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Allahabad High Court · body

2025 DAILYLAW 105641 (ALL)

HARI SHANKER YADAV v. STATE OF U.P.

ABAIL/10532/2024 · 2025-07-06

Gautam Chowdhary

body2025

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

Neutral Citation No. - 2025:AHC:107133 Court No. - 70 Case :- CRIMINAL MISC ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 438 CR.P.C. No. - 10532 of 2024 Applicant :- Hari Shanker Yadav Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Jitendra Singh,Sukesh Kumar Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. ससूचची पपुनरचीकक्षित वतरममान दमाणणण्डिक प्रककीरर अकग्रिम जममानत प्रमाररनमा पत्र आववेदक हरर शशंकर यमादव ककी ओर सवे मपु०अ०स० 231/2022 अन्तररत धमारमा 392/ 323/ 504/ 506/ 427 भमा०दशं०कव०, रमानमा फवे णड्स ककॉललोनची, जजलमा इटमावमा मम अकग्रिम जममानत पर मपुक्त करनवे हवेतपु प्रस्तपुत ककयमा रयमा हहै। 2. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा ककी तरफ सवे कवदमान अजधवक्तमा एवशं कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा कलो सपुनमा तरमा पत्रमावलची कमा पररशचीलन ककयमा। 3. आववेदक कवे कवदमान अजधवक्तमा नवे तकर प्रस्तपुत ककयमा कक आववेदक कनदर्दोष हहै , उसवे उपरलोक्त धमारमाओशं मम दवेषवश तशंर व परवेशमान करनवे ककी कनयत सवे आजलप्त ककयमा रयमा हहै , उसवे आशशंकमा हहै कक उसवे उपरलोक्त वकररत ममामलवे मम कररफ्तमार ककयमा जमा सकतमा हहै , जबकक उसकवे कवरूद्ध कलोई कवश्वसनचीय समाक्ष्य नहहीं हहै। उनकमा यह भची करन हहै कक आववेदक कवे कवरुद्ध अभची तक कलोई भची बमाध्यकमारची प्रकक्रियमा नहहीं अपनमाई रयची हहै एवशं आववेदक ककी ओर सवे यह भची आश्वमासन कदयमा रयमा हहै कक वह कमानसून ककी प्रकक्रियमा मम सहयलोर करनवे कवे जलए तहैयमार हहै और जब भची आवश्यकतमा हलोरची वह ईममानदमारची सवे न्यमायमालय कवे समक्षि खपुद कलो उपलब्ध करमाएरमा और उन सभची शततों कलो स्वचीकमार करनवे कवे जलए भची तहैयमार हहै जलो न्यमायमालय उस पर अजधरलोकपत करवेरची। 4. कवदमान अपर शमासककीय अजधवक्तमा दमारमा यह तकर प्रस्तपुत ककयमा रयमा कक अकभयपुक्त दमारमा कमाररत अपरमाध रशंभचीर प्रकक कत कमा हहै तरमा आववेदक कवे कवरुद्ध पयमारप्त समाक्ष्य कवे आधमार पर पपुजलस दमारमा आववेदक कवे कवरुद्ध सशंबशंजधत कवचमारर न्यमायमालय मम आरलोपपत्र प्रवेकषत ककयमा रयमा हहै। इसजलए आववेदक कलो अकग्रिम जममानत पर मपुक्त ककयवे जमानवे कमा कलोई औकचत्य प्रतचीत नहहीं हलोतमा हहै। अततः अकभयपुक्त कमा अकग्रिम जममानत आववेदन पत्र कनरस्त ककयमा जमाय। 5. यह कहमा जमा सकतमा हहै कक Siddharam Satlingappa Mhetre v. State of Maharashtra, (2011) 1 SCC 694, कवे ममामलवे मम ममाननचीय उच्चतम न्यमायमालय नवे ममानमा हहै कक अकग्रिम जममानत पर कनररय करतवे समय न्यमायमालय कलो आरलोप ककी प्रकक कत और रशंभचीरतमा , अकभयपुक्त कमा पसूवरवकत, अकभयपुक्त कवे न्यमाय सवे भमारनवे ककी सशंभमावनमा पर कवचमार करनमा चमाकहए तरमा न्यमायमालय कलो अकभयपुक्त कवे कवरुद्ध उपलब्ध सशंपसूरर समामग्रिची कमा समावधमानचीपसूवरक मसूल्यमाशंकन करनमा चमाकहए तरमा अकभयपुक्त ककी सटचीक भसूकमकमा कलो भची ध्यमान मम रखनमा चमाकहए। 6. वतरममान ममामलवे मम अकग्रिम जममानत सशंबशंधची कवजध कवे स्रमाकपत जसद्धमाशंततों कलो ध्यमान मम रखतवे हहए और पक्षिकमारतों कवे कवदमान अजधवक्तमाओशं कवे करनतों , आरलोपतों ककी प्रकक कत , आववेदक ककी भसूकमकमा और ममामलवे कवे सभची तथ्यतों एवशं पररणस्रकतयतों कलो ध्यमान मम रखतवे हहए चसूशंकक सशंबशंजधत कवचमारर न्यमायमालय मम आववेदक कवे कवरुद्ध समाक्ष्य पमायवे जमानवे कवे उपरमान्त आरलोप पत्र प्रवेकषत ककयमा जमा चपुकमा हहै , अततः ममामलवे कवे रपुर -दलोष पर कबनमा कलोई कवचमार व्यक्त ककए यह अकग्रिम जममानत आववेदन पत्र स्वचीकमार ककए जमानवे यलोग्य नहहीं हहै, तदपुसमार आववेदक कमा अकग्रिम जममानत आववेदन पत्र अस्वचीकमार ककयमा जमातमा हहै। 7. उपरलोक्तमानपुसमार वमाद कवे रपुर-दलोष पर कटप्परची ककयवे बरहैर यह अकग्रिम जममानत प्रमाररनमापत्र कनरस्त ककयमा जमातमा हहै। 8. इस वमाद मम यकद कलोई अशंतररम आदवेश हलो, तलो वह स्वततः सममाप्त समझमा जमाए। 9. कमायमारलय कलो कनदरकशत ककयमा जमातमा हहै कक इस आदवेश ककी प्रकतजलकप सशंबशंजधत कवचमारर न्यमायमालय कलो अकवलम्ब प्रवेकषत करम। Order Date :- 7.7.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad