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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 127679 (ALL)
SMT. PUSHPA DEVI v. STATE OF U.P. THRU. PRIN. SECY. HOME DEPTT. LKO.
BAIL/2405/2025 · 2025-03-21
Subhash Vidyarthi
body2025
[ 2025 DAILYLAW 127679 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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Neutral Citation No. - 2025:AHC-LKO:16546 Court No. - 15 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 2405 of 2025 Applicant :- Smt. Pushpa Devi Opposite Party :- State Of U.P. Thru. Prin. Secy. Home Deptt. Lko. Counsel for Applicant :- Jitendra Pratap Singh,Saurabh Singh Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Subhash Vidyarthi,J.
1. पप्रारररननी कके वविदप्रान अरधिविकप्रा शनी ससौरभ रससिंह तरप्रा वविदप्रान अपर शप्रासककीय अरधिविकप्रा शनी मसौहम्मद आवशफ खप्रान कको ससुनप्रा तरप्रा पतप्राविलनी कप्रा अविलकोकन वकयप्रा।
2. धिप्रारप्रा 483 भप्रारतनीय नप्रागररक ससुरकप्रा ससिंवहतप्रा (B.N.S.S.) मम पस्तसुत इस पप्राररनप्रा-पत दप्रारप्रा पप्रारररननी नके मसुकदमप्रा अपरप्राधि ससिंख्यप्रा 288 सनन् 2024, अन्तगरत धिप्रारप्रा 108, 352, 115(2) बनी०एन०एस०, रप्रानप्रा-ठप्राकसु रगसिंज, रजलप्रा-लखनऊ मम जमप्रानत ककी पप्राररनप्रा ककी हहै।
3. वदनप्रानाँक 08.07.2024 कको 13:47 बजके पप्रारररननी, उसकके पवत तरप्रा पसुत कके वविरुद रलखप्राई गई परम ससूचनप्रा ररपकोरर मम कहप्रा गयप्रा हहै वक पप्रारररननी वशकप्रायतकतर्ती ककी चप्राचनी हहै तरप्रा पप्रारररननी एविसिं वशकप्रायतकतर्ती कप्रा पररविप्रार एक हनी मकप्रान मम रहतके हह। मकप्रान कको लकेकर दकोननों पकनों कके बनीच न्यप्रायप्रालय मम वविविप्राद चल रहप्रा हहै , वदनप्रानाँक 08.07.2024 कको ससुबह 7 बजके अवभयसुकगण वशकप्रायतकतर्ती कके पवत कको मप्रारतके -पनीरतके हहए घर कके कमरके खखींच लके गए और धिप्रारदप्रार हररयप्रार सके मप्रारकर लरकप्रा वदयप्रा। पसिंचप्रायतनप्रामप्रा ररपकोरर मम असिंवकत हहै वक ससूचनप्रा पर पसुरलस जब मसौकके पर पहहनाँचनी तब शवि कमरके मम लगके छत कके पसिंखके कके सहप्रारके लरकप्रा हहआ रप्रा, एक प्लप्रासस्रक ककी कसु सर्ती जमनीन मम पडनी हहई रनी तरप्रा कमरके कप्रा लकोहके कप्रा दरविप्राजप्रा असिंदर सके बसिंद रप्रा, रजसमम तप्रालप्रा भनी लगप्रा हहआ रप्रा। वमसनी कको बसुलप्राकर गप्रासिंइडर मशनीन सके दरविप्राजप्रा कप्रारकर कमरके मम पहहनाँचप्रा गयप्रा एविसिं शवि कको उतरविप्रायप्रा गयप्रा। शवि वविच्छकेदन आख्यप्रा मम शर ककी त्विचप्रा कके असिंदर रक कप्रा जमप्रावि , दप्रावहननी ककोहननी कके ऊपर ससूजन तरप्रा दप्रावहनके हप्रासिंर पर एविसिं बप्रासिंई हरकेलनी पर फरप्रा हहआ घप्रावि पप्रायप्रा गयप्रा। गलके कके चप्रारनों ओर एक ननीलगसू वनशप्रान रजसमम 4 सके.मनी. कप्रा ररक स्रप्रान रप्रा, पप्रायप्रा गयप्रा एविसिं ममृत्यसु कप्रा कप्रारण लरकनके सके दम घसुरनप्रा बतप्रायप्रा गयप्रा।
4. पप्राररनप्रा पत कके सप्रार पस्तसुत शपर पत मम कहप्रा गयप्रा हहै वक पप्रारररननी वनदर्दोष हहै और उसकप्रा ककोई आपरप्रारधिक इवतहप्रास नहखीं हहै।
5. वविदप्रान अपर शप्रासककीय अरधिविकप्रा परम नके पप्राररनप्रा पत कप्रा वविरकोधि करतके हहए कहप्रा वक दकोननों पक एक हनी पररविप्रार कके सदस्य हह एविसिं सम्परत्ति वविविप्राद कके कप्रारण ममृतक कको मप्रार - पनीरकर उसककी हत्यप्रा ककी गई।
6. वविविकेचनप्रा कके उपरप्रासिंत वदनप्रासिंक 01.09.2024 कको आरकोप पत पस्तसुत वकयप्रा जप्रा चसुकप्रा हहै।
7.
उपरकोक तथ्यनों कके दृवष्टिगत, जबवक शवि एक कमरके कके असिंदर लरकतप्रा हहआ पप्रायप्रा गयप्रा , रजसमम लगप्रा लकोहके कप्रा दरविप्राजप्रा असिंदर सके बसिंद करकके तप्रालप्रा पडप्रा हहआ रप्रा एविसिं पसुरलस ककी मसौजसूजू़दगनी मम दरविप्राजप्रा मशनीन सके कप्रारकर असिंदर पहहनाँचप्रा गयप्रा; ममृत्यसु कप्रा कप्रारण लरकनके सके दम घसुरनप्रा बतप्रायप्रा गयप्रा तरप्रा पप्रारररननी एक मवहलप्रा हहै, रजसकप्रा ककोई आपरप्रारधिक इवतहप्रास नहखीं हहै, वविविकेचनप्रा पसूणर हको चसुककी हहै , न्यप्रायप्रालय कप्रा मत हहै वक पप्रारररननी जमप्रानत पर ररहप्रा वकए जप्रानके ककी अरधिकप्राररणनी हहै।
8. तदनसुसप्रार, जमप्रानत पप्राररनप्रा-पत स्विनीकप्रार वकयप्रा जप्रातप्रा हहै।
9. आविकेवदकप्रा शनीमतनी पसुष्पप्रा दकेविनी कको वनम्नरलरखत शतर्दोसिं कके अधिनीन ससिंबसिंरधित मरजस्रटकेर/न्यप्रायप्रालय ककी ससिंतसुवष्टि कके अनसुसप्रार एक व्यवकगत बसिंधिपत और समप्रान रप्रावश ककी दको जमप्रानतम पस्तसुत करनके पर उपरकोक पकरण मम जमप्रानत पर ररहप्रा वकयप्रा जप्राए: - (i) आविकेवदकप्रा अवभयकोजन सप्राक्ष्य कके सप्रार छकेडछप्राड नहखीं करकेगनी; (ii) आविकेवदकप्रा अवभयकोजन पक कके सप्रावकयनों पर दबप्रावि नहखीं डप्रालकेगनी; (iii) आविकेवदकप्रा वविचप्रारण न्यप्रायप्रालय दप्रारप्रा वनयत ककी गई पत्यकेक वतरर पर उपसस्रत हकोगनी। Order Date :- 21.3.2025 Himanshu Digitally signed by :- HIMANSHU SHUKLA High Court of Judicature at Allahabad, Lucknow Bench