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Allahabad High Court · body
2025 DAILYLAW 103924 (ALL)
SAUDAN SINGH v. STATE OF U.P. AND ANOTHER
ABAIL/10159/2024 · 2025-05-22
Gautam Chowdhary
body2025
[ 2025 DAILYLAW 103924 (ALL) · dailylaw.ai ]
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Judgment text
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Neutral Citation No. - 2025:AHC:88694 Court No. - 86 Case :- CRIMINAL MISC ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 438 CR.P.C. No. - 10159 of 2024 Applicant :- Saudan Singh Opposite Party :- State of U.P. and Another Counsel for Applicant :- Vijay Praksah Counsel for Opposite Party :- Bhupendra Pal,G.A.,Pramod Kumar Srivastava Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J.
1. ससूचची पपुनरचीकक्षित आववेदक कवे कवदद्वान अधधिवकद्वा, पररवद्वादची कवे कवदद्वान अधधिवकद्वा एववं रद्वाज्य ककी ओर सवे उपससस्थित कवदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा जय ककशन चचौरधसयद्वा कको सपुनद्वा तस्थिद्वा पतद्वावलची कद्वा पररशचीलन ककयद्वा।
2. वतरमद्वान अकग्रिम जमद्वानत आववेदन पत, पररवद्वाद सवं. 0135/2023, अवंतररत धिद्वारद्वा 420/ 406/ 504/ 506 भद्वा.दवं.सवं., स्थिद्वानद्वा जद्वानची, धजलद्वा मवेरठ मम अकग्रिम जमद्वानत ककी मद्वावंर करतवे हहए इस पद्वास्थिरनद्वा कवे सद्वास्थि पसतपुत ककयद्वा रयद्वा हहै कक कररफ्तद्वारची ककी ससस्थिकत मम आववेदक कको जमद्वानत पर ररहद्वा ककयद्वा जद्वाए।
3. आववेदक कको अवंतररम अकग्रिम जमद्वानत कदनद्वावंक 08.11.2024 कको इस न्यद्वायद्वालय ककी अन्य न्यद्वायपचीठ दद्वारद्वा पदद्वान ककी रयची स्थिची।
4. आववेदक कवे कवदद्वान अधधिवकद्वा दद्वारद्वा तकर कदयद्वा रयद्वा हहै कक आववेदक कनदर्दोष हहै तस्थिद्वा उसवे आशवंकद्वा हहै कक उसवे उपयपुरक मद्वामलवे मम कररफ्तद्वार ककयद्वा जद्वा सकतद्वा हहै , जबकक उसकवे कवरुद ककोई कवश्वसनचीय सद्वाक्ष्य नहहीं हहै। उनकद्वा यह भची तकर हहै कक आववेदक कद्वा ककोई आपरद्वाधधिक इकतहद्वास नहहीं हहै तस्थिद्वा आववेदक कवे कवरुद अब तक ककोई बलपसूवरक पकक्रियद्वा जद्वारची नहहीं ककी रई हहै। यह भची पसतपुत ककयद्वा रयद्वा कक आववेदक जद्वावंच तस्थिद्वा परचीक्षिण कवे दचौरद्वान सहयकोर करनवे कद्वा वचन दवेतवे हहै तस्थिद्वा वह जद्वावंच एजमसची अस्थिवद्वा न्यद्वायद्वालय दद्वारद्वा अपवेकक्षित हकोनवे पर उपससस्थित हहोंरवे।
5. पररवद्वादची कवे कवदद्वान अधधिवकद्वा एववं कवदद्वान अपर शद्वासककीय अधधिवकद्वा दद्वारद्वा आववेदक कवे अकग्रिम जमद्वानत कद्वा कवरकोधि करतवे हहए यह तकर पसतपुत ककयद्वा रयद्वा कक आववेदक पभद्वावशद्वालची व्यकक हहै। वद्वाकदनची कवे पपुत नवे एस .एस. कबल्डसर कवे सद्वास्थि करद्वार हकोनवे कवे बद्वाद अकभयपुक शकोदद्वान कवे सद्वास्थि हची उक आर .एम.आई.
सटचील धलकमटवेड कम्पनची कवे सवंबवंधि मम करद्वार ककयद्वा। लवेककन शकोदद्वान धसवंह कवे दद्वारद्वा उसकवे पपुत कको छकोड़कर कवं पनची सवे करद्वार करकवे वद्वाकदनची कवे पपुत कवे दद्वारद्वा कनववेश ककी रयची धिनरद्वाकश कको हड़प धलयद्वा रयद्वा। उनकवे दद्वारद्वा धिनरद्वाकश मद्वावंरनवे पर धिमककी दची
जद्वातची हहै। आववेदक कवे धखिलद्वाफ आरकोप पत भची दद्वाधखिल हको चपुकद्वा हहै। कवववेचनद्वा कवे दचौरद्वान उपलब्धि सद्वाक्ष्य सवे आववेदक कवे कवरूद लरद्वायवे रयवे आरकोप सद्वाकबत हकोतवे हहै। इस मद्वामलम मम कवचद्वारण न्यद्वायद्वालय दद्वारद्वा समसत तथ्यहों कद्वा समग्रि पररशचीलन कको दृकष्टिरत रखितवे हहए उकचत आदवेश पद्वाररत ककयद्वा रयद्वा हहै, इस पश्नरत आदवेश मम हसतक्षिवेप ककयवे जद्वानवे ककोई औकचत्य नहहीं हहै। उनकद्वा यह भची तकर हहै कक आववेदक दद्वारद्वा कद्वाररत अपरद्वाधि रवंभचीर पकक कत कद्वा हहै तस्थिद्वा आववेदक कद्वा अकग्रिम जमद्वानत पद्वास्थिरनद्वा पत कनरसत ककयवे जद्वानवे यकोग्य हहै।
6. अकभलवेखिहों कवे अवलकोकन सवे पतद्वा चलतद्वा हहै कक आववेदक कको कदनद्वावंक 08.11.2024 कवे आदवेश कवे तहत अवंतररम अकग्रिम जमद्वानत दची रई स्थिची। कवधधि व्यवसस्थिद्वा पकतभद्वा मनचन्दद्वा बनद्वाम हररयद्वानद्वा रद्वाज्य AIR 2023 SC 3307 एववं धसदद्वारद्वाम सतधलवंरप्पद्वा महतवे बनद्वाम महद्वारद्वाष्टिष रद्वाज्य, (2011) 1 SCC 694, मम मद्वाननचीय न्यद्वायद्वालय नवे यह अकभकनधिद्वारररत ककयद्वा हहै कक व्यककरत सवतवंततद्वा महत्वपसूणर हहै, परन्तपु न्यद्वायद्वालय दद्वारद्वा अकग्रिम जमद्वानत पदद्वान ककयवे जद्वातवे वक इस तथ्य कको भची दृकष्टिरत रखिनद्वा चद्वाकहयवे कक मद्वामलवे सवे सवंबवंधधित अपरद्वाधि ककी क्यद्वा रवंभचीरतद्वा हहै तस्थिद्वा उसकद्वा समद्वाज पर क्यद्वा पभद्वाव पडवेरद्वा। आववेदक कवे न्यद्वाय सवे भद्वारनवे ककी सवंभद्वावनद्वा पर कवचद्वार करनद्वा चद्वाकहए और न्यद्वायद्वालय कको अकभयपुक कवे धखिलद्वाफ उपलब्धि सवंपसूणर सद्वामग्रिची कद्वा सद्वावधिद्वानचीपसूवरक मसूल्यद्वावंकन करनद्वा चद्वाकहए और अकभयपुक ककी सटचीक भसूकमकद्वा कको भची ध्यद्वान मम रखिनद्वा चद्वाकहए।
7. वतरमद्वान मद्वामलवे मम, कद्वानसून कवे सस्थिद्वाकपत धसदद्वावंत कको ध्यद्वान मम रखितवे हहए अकग्रिम जमद्वानत कवे सवंबवंधि मम, पक्षिहों कवे कवदद्वान अधधिवकद्वाओवं कवे पसतपुतचीकरण , आरकोप ककी पकक कत, आववेदक ककी भसूकमकद्वा तस्थिद्वा मद्वामलवे कवे सभची तथ्यहों और पररससस्थिकतयहों कवे आधिद्वार पर, मद्वामलवे कवे रपुण-दकोष पर ककोई रद्वाय व्यक ककए कबनद्वा, अकग्रिम जमद्वानत कवे धलए ककोई मद्वामलद्वा नहहीं बनतद्वा हहै।
8. अवंतररम आदवेश, यकद ककोई हको, कनरसत मद्वानद्वा जद्वाएरद्वा।
9.
अकग्रिम जमद्वानत आववेदन खिद्वाररज ककयद्वा जद्वातद्वा हहै। Order Date :- 23.5.2025 S.Mishra Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad Digitally signed by :- SHASHI MISHRA High Court of Judicature at Allahabad