय परश्रीकण मम कमोई ऐसप्रा तथ्य नहहीं आयप्रा हहै , धजिससके बल पयमोग ककी पसुवष्टि हमोतश्री हमो।
7. धिप्रारप्रा 183 बश्री०एन०एस०एस० कके अन्तगर्मात अदंवकत अपनके बयप्रान मम
वशकप्रायतकतर्थी नके अपनके पसूविर्मा बयप्रानकों कमो हश्री दमोहरप्रायप्रा हहै।
8. पप्रारर्मानप्रा पत कके सप्रार पस्तसुत शपर पत मम कहप्रा गयप्रा हहै वक पप्रारर्थी वनदरष हहै और उसकप्रा कमोई आपरप्राधधिक इवतहप्रास नहहीं हहै।
9. वविदप्रान अपर शप्रासककीय अधधिविकप्रा नके उनकमो पप्राप्त धलधखत अनसुदकेशकों कके आधिप्रार पर पप्रारर्मानप्रा पत कप्रा वविरमोधि वकयप्रा और उन्हकोंनके कहप्रा वक वविविकेचनप्रा मम आरमोप पसुष्टि हहए हह और वदनप्रादंक 03.03.2025 कमो आरमोप पत पस्तसुत वकयप्रा जिप्रा चसुकप्रा हहै। आरमोप पत मम पप्रारर्थी ककी आयसु 25 विषर्मा कहश्री गई हहै।
10.
उपरमोक तथ्यकों कके दृवष्टिगत, जिबवक वशकप्रायतकतर्थी ककी आयसु 28 विषर्मा हहै और विह ऐसश्री आयसु ककी हहै, धजिसमम सप्रामप्रान्यततः व्यवक अपनश्री कक त्यकों कप्रा पभप्रावि समझतके हह और उसकके धलए उत्तरदप्राई हमोतके हहै; पप्रारर्थी वशकप्रायतकतर्थी सके तश्रीन विषर्मा छमोरप्रा हहै। इसकके उपरप्रादंत हश्री वशकप्रायतकतर्थी नके वबनप्रा वविविप्राह कके पप्रारर्थी कके सप्रार शप्रारश्रीररक सदंबदंधि बनप्राए; पप्रारर्थी दप्रारप्रा बल पयमोग कप्रा कमोई करन नहहीं हहै। पप्रारर्थी कप्रा कमोई आपरप्राधधिक इवतहप्रास नहहीं हहै तरप्रा वविविकेचनप्रा पसूणर्मा हमोकर आरमोप पत पस्तसुत हमो चसुकप्रा हहै , न्यप्रायप्रालय कप्रा मत हहै वक पप्रारर्थी जिमप्रानत पर ररहप्रा वकए जिप्रानके कप्रा अधधिकप्रारश्री हहै।
11. तदनसुसप्रार, जिमप्रानत पप्रारर्मानप्रा-पत स्विश्रीकप्रार वकयप्रा जिप्रातप्रा हहै।
12. आविकेदक तदौसश्रीफ अहमद कमो वनम्नधलधखत शतरदं कके अधिश्रीन सदंबदंधधित मधजिस्रटकेर/न्यप्रायप्रालय ककी सदंतसुवष्टि कके अनसुसप्रार एक व्यवकगत बदंधिपत और समप्रान रप्रावश ककी दमो जिमप्रानतम पस्तसुत करनके पर उपरमोक मप्रामलके मम जिमप्रानत पर ररहप्रा वकयप्रा जिप्राए: - (i) आविकेदक अवभयमोजिन सप्राक्ष्य कके सप्रार छकेडछप्राड नहहीं करकेगप्रा; (ii) आविकेदक अवभयमोजिन पक कके गविप्राहकों पर दबप्रावि नहहीं डप्रालकेगप्रा; (iii) आविकेदक रटप्रायल कमोरर्मा दप्रारप्रा तय ककी गई पत्यकेक तप्रारश्रीख पर उपसस्रत हमोगप्रा। Order Date :- 25.3.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench