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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 108285 (ALL)
FAIZI ZAHID v. State of U.P. AND ANOTHER
ABAIL/11470/2024 · 2025-08-12
Gautam Chowdhary
body2025
[ 2025 DAILYLAW 108285 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.
Neutral Citation No. - 2025:AHC:138340 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 438 CR.P.C. No. - 11470 of 2024 Applicant :- Faizi Zahid Opposite Party :- State of U.P. and Another Counsel for Applicant :- Adil Jamal,Shabeh Jamal Counsel for Opposite Party :- G.A.,Mukti Nath Pandey,Pawan Kumar Shukla Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J.
1. वररममान दमाणणण्डिक प्रककीरर अगग्रिम जममानर प्रमाररनमा पत , आववेदक Faizi Zahid ककी ओर सवे ममु०अ०ससं० 500/2023, अन्रररर धमारमा 420, 323, 504, 506, 406, 147 भमा.दसं.ससं., रमानमा ससगवल लमाईन्स, सजलमा ममुरमादमाबमाद मम अगग्रिम जममानर ककी ममॉर कररवे हहए इस प्रमाररनमा कवे समार ययोसजर गकयमा रयमा हहै गक गररफ्रमाररी ककी णसरगर मम आववेदक कयो जममानर पर ररहमा गकयमा जमा सकवे ।
2. आववेदक कवे गवदमान असधवकमा एवसं गवदमान अपर शमासककीय असधवकमा कयो समुनमा ररमा पतमावलरी कमा पररशरीलन गकयमा।
3.
आववेदक कवे गवदमान असधवकमा नवे रकर प्रसरमुर गकयमा गक आववेदक गनदर्दोष हहै , उसवे उपरयोक धमारमाओसं मम दवेषवश रसंर व परवेशमान करनवे ककी गनयर सवे आसलप गकयमा रयमा हहै, उसवे आशसंकमा हहै गक उसवे उपरयोक वगररर ममामलवे मम गररफ्रमार गकयमा जमा सकरमा हहै जबगक उसकवे गवरूद्ध कयोई गवश्वसनरीय समाक्ष्य नहहीं हहै और आववेदक कवे गवरूद्ध अभरी कयोई भरी बमाध्यकमाररी प्रगक्रियमा नहहीं अपनमाई रयरी हहै। आववेदक दमारमा ऐसमा कयोई भरी कक त्य कमाररर नहहीं गकयमा रयमा हहै , जहैसमागक प्रमारगमककी मम दगशरर गकयमा रयमा हहै। प्ररम ससूचनमा ररपयोरर गवलणमबर हहै ररमा उक गवलमब कमा कयोई सममुगचर सपषरीकरर नहहीं गदयमा रयमा हहै। आववेदक दमारमा गकसरी प्रकमार ककी धयोखमाधडरी वमादरी कवे पमुत कवे समार कमाररर नहहीं ककी रयरी हहै। वररममान
वमाद मम आरयोपपत ससंबसंसधर न्यमायमालय मम दमासखल गकयमा जमा चमुकमा हहै ररमा पसूवर मम न्यमायमालय कवे आदवेश गदनमासंगकर 17.02.2025 दमारमा आववेदक कयो सशरर असंरररम अगग्रिम जममानर प्रदमान ककी जमा चमुककी हहै ररमा आववेदक ककी ररफ सवे पसूवर मम दमासखल पसूरक शपरपत कवे समार दमासखल गकयमा रयमा हहै , सजसमम आववेदक दमारमा अनमावश्यक सररन नहहीं सलयमा जमा रहमा हहै ररमा न्यमागयक प्रगक्रियमा मम सहययोर गकयमा जमा रहमा हहै। पमुननः उनकमा करन हहै गक आववेदक गवचमारर और जमॉच कवे ददौरमान सहययोर करनवे कमा वचन दवेरमा हहै गक वह जमॉच एजमसरी यमा न्यमायमालय दमारमा अपवेगक्षिर समय पर उपणसरर रहवेरमा एवसं आववेदक ककी ओर सवे यह आश्वमासन गदयमा रयमा हहै गक वह कमानसून ककी प्रगक्रियमा मम सहययोर करनवे कवे सलए रहैयमार हहै और जब भरी आवश्यकरमा हयोररी वह ईममानदमाररी सवे न्यमायमालय कवे समक्षि खमुद कयो उपलब्ध करमाएरमा और उन सभरी शरर्दोसं कयो सवरीकमार करनवे कवे सलए भरी रहैयमार हहै , जयो न्यमायमालय उस पर असधरयोगपर करवेररी।
4. गवदमान अपर शमासककीय असधवकमा दमारमा अगभयमुक कवे अगग्रिम जममानर कवे गवरयोध मम यह रकर प्रसरमुर गकयमा रयमा गक इस ममामलवे मम अगभयमुक ककी भसूगमकमा पररलगक्षिर हयो रहरी हहै ररमा इस घरनमा मम इनककी भसूगमकमा ससंभमाव्य हहै। इससलए अगभयमुक कयो अगग्रिम जममानर पर ममुक न गकयमा जमाय।
5.
यह कहमा जमा सकरमा हहै गक Siddharam Satlingappa Mhetre vs. State of Maharashtra, (2011) 1 SCC 694 कवे ममामलवे मम ममाननरीय उच्चरम न्यमायमालय दमारमा यह अवधमाररर गकयमा रयमा हहै गक अगग्रिम जममानर यमागचकमा पर न्यमाय-गनररयन कररवे समय न्यमायमालय कयो आरयोपपों ककी प्रकक गर और रसंभरीररमा, आरयोपरी ककी न्यमागयक प्रगक्रियमा सवे भमारनवे ककी ससंभमावनमा पर गवचमार करनमा चमागहए और यह गक न्यमायमालय कयो आरयोपरी कवे गवरूद्ध उपलब्ध सभरी समामग्रिरी कमा समावधमानरी सवे मसूल्यमासंकन करनमा चमागहए और आरयोपरी ककी वमासरगवक भसूगमकमा पर
भरी गवचमार करनमा चमागहए।
6. उभय पक्षि कवे रकर्दो एवसं वररममान ममामलवे मम अगग्रिम जममानर ससंबसंधरी गवसध कवे सरमागपर ससद्धमासंरपों कयो ध्यमान मम रखरवे हहए और पक्षिकमारपों कवे गवदमान असधवकमाओसं कवे करनपों, आरयोपपों ककी प्रकक गर, आववेदक ककी भसूगमकमा और ममामलवे कवे सभरी रथ्यपों एवसं गवचमारर न्यमायमालय दमारमा गनयर गरसरयपों पर आववेदक कवे गनयगमर रूप सवे उपणसरर हयोनवे, पररणसरगरयपों कयो ध्यमान मम रखरवे हहए , ममामलवे कवे रमुर-दयोष पर गबनमा कयोई गवचमार व्यक गकए अगग्रिम जममानर ककी प्रमाररनमा सवरीकमार गकए जमानवे ययोग्य हहै।
7. रद्नमुसमार, यह अगग्रिम जममानर आववेदन पत सवरीकमार गकयमा जमारमा हहै।
8. उपरयोक ममुकदममा अपरमाध ससंख्यमा मम सणममसलर आववेदक ककी गररफ्रमाररी ककी दशमा मम, उसवे ससंबसंसधर गवचमारर न्यमायमालय ककी ससंरमुगष पर रू० 50,000/- कमा व्यगकरर बसंध पत एवसं उसरी धनरमागश कवे दयो प्रगरभसू प्रसरमुर करनवे पर , सत पररीक्षिर कवे गनसरमारर हयोनवे रक गनमन शरर्दो कवे अधरीन अगग्रिम जममानर पर ममुक गकयमा जमाएरमा :- i) आववेदक अगभययोजन पक्षि कवे समाक्ष्यपों कवे समार छवेडछमाड नहहीं करवेरमा। ii) आववेदक अगभययोजन पक्षि कवे रवमाहपों कयो धमकमाएरमा यमा परवेशमान नहहीं करवेरमा। iii) आववेदक गवचमारर न्यमायमालय दमारमा गनधमारररर प्रत्यवेक गरसर एवसं समय पर उपणसरर हयोरमा ररमा अनमावश्यक सररन नहहीं लवेरमा। iv) आववेदक उस अपरमाध कवे सममान कयोई अपरमाध नहहीं करवेरमा, सजसकमा आरयोप आववेदक पर लरमायमा रयमा हहै यमा सजसकवे गकए जमानवे कमा ससंदवेह हहै।
v) आववेदक ममामलवे कवे रथ्यपों सवे पररगचर गकसरी व्यगक कयो प्रत्यक्षि यमा अप्रत्यक्षि रूप सवे कयोई प्रलयोभन, धमककी यमा वमादमा नहहीं करवेरमा सजससवे वह व्यगक न्यमायमालय यमा गकसरी पमुसलस असधकमाररी कवे समक्षि रथ्यपों कमा खमुलमासमा करनवे सवे गवममुख हयो जमाए यमा समाक्ष्यपों कवे समार छवेडछमाड करवे।
9.
उपरयोक उलवेसखर शरर्दोसं मम सवे गकसरी भरी शरर कवे उलघसंन ककी णसरगर मम ससंबसधर गवचमारर न्यमायमालय आववेदक कयो प्रदत्त जममानर गनरसर करनवे हवेरमु सवरसंत हहै। Order Date :- 13.8.2025 Pawan Kumar Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad