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High Court of Chhattisgarh · body

2023 DAILYLAW 750 (CHH)

AMIT KUMAR SAHU v. STATE OF CHHATTISGARH

CRA/368/2023 · 2026-01-27

Shri Sanjay Kumar Jaiswal

body2023

Judgment text

Extracted from the PDF above. The PDF is authoritative.

1 / 6 {Cr. A. No.-368 of 2023} 2026:CGHC:4773 अप्रतिवेद्य छत्ती सगढ़ उच्च न्यायालया , तिलसपुर दाण्डिक अपु ल क्रमां"क -368 /2023 1. अतिमां क मांर सहू+ तिपु-तिकशनलल सहू+, उम्र-लगभग 24 वेर्ष2, तिनवेस -पुनग"वे, पुलिलस थान-पुमांगढ़, लि5ल-5"5ग र चम्पु, छत्ती सगढ़ -----अपु लथा7/अतिभयाक्त तिवेरूद्घ  छत्ती सगढ़ रज्या, द्वार थान प्रभर , पुलिलस थान-पुमांगढ़, लि5ल-5"5ग र चम्पु, छत्ती सगढ़ -----उत्तीरवेदा /रज्या अपु लथा7/अतिभयाक्त द्वार : श्री हूरिरओमां रया, अलिAवेक्त । उत्तीरवेदा /रज्या द्वार : श्री आकश अग्रवेल, पुEनल अलिAवेक्त । मांनन या न्यायामांFति2 श्री स"5या क मांर 5यासवेल , न्यायाA श !! तिनर्ण2या पु ठ पुर पुरिर !! 28/01/2026 1. दा प्रतिक्रया स"तिहू, 1973 कM Aर-374 (2) क हू प्रस् इस दाण्डिक अपु ल मांR तिवेचरर्ण न्यायालया-अपुर सत्र न्यायाA श (एफ.टी .स .), 5"5ग र, लि5ल-5"5ग र POMAN DEWANGAN Digitally signed by POMAN DEWANGAN Date: 2026.01.29 10:39:34 +0530 2 / 6 {Cr. A. No.-368 of 2023} चम्पु, छत्ती सगढ़ द्वार सत्र प्रकरर्ण क्रमां"क-07/2022 “छत्ती सगढ़ रज्या तिवेरूद्घ अतिमां क मांर सहू+” मांR पुरिर तिनर्ण2या तिदान"क-25/01/2023 क[ चन\ दा गई हूE । लि5सक हू अपु लथा7/अतिभयाक्त क[ तिनम्ननसर दा[र्षलिसद्ध कर दाण्डि तिकया गया हूE । लि5स आग स"क्षेपु मांR “प्रश्नA न तिनर्ण2या” स स"[लिA तिकया 5 रहू हूEa- दा[र्षलिसतिद्ध दादाश Aर-376(2)(ढ) भर या दा स"तिहू, 1860 10 वेर्ष2 क सश्रीमां करवेस एवे" 5,000/- रूपुया क अथा2दा था अथा2दा रतिश अदा न करन कM दाश मांR 100 तिदान क अतिरिरक्त सश्रीमां करवेस कM स5 । 2. अतिभया[5न क मांमांल स"क्षेपु मांR इस प्रकर हूE तिक 24 वेर्ष7या अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) क अतिभयाक्त स वेर्ष2-2019 मांR फ सक क मांध्यामां स पुरिरचया हूeआ, लि5सक पुश्च दा[नf क मांध्या तिनयातिमां रूपु स फ[न पुर च  हू[न लग । च  क दा\रन अतिभयाक्त न स्वेया" क[ पुलिलस तिवेभग, रयापुर मांR पुदास्था हू[न या । अतिभयाक्त न अतिभया[क्त्र स तिवेवेहू करन क आश्वेसन दा हूeए था कसमां खाकर, उसकM इच्छ क तिवेरुद्ध 5रन शर रिरक स""A स्थातिपु तिकया और त्पुश्च तिवेवेहू क भर[स तिदालकर लगर उसक सथा शर रिरक स""A न रहू । 5 अतिभया[क्त्र द्वार तिवेवेहू करन क लिलए कहू गया,  अतिभयाक्त क छ समांया रुकन कM  कहूकर टीलमांटी[ल कर रहू और याहू कहू रहू तिक पुरिरवेर5नf क[ सहूमां कर लन क पुश्च वेहू तिवेवेहू करग । दा मांR अतिभयाक्त न तिवेवेहू करन स स्पुष्ट रूपु स इनकर कर हूeए याहू भ कहू तिक वेहू पुलिलस तिवेभग मांR कया2र हूE और उसक क[ई क छ नहूl तिगड़ सक, अa अतिभया[क्त्र क[ 5[ करन हू[ कर ल । त्पुश्च अतिभया[क्त्र द्वार अपुन पुरिर5नf क[ स"पुFर्ण2 घटीन कM 5नकर दा गई और 3 / 6 {Cr. A. No.-368 of 2023} तिदान"क 24/08/2021 क[ थान पुमांगढ़ मांR प्रदाश2 पु -2 क रूपु मांR लिललिखा तिशकया प्रस् कM गई, लि5स पुर प्रथामां सFचन पुत्र प्रदाश2 पु -3 पु"5 द्ध तिकया गया । तिवेवेचन क दा\रन अतिभया[क्त्र क तिचतिकत्स या पुर क्षेर्ण करया गया, Eयार स्लइ क[ रसयातिनक पुर क्षेर्ण हू भ5 गया, घटीनस्थाल क मां\क-नक्श Eयार तिकया गया, सतिक्षेयाf क यान लिलए गए था स"पुFर्ण2 तिवेवेचन उपुर" अतिभया[ग-पुत्र प्रस् तिकया गया । 3. तिवेचरर्ण क दा\रन आर[पु क प्रमांर्णन हू अतिभया[5न कM ओर स अपुन पुक्षे समांथा2न मांR क ल 07 सतिक्षेयाf क पुर क्षेर्ण करया गया था 19 दास्वे5 प्रदातिश2 तिचन्हू"तिक करए गए । Aर 313 दा प्रतिक्रया स"तिहू क हू कथान मांR अतिभयाक्त न अपुन तिवेपुर  आए सतिक्षेयाf क कथानf स इ"कर कर हूeए स्वेया" क[ तिनदाoर्ष हू[न या था चवे मांR तिकस सक्षे क पुर क्षेर्ण नहूl करया । त्पुश्च उभयापुक्षे क[ सन 5कर तिवेचरर्ण न्यायालया द्वार अपु लथा7/अतिभयाक्त क[ इस तिनर्ण2या कM कण्डिक-1 क अनसर दा[र्षलिसद्ध कर दाण्डि तिकया गया हूE । लि5स इस अपु ल मांR चन\ दा गई हूE । 4. अपु लथा7/अतिभयाक्त पुक्षे क तिवेद्वान अलिAवेक्त क क2 हूE तिक अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) लगभग 24 वेर्ष7या वेयास्क मांतिहूल हूE, 5[ एमां.ए. क तिशतिक्षे हूE था रमां मांEग्नैEटी[ मांqल, तिलसपुर मांR कया2र भ रहू हूE । अतिभया[क्त्र क अपु लथा7/अतिभयाक्त स दाFर क पुरिरवेरिरक स""A भ हूE । अतिभया[क्त्र स"पुFर्ण2 घटीनक्रमां मांR पुFर्ण2a सहूमां पुक्षे रहू हूE, 5[ उसक स"पुFर्ण2 सक्ष्या स स्पुष्ट रूपु स पुरिरलतिक्षे हू[ हूE । इसक वे5Fदा तिवेचरर्ण न्यायालया द्वार उनक सक्ष्या कM उतिच रूपु स समां क्षे न कर हूeए अपु लथा7/अतिभयाक्त क[ त्रतिटीपुFवे2क दा[र्षलिसद्ध कर दाण्डि तिकया गया हूE । “प्रश्नA न तिनर्ण2या” ण्डिस्थार रखा 5न या[ग्या नहूl हूE । अa अपु ल स्वे कर कर उस दा[र्षमांक्त तिकया 5या । 4 / 6 {Cr. A. No.-368 of 2023} 5. उत्तीरवेदा /शसन पुक्षे कM ओर स उपुण्डिस्था तिवेद्वान अलिAवेक्त न इस अपु ल क तिवेर[A कर हूeए क2 तिकया हूE तिक अतिभया[5न सतिक्षेयाf न पुFर्ण2 रूपु स अतिभया[5न मांमांल क समांथा2न तिकया हूE लि5नपुर अतिवेश्वेस तिकया 5न क क[ई करर्ण नहूl हूE । तिवेचरर्ण न्यायालया क “प्रश्नA न तिनर्ण2या” सक्ष्या कM उतिच समां क्षे पुर आAरिर हूE । अतिभया[5न न अपु लथा7 क तिवेरूद्घ अपुन मांमांल स"दाहू स पुर प्रमांतिर्ण तिकया हूE । अपु लथा7 पुक्षे द्वार अपु ल मांR उठया गया क2 स्वे कर या[ग्या नहूl हूE । अa अपु ल खारिर5 तिकया 5या । 6. उभयापुक्षे क क2 सन गया और अतिभलखा क सFक्ष्मांपुFवे2क पुरिरश लन तिकया गया । 7. अतिभलखा पुर उपुलब्A स"पुFर्ण2 सक्ष्या क पुरिरश लन स याहू स्पुष्ट हू[ हूE तिक अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) लगभग 24 वेर्ष7या वेयास्क मांतिहूल हूE । लिललिखा तिशकया प्रदाश2 पु -2 क आAर पुर पु"5 द्ध प्रथामां सFचन पुत्र प्रदाश2 पु -3 क अनसर, कलिथा घटीन तिदान"क 22/06/2020 स 31/07/2021 क मांध्या कM ई गई हूE । अतिभया[क्त्र एमां.ए. क तिशतिक्षे हूE था उसन अपुन कथान मांR याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक वेहू रमां मांEग्नैटी[ मांqल, तिलसपुर मांR कया2र था । इस प्रकर स"पुFर्ण2 अतिभया[5न मांमांल मांR अतिभया[क्त्र हू एकमांत्र मांख्या एवे" मांहूत्वेपुFर्ण2 सक्षे हूE, था अतिभया[5न क स"पुFर्ण2 प्रकरर्ण मांख्याa उस क कथान पुर आAरिर हूE । 8. न्यायालया न यान मांR अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) न अपुन लिललिखा तिशकया प्रदाश2 पु -2 कM पुतिष्ट कर हूeए याहू कथान तिकया हूE तिक अतिभयाक्त उसक दाFर क रिरश्दार एवे" पुरिरतिच था था उसन तिवेवेहू क आश्वेसन दाकर उसक सथा शर रिरक स""A स्थातिपु तिकए । उसन याहू भ कहू तिक 5 उसन अतिभयाक्त स तिवेवेहू करन क लिलए कहू,  अतिभयाक्त न दा मांR तिवेवेहू स इनकर कर तिदाया । प्रतिपुर क्षेर्ण क दा\रन अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) न याहू 5 / 6 {Cr. A. No.-368 of 2023} स्वे कर तिकया हूE तिक 5 अतिभयाक्त उसस तिमांलन उसक घर आया था, उस समांया घर मांR उसक मां-तिपु, छ[टी हून, भ 5-भ 5 आतिदा उपुण्डिस्था था, थातिपु उसन 5रन घर मांR शर रिरक स""A स्थातिपु करन क तिवेर्षया मांR तिकस क[ भ क[ई 5नकर नहूl दा था । उसन याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक अतिभयाक्त क[ उसक पुरिर5न पुFवे2 स 5न था । अतिभया[क्त्र न याहू स्वे कर तिकया हूE तिक उसन न [ अतिभयाक्त क तिवेरुद्ध अपुन पुरिर5नf स क[ई तिशकया कM और न हू शर रिरक स""A स्थातिपु हू[न क पुश्च अतिभयाक्त स च  "दा कM, अतिपु उनक मांध्या फ[न पुर तिनयातिमां रूपु स च  हू[ रहू । 9. अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) न याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक अतिभयाक्त क सथा क-क शर रिरक स""A न, उसकM तिलिथायाv उस स्मांरर्ण नहूl हूw । अतिभया[क्त्र न याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक तिदान"क 15/07/2021 क[, 5 उसक 5न्मांतिदान था, अतिभयाक्त तिलसपुर ण्डिस्था उसक तिकरया क मांकन मांR आया था और उसस शर रिरक स""A स्थातिपु तिकए था, लि5सकM भ उसन उस समांया क[ई तिशकया नहूl कM था । कण्डिक-11 मांR अतिभया[क्त्र न याहू स्वे कर तिकया हूE तिक वेहू और अतिभयाक्त एक-दाFसर स प्रमां कर था था उसकM सहूमांति स शर रिरक स""A स्थातिपु हू[ था, तिक"  आग अपुन कथान मांR उसन याहू भ कहू हूE तिक अतिभयाक्त द्वार तिवेवेहू क आश्वेसन तिदाए 5न क करर्ण उसन सहूमांति प्रदान कM था । उसन याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक वेहू अतिभयाक्त स तिमांलन रयापुर गई था , हूल"तिक उसन याहू नहूl या तिक वेहू तिकस तिलिथा क[ रयापुर गई था । उसन याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक अतिभयाक्त द्वार तिवेतिभन्न तिलिथायाf मांR फ[न-पु क मांध्यामां स उस लगभग ₹25,000/- कM रतिश दा गई था । अतिभया[क्त्र न याहू भ स्वे कर तिकया हूE तिक अतिभयाक्त स .एफ. मांR कया2र हूE था उसन स्वेया" प्रदाश2 पु -2 कM लिललिखा तिशकया तिलसपुर मांR एक अलिAवेक्त क मांध्यामां स टीइपु करकर प्रस् कM था । इसक अतिरिरक्त उसन याहू भ स्वे कर तिकया हूE 6 / 6 {Cr. A. No.-368 of 2023} तिक उसन कलिथा घटीन क स""A मांR कभ भ अपुन आस-पुड़[स मांR तिकस क[ क[ई 5नकर नहूl दा था । 10. उपुर[क्त सक्ष्या क आAर पुर याहू न्यायालया पु हूE तिक अतिभया[क्त्र (अ.स.-2) 24 वेर्ष7या वेयास्क मांतिहूल हूE था अतिभयाक्त क सथा 5[ भ शर रिरक स""A स्थातिपु हूeए हूw, वेहू उसकM सहूमांति स स्थातिपु हूeए हूw । इस प्रकर अतिभया[क्त्र एक सहूमां पुक्षे रहू हूE । 11. ऐस ण्डिस्थाति मांR, अपु लथा7 कM दा[र्षलिसतिद्ध और दादाश क तिनर्ण2या ण्डिस्थार रखा 5न या[ग्या नहूl पुया 5 । अa अपु ल स्वे कर कM 5 हूE । “प्रश्नA न दा[र्षलिसतिद्ध वे दादाश” क तिनर्ण2या अपुस् तिकया 5 हूE था अपु लथा7 क[ दा[र्षमांक्त तिकया 5 हूE । 12. अपु लथा7 अतिमां क मांर सहू+ क[ 5मांन पुर या गया हूE । दा प्रतिक्रया स"तिहू, 1973 कM Aर-437 (क) क हू उसक 5मांन-मांचलक और 06 मांहू क लिलए प्रभवेश ल रहूग त्पुश्च{ अन्या न्यायालया मांR उपुण्डिस्था हू[न कM आवेश्याक न रहून पुर मांक्त समांझा 5याग । 13. तिनर्ण2या कM प्रति क सथा तिवेचरर्ण न्यायालया क[ मांFल अतिभलखा आवेश्याक कया2वेहू हू सFचनथा2 एवे" पुलनथा2 श घ्रपुFवे2क वेपुस प्रतिर्ष हू[ । सहू /- (स"5या क मांर 5यासवेल) न्यायाA श पु[मांन