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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 111876 (ALL)

VISHRAM SINGH NISHAD ALIAS VISHRAM NISHAD v. STATE OF U.P.

BAIL/46918/2024 · 2025-07-30

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:128593 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC. BAIL APPLICATION No. - 46918 of 2024 Applicant :- Vishram Singh Nishad Alias Vishram Nishad Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Arun Kumar Srivastava,Bholeshwar Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर जममानर प्रमाररनमा पत, आववेदक ववशमाम सससिंह वनषमाद उरर ववशमाम वनषमाद ककी ओर सवे ममु०अ०स० 0131/2024, अन्रररर धमारमा 319(2)/ 318(4)/ 338/ 336(3)/ 340(2)/ 352/ 351(2) बब.एन.एस, रमानमा जहमानमाबमाद, सजलमा ररवेहपमुर मम जममानर पर ममुक्त करनवे हवेरमु प्रस्रमुर वकयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा एवसिं ववदमान अपर शमासककीय असधवक्तमा कको समुनमा ररमा पतमावलब कमा पररशबलन वकयमा। 3. आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा नवे रकर प्रस्रमुर वकयमा वक आववेदक कको इस प्रकरर मम रलर एवसिं रजर्जी ढसिंर सवे झझूठमा रसिं समायमा रयमा हहै , उसनवे कसरर अपरमाध कमाररर नहहीं वकयमा हहै। प्ररम सझूचनमा ररपकोरर सलमाह मशववरमा करकवे अत्यसधक ववलम्ब सवे दजर करमायब रयब हहै। आववेदक कवे वपरमा सह अवभियमुक्त रमामनमार पमुत चणन्न्द्रिकमा प्रसमाद हहै एवसिं वमादब भिब रमामनमार पमुत चणन्न्द्रिकमा प्रसमाद हहै और आववेदक नवे अपनब जमबन पर लकोन सलयमा हहै ररमा आववेदक ककी कमु छ जमबन पर वमादब नवे कब्जमा कर सलयमा हहै सजसकमा वमाद ववचमारमाधबन हहै और इसब रसिंसजश कवे कमारर झझूठमा ममुकदममा दजर करमायमा हहै। आववेदक नवे वकसब प्रकमार ककी ककोई कझू ररचनमा, छल नहहीं वकयमा और न हब कझू ररवचर दस्रकोवज रहैयमार वकयवे ररमा लकोन हवेरमु जको अवभिलवेख प्रस्रमुर वकयवे रयवे , उनकवे वमलमान व जमासिंच कवे बमाद लकोन स्वबकक र हहआ हहै। आववेदक कवे वपरमा नवे अपनब जमबन पर लकोन सलयमा सजसककी अदमायरब ककी सजम्मवेदमारब उनककी हहै। आववेदक / अवभियमुक्त जममानर पर ररहमा वकयवे जमानवे यकोग्य हहै। पमुननः उनकमा करन हहै वक आववेदक ककी ओर सवे यह आश्वमासन वदयमा रयमा हहै वक वह कमानझून ककी प्रवक्रियमा मम सहयकोर करनवे कवे सलए रहैयमार हहै और जब भिब आवश्यकरमा हकोरब वह ईममानदमारब सवे अदमालर कवे समक्ष खमुद कको उपलब्ध करमाएरमा और उन सभिब शरतों कको स्वबकमार करनवे कवे सलए भिब रहैयमार हहै जको न्यमायमालय उस पर असधरकोवपर करवेरब। आववेदक वनदर्दोष हहै ररमा वह इस प्रकरर मम वद० 08.11.2024 सवे कमारमारमार मम वनरुद्ध हहै इससलए आववेदक कको जममानर पर छकोड़ वदयमा जमाय। 5. ववदमान अपर शमासककीय असधवक्तमा नवे आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा कवे रकर्दो कमा प्रबल ववरकोध कररवे हहए रकर प्रस्रमुर वकयमा वक आववेदक दमारमा कमाररर अपरमाध ससिंजवेय एवसिं रसिंम्भिबर प्रकक वर कमा हहै, इससलए आववेदक कको जममानर पर न छकोड़मा जमायवे। 6. आववेदक कवे ववदमान असधवक्तमा कवे रकर्दोसिं कवे पररप्रवेक्ष्य मम पतमावलब पर उपलब्ध समारवमान रथ्यतों एवसिं पररणस्रवरयतों कमा समग्र रूप सवे अवलकोकन करनवे कवे बमाद , सबझूरतों ककी प्रकक वर और वकसब भिब ठकोस ववरकोधमात्मक समामग्रब ककी अनमुपणस्रवर एवसिं उपलब्ध समामग्रब सवे छवेड़छमाड़ ककी ससिंभिमावनमा न हकोनवे कवे रथ्य कको दवेखरवे हहए मवेरब रमाय मम आववेदक कको जममानर पर ममुक्त करनवे कमा उपयमुक्त आधमार हहै। 7. अरनः वमाद कवे रमुर दकोष पर वबनमा ककोई वरप्परब वकए हहए आववेदक कको उपरकोक्त ववररर अपरमाध मम ससिंबसिंसधर न्यमायमालय ककी सन्रमुवष्टि पर व्यवक्तरर बसिंध -पत एवसिं उसब धनरमावश कवे दको प्रवरभिझू प्रस्रमुर करनवे पर वनम्नसलसखर शरर्दोसिं कवे समार जममानर पर छकोड़ वदयमा जमाय। 1. आववेदक ववववेचनमा यमा परबक्षर कवे ददौरमान अवभियकोजन समाक्ष्यतों कवे समार छवेड़छमाड़ नहहीं करवेरमा। 2. आववेदक अवभियकोजन समावक्षयतों व पबवड़रमा/ वशकमायरकरमार कको ण्डिरमायवेरमा /धमकमायवेरमा नहहीं। 3. आववेदक न्यमायमालय कवे आदवेशतों कमा पमालन करवेरब, वह परबक्षर कवे ददौरमान वबनमा ककोई अनमावश्यक स्ररन सलए वनयर वरसर पर न्यमायमालय मम उपणस्रर हकोरमा ररमा परबक्षर मम ईममानदमारब सवे सहयकोर करवेरमा। 4. आववेदक जममानर पर ररहमा हकोनवे कवे बमाद जममानर ककी स्वरसिंतरमा कमा दमुरूपयकोर नहब करवेरमा और वकसब भिब अपरमासधक रवरववसध मम सलप्त नहहीं हकोरमा न ककोई अपरमासधक कक त्य करवेरमा। 5. आववेदक प्रत्यक्ष यमा अप्रत्यक्ष रूप सवे ममामलवे कवे रथ्यतों सवे पररवचर वकसब भिब व्यवक्त यमा पमुसलस असधकमाररयतों कको ककोई प्रलकोभिन यमा धमककी नहहीं दवेरमा न हब उनसवे ककोई वमायदमा करवेरमा, सजसकवे कमारर उन्हम न्यमायमालय मम रथ्यतों कको उजमारर करनवे सवे ववरर रहनमा पण्डिवेडे़। उपरकोक्त शरर्दोसिं मम सवे वकसब कवे उलसिंघन कवे ममामलवे मम , परबक्षर न्यमायमालय आववेदक ककी जममानर वनयममानमुसमार रद्द करनवे कको स्वरसिंत हहै। Order Date :- 31.7.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad