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High Court of Chhattisgarh · body

2024 DAILYLAW 843 (CHH)

LAINU MOHALE / MANDALE v. NAMRTA SAHU

CRA/922/2024 · 2026-01-28

Shri Sanjay Kumar Jaiswal

body2024

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

1 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} 2026:CGHC:5081 अ्ቚतिवे्ቕ छቈኍ सगढ़ उच्च न्यायालया , तिलसपुर दाቄኌक अपु ल ्ቅाሰ"क -922/2024 1. ल)नू+ ाሰ,हल / ाሰ"ल, तिपु–स्वे. लऊ ाሰ,हल, आया लगभग 54 वे्ቧ6, 2. च)नू+ ाሰ"ल, तिपु–स्वे. लऊ ाሰ,हल, आया लगभग 56 वे्ቧ6, 3. ाሰक श िሺस"ह, तिपु–स्वे. श"करदास, आया लगभग 30 वे्ቧ6, 4. तिनूलश िሺस"ह, तिपु–स्वे. श"करदास, आया लगभग 20 वे्ቧ6, सभ तिनूवेस –ቇኋाሰ एवे" पु,स्ट इं"दा?र छ,ट रगर, थानू–तिपुपुरिरया, हस ल–क रधााሰ, िሺCल–क रधााሰ, छቈኍ सगढ़ -----अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण तिवेरू्ሾ 1. नू्቞ सहI, पुति–तिदाल पु सहI, आया लगभग 29 वे्ቧ6, Cति–ल , तिनूवेस –क रूदा, हस ल–क रूदा, िሺCल–धााሰर (छ.ग.), 2. तिदाल पु सहI, आया लगभग 33 वे्ቧ6, Cति–ल , तिनूवेस –क रूदा, हस ल–क रूदा, िሺCल–धााሰर (छ.ग.), 3. स"+राሰ च"्ቖवे"श , तिपु–सरC+ च"्ቖवे"श , आया लगभग 69 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ एवे" पु,स्ट इं"दा?र , छ,ट रगर, थानू–तिपुपुरिरया, हस ल–क रधााሰ, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 4. दािሺMया ई, पुति–स्वे. राሰशरण च"्ቖवे"श , आया लगभग 74 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ एवे" पु,स्ट POMAN DEWANGAN Digitally signed by POMAN DEWANGAN Date: 2026.01.30 17:56:17 +0530 2 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} इं"दा?र , छ,ट रगर, थानू–तिपुपुरिरया, हस ल–क रधााሰ, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 5. नूवेलक ाሰर Cयासवेल, तिपु–पुरसदा राሰ Cयासवेल, आया लगभग 59 वे्ቧ6, तिनूवेस – तिरक,नू, पु,स्ट–धाराሰपुर, हस ल–कवेधा6, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 6. पुतिPनू पुठक, पुति–श्यााሰस"दार पुठक, आया लगभग 59 वे्ቧ6, तिनूवेस –ाሰठपुर, हस ल–कवेधा6, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 7. गCS्ቖ िሺस"ह, तिपु–श)लS्ቖ िሺस"ह, आया लगभग 62 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ एवे" पु,स्ट इं"दा?र , छ,ट रगर, थानू–तिपुपुरिरया, हस ल–क रधााሰ, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 8. भ Mाሰ, तिपु–स्वे. कश राሰ, आया लगभग 30 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ एवे" पु,स्ट इं"दा?र , छ,ट रगर, थानू–तिपुपुरिरया, हस ल–क रधााሰ, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 9. ठक रराሰ, तिपु–कश राሰ, आया लगभग 40 वे्ቧ6, तिनूवेस –पु,स्ट इं"दा?र , छ,ट रगर, थानू–तिपुपुरिरया, हस ल–क रधााሰ, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 10. ाሰ नू ई, तिपु–स्वे. क" श राሰ, आया लगभग 50 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ गनू, हस ल– नूवेगढ़, िሺCल–ाሰर (छ.ग.), 11. फगनू ई, तिपु–स्वे. क" श राሰ, आया लगभग 33 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ तिछाሰर, हस ल– कवेधा6, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 12. काሰलश धाUलहर, तिपु–ग,क ल, आया लगभग 45 वे्ቧ6, तिनूवेस –ቇኋाሰ तिाሰनू ाሰ च?क, कवेधा6, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 13. स ्ቧ हर, आया लगभग 43 वे्ቧ6, सदास्या–भ ाሰ रC ाሰSट, तिनूवेस –कवेधा6, िሺCल–कवेधा6 (छ.ग.), 14. क ቐ኏+, तिपु–सरश, आया लगभग 50 वे्ቧ6, तिनूवेस –कवेधा6, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.), 15. छቈኍ सगढ़ रज्या, ቛኋर–थानू ्ቚभर , थानू–तिपुपुरिरया, िሺCल–क रधााሰ (छ.ग.) (रज्या) -----उቈኍरवेदा गण 3 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण ቛኋर : ቦኍ रतिवे क ाሰर "Cर, अिሺधावेሹኋ । अतिभयाሹኋ/उቈኍरवेदा ्ቅाሰ"क-01 स 14 ቛኋर : क,ई स+चनू Cर नूह^ । रज्या/उቈኍरवेदा ्ቅाሰ"क-15 ቛኋर : ቦኍ अाሰनू म्,ल , पु)नूल अिሺधावेሹኋ । ाሰनूनू या न्यायााሰ+ति6 ቦኍ स"Cया क ाሰर Cयासवेल , न्यायाधा श !! तिनूण6या पु ठ पुर पुरिर !! 29/01/2026 1. धार-14ए(1) अनूस+तिच Cति एवे" अनूस+तिच CनूCति (अत्याचर तिनूवेरण) अिሺधातिनूयााሰ, 1989 (िሺCस आग स"ቌኔपु ाሰS "तिवेश्ቧ अिሺधातिनूयााሰ" स स",िሺधा तिकया C रह ह)) क ह ्ቚस् इंस अपु ल ाሰS तिवेचरण न्यायालया-तिवेश्ቧ न्यायाधा श (तिवेश्ቧ अिሺधातिनूयााሰ), क रधााሰ, छቈኍ सगढ़ ቛኋर अपु"C कU  पुरिरवेदा ्ቚकरण "ल)नू+ ाሰ,हल वेग)रह तिवेरू्ሾ नू्቞ सहI वेग)रह” ाሰS पुरिर आदाश तिदानू"क 09/02/2024 क, चनू? दा गई ह), िሺCसक ቛኋर अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण क धार–156(3) दा ्ቚति्ቅया स"तिह क आवेदानू तिनूरस् तिकया गया । 2. अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण ቛኋर तिवेचरण न्यायालया क साሰቌኔ तिदानू"क 21/07/2022 क, दा ्ቚति्ቅया स"तिह कf धार-156(3) क अ"ग6 पुरिरवेदा ्ቚस् कर हgए अतिभयाሹኋ/ ्ቚत्याथाD ्ቅाሰ"क-1 स 14 क तिवेरु्ቍ भर या दा स"तिह कf धार 120- , 219, 201, 294, 506, 420 (09 र), 427, 467 (09 र), 468 (09 र), 148/149, 448, 452, 323 था तिवेश्ቧ अिሺधातिनूयााሰ कf धार 3(1)(च), (छ), (), (था), (दा), (धा) एवे" धार 2(1) क अ"ग6 अपुरधा पु"C ्ቍ कर तिवेिሺधा अनूसर साሰतिच Cjच- 4 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} तिवेचरण उपुर" दाቄኌ तिकए Cनू क तिनूवेदानू तिकया गया था, िሺCसक साሰथा6नू ाሰS ल)नू+ ाሰ,हल क शपुथापु्ቔ स"ल्ሿ तिकया गया था । 3. तिवेचरण न्यायालया ቛኋर ्ቚर"तिभक सቌኚया क रूपु ाሰS ल)नू+ ाሰ,हल, ाሰक श क ाሰर, Cठ+राሰ, ाሰ, राሰ एवे" रCश क सቌኚया िሺलया गया । तिदानू"क 11/12/2023 क, याह आदाश पु्ቔ तिकया गया तिक अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण नू पुरिरवेदा नूह^, ቄኌnक धार-156(3) दा ्ቚति्ቅया स"तिह क अ"ग6 आवेदानू ्ቚस् तिकया था । अo स""िሺधा थानू स C"च ्ቚतिवेदानू ाሰ"गवेया गया, िሺCस ्ቚ्቎ करनू क पुश्च पु"C यानू पुर सनूवेई कर तिदानू"क 09/02/2024 क, ्ቚश्नूधा नू आदाश पुरिर तिकया गया, C, तिनूम्नूवे ह)o— "आवेदानू क स""धा ाሰS ्ቚ्቎ C"च ्ቚतिवेदानू तिदानू"क 15.01.2024 अनूसर "तिदानू"क 16.06.2022 क, पुरिरवेदा ल)नू ाሰल ቛኋर अपुनू पुरिरवेरवेलr क सथा तिाሰलकर गगदाD कर तिवेवेतिदा Cाሰ नू क, कब्C तिकया गया था िሺCस अनूतिवेभग या अिሺधाकर (रCस्वे) कवेधा6 क आदाश स हस लदार एवे" पुटवेर ቛኋर आवेतिदाक/अतिभयाሹኋ ्ቅ" ० 01 नू्቞ सहI क, कब्C तिदाया गया ह)। तिदानू"क 16.06.2022 क, हnक पुटवेर स+या6कन् रCपु+ ቛኋर अनूतिवेभग या अिሺधाकर क आदाश पुर ቇኋाሰ क,टवेर ग"गसगर था आवेतिदाक/अतिभयाሹኋ नू्቞ सहI क सथा उሹኋ तिवेवेतिदा Cाሰ नू क ाሰ?क तिनूर ቌኔण करनू गया , पुरिरवेदा ल)नू ाሰल उनूक भई च)नू ाሰल, लड़क सत्यािሺस"ह, नूरश िሺस"ह, ाሰक श िሺस"ह एवे" तिनूलश िሺस"ह सभ तिाሰलकर एक रया ह,कर शसकfया काሰ6चर Cनू हgए पुटवेर क सथा हथा-ाሰक्क एवे"  स ाሰरपु ट तिकया िሺCस पुर पुटवेर कf िሺलिሺM तिशकया पुर पुरिरवेदा ल)नू+ ाሰल एवे" उनूक पुरिरवेर क 05 अन्या सदास्या क तिवेरू्ቍ अपुरधा ्ቅ" ० 231/2022 धार 147, 186, 332, 353, 294, 323, 506 भ०दा०स"० पु"C ्ቍ कर उन्हS तिगरफ्र कर चलनू ्ቅ" ० 2627/22 पुश तिकया 5 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} गया ह) C, न्यायालया ाሰS तिवेचरधा नू ह)। ्ቚकरण ाሰ+ल रूपु स Cाሰ नू तिवेवेदा ह,नू पुया गया ह)। पुरिरवेदा वेकfल स तिाሰलकर ढ़ चढ़कर ्ቚत्याक आवेदानू ाሰS झू+ठ एवे" ाሰनूगढ़" थ्या लMकर उच्चिሺधाकरिरयाr क, तिशकया आवेदानू ्ቚस् कर रह ह)। पुरिरवेदा ल)नू+ ाሰल क ड़ दादा तिCउ राሰ क लड़कf धानू ई क दा, स"नू ाሰ नूई एवे" फगनू ई ह) िሺCनूक ቛኋर उሹኋz तिवेवेतिदा Cाሰ नू क, अपुनू ाሰ क ाሰयाक स स""िሺधा ह,नू पुर ्ቅया तिवे्ቅया तिकया ह{ था उሹኋ स""धा ाሰS ्ቚकरण न्यायालया ाሰS चल ह)। ቇኋाሰ ाሰS िሺलM गया वेस या क आधार पुर Cाሰ नू क क,ई भ दास्वेC नूह^ ह)। पुरिरवेदा गण उሹኋ Cाሰ नू क, लकर हाሰश तिवेवेदा कर रह ह{। उሹኋ स""धा ाሰS पुरिरवेदा गण क ቛኋर अनूस+तिच Cति CनूCति आया,ग ाሰS भ झू+ठ आर,पु ्ቚत्यार,पुण तिकया गया ह)। पुरिरवेदा गण क पुरिरवेदा एवे" तिशकया आवेदानू पु्ቔ ्ቚस् कर ቇኋाሰ ण एवे" ्ቚश्नूग Cाሰ नू ्ቅया-तिवे्ቅया करनू वेल ल,गr क, पुरशनू उत्पुቐ኏ कर रह ह{।" थानू तिपुपुरिरया ቛኋर उሹኋ तिशकया C"च ्ቚतिवेदानू क सथा उሹኋ ्ቚतिवेदानू क साሰथा6नू ाሰS C"च स स""िሺधा दास्वेC कf छया्ቚति भ पुश तिकया गया ह) ।" 4. अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण क तिवेቛኋनू अिሺधावेሹኋ नू क6 तिदाया तिक ्ቚर"तिभक सቌኚया स ्ቚथााሰदृ्ቖया ाሰाሰल स्पु्ቖ ्ቚ  ह, ह) । ऐस ቄኌस्थाति ाሰS तिवेचरण न्यायालया क, स"ሺኋनू लकर आवेश्याक कया6वेह करनू चतिहए था , C, नूह^ कf गई । अo ्ቚश्नूधा नू आदाश तिवेिሺधा क दृति्ቖ ाሰS वे)धा और उतिच नूह^ ह) । इंसिሺलए अपु ल क, स्वे कर कर हgए आवेश्याक याथा,तिच आदाश पुरिर तिकया Cनू क तिनूवेदानू तिकया गया ह) । 5. उपुቄኌस्था पुቌኔ क क6 सनू गया और अतिभलM क स+ቌኚाሰपु+वे6क पुरिरश लनू तिकया गया । 6. अपु लथाD/पुरिरवेदा पुቌኔ ቛኋर तिवेचरण न्यायालया क साሰቌኔ यातिचक धार-156(3) दा ्ቚति्ቅया स"तिह क अ"ग6 ्ቚस् कf गई था । इंस स"दाभ6 ाሰS, ाሰनूनू या सवे•च्च न्यायालया 6 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} नू न्यायादृ्ቖ" Priyanka Srivastava and Another v. State of Uttar Pradesh and Others, (2015) 6 SCC 287 ाሰS स्पु्ቖ तिकया ह) तिक धार-156(3) क अ"ग6 ्ቚस् आवेदानू पुर या"्ቔवे अपुरधा पु"C करण क आदाश नूह^ तिदाया Cनू चतिहए । उሹኋ तिनूण6या ाሰS व्याሹኋ अतिभाሰ क" तिक 30 और 31 तिनूम्नूवे ह)o— “30. In our considered opinion, a stage has come in this country where Section 156(3) CrPC applications are to be supported by an affidavit duly sworn by the applicant who seeks the invocation of the jurisdiction of the Magistrate. That apart, in an appropriate case, the learned Magistrate would be well advised to verify the truth and also can verify the veracity of the allegations. This affidavit can make the applicant more responsible. We are compelled to say so as such kind of applications are being filed in a routine manner without taking any responsibility whatsoever only to harass certain persons. That apart, it becomes more disturbing and alarming when one tries to pick up people who are passing orders under a statutory provision which can be challenged under the framework of the said Act or under Article 226 of the Constitution of India. But it cannot be done to take undue advantage in a criminal court as if somebody is determined to settle the scores. 31. We have already indicated that there has to be prior applications under Sections 154(1) and 154(3) while filing a petition under Section 156(3). Both the aspects should be clearly spelt out in the application and necessary documents to that effect shall be filed. The warrant for giving a direction that an application under Section 156(3) be supported by an affidavit is so that 7 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} the person making the application should be conscious and also endeavour to see that no false affidavit is made. It is because once an affidavit is found to be false, he will be liable for prosecution in accordance with law. This will deter him to casually invoke the authority of the Magistrate under Section 156(3). That apart, we have already stated that the veracity of the same can also be verified by the learned Magistrate, regard being had to the nature of allegations of the case. We are compelled to say so as a number of cases pertaining to fiscal sphere, matrimonial dispute/family disputes, commercial offences, medical negligence cases, corruption cases and the cases where there is abnormal delay/laches in initiating criminal prosecution, as are illustrated in Lalita Kumarils are being filed. That apart, the learned Magistrate would also be aware of the delay in lodging of the FIR.” 7. उपुर,ሹኋ न्यायादृ्ቖ" क ्ቚकश ाሰS याह न्यायालया पु ह) तिक तिवेचरण न्यायालया क साሰቌኔ अपु लथाDगण/पुरिरवेदा गण ቛኋर धार-156(3) दा ्ቚति्ቅया स"तिह क अ"ग6 ्ቚस् यातिचक क आधार पुर पुिሺलस ्ቚतिवेदानू ाሰ"गवेनू क उपुर" C, ्ቚश्नूधा नू आदाश पुरिर तिकया गया, उसस स्पु्ቖ ह) तिक उभयापुቌኔ क ाሰध्या ाሰ+लo भ+तिाሰ-स""धा तिवेवेदा ह) और C, व्यावेहर ्ቚकU ति क ह) । इंसक अतिरिरሹኋ, पुटवेर कf तिशकया पुर अपु लथाD/पुरिरवेदा पुቌኔ क तिवेरु्ቍ अपुरधा ्ቅाሰ"क 231/2022 भ पु"C कU  तिकया गया ह) । 8. ऐस दाश ाሰS ाሰाሰल कf स"पु+ण6 पुरिरቄኌस्थातियाr क, दृति्ቖग रM हgए तिवेचरण न्यायालया ቛኋर C, करण लM्ሾ कर यातिचक तिनूरस् कf गई ह) उस ्ቚश्नूधा नू आदाश ाሰS क,ई अवे)धा या अश्ሾ नूह^ ह) । इंसिሺलए उसाሰS हस्ቌኔपु कf आवेश्याक नूह^ पुया C । 8 / 8 {Cr. A. No.-922 of 2024} 9. अo याह अपु ल MरिरC कf C ह) । 10. रिሺCस्ट„ क, तिनूदा…तिश तिकया C ह) तिक इंस आदाश कf ्ቚति याथाश ्ቈ तिवेचरण न्यायालया क, स+चनूथा6 ्ቚति्ቧ तिकया Cए । सह /- (स"Cया क ाሰर Cयासवेल) न्यायाधा श पु,ाሰनू